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Chamba News: पांचवी की पढ़ाई के साथ सैलानियों को भी स्वच्छता का पाठ पढ़ा रहा अरनव

Tue, 04 Jun 2024 10:19 PM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा Updated Tue, 04 Jun 2024 10:19 PM IST
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Along with his fifth grade studies, Arnav is also teaching cleanliness lessons to tourists.
चंबा में डलहौजी के डेनकुंड के पास खाली प्ला​स्टिक की बोतलों को इकट्टठा करता अरनव कुमार।संवाद
विशाल आनंद
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डलहौजी (चंबा)। पांचवीं कक्षा में पढ़ने वाला 11 साल का अरनव दिन में खुद पढ़ाई करने के बाद शाम को सैलानियों को पर्यावरण स्वच्छ रखने का पाठ पढ़ा रहा है।
अरनव पर्यटन नगरी डलहौजी के पर्यटन स्थल डैनकुंड में आने वाले पर्यटकों की रोजाना क्लास लेता है। साथ ही उनसे डैनकुंड के आसपास क्षेत्र में गंदगी न फैलाने की भी अपील करता है। नसीहत देता है कि कूड़े को कूड़ेदान में ही डालें। इसे इधर-उधर फेंक कर गंदगी न फैलाएं। पर्यटक भी छोटे बालक की बात सुनकर मुस्कुराते हैं और उससे दोबारा ऐसा न करने की वादा कर जाते हैं। रखेड़ निवासी अरनव के पिता रिंकु कुमार पोल्हाणी माता मंदिर के समीप दुकान चलाते हैं। पर्यटन नगरी डलहौजी के डैनकुंड में रोजाना सैकड़ों सैलानी घूमने के लिए आते हैं। पर्यटक अपने साथ पानी बोतलें और खाने-पीने का सामान भी लाते हैं। जाते समय खाली बोतलें और चिप्स आदि के रैपर बिखेरकर चले जाते हैं। यह बात पांचवीं में पढ़ने वाले अरनव को पसंद नहीं आती। इसीलिए रोजाना वह स्कूल से छुट्टी के बाद डैनकुंड स्थित पोहलानी माता के मंदिर में पहुंच जाता है। सबसे पहले वहां बिखरे कूड़े-कचरे और खाली बोतलों को एकत्रित कर कूड़ेदान में डालता है। इसके बाद सैलानियों को जागरूक करता है।
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हरी-भरी पहाड़ी में जहां पर भी उसे खाली बोतल या अन्य कूड़ा दिखता है, उसे उठाकर एक स्थान पर लाकर इकट्ठा कर लेता है। इसके बाद इसे कूड़ेदान में डाल देता है। पर्यटन सीजन शुरू होने के बाद से अरनव यह मुहिम चला रहा है।
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डैनकुंड पर्यटन नगरी डलहौजी का एक ऐसा क्षेत्र है, जहां सबसे ज्यादा सैलानी पहाड़ों की खूबसूरती को निहारने के लिए पहुंचते हैं। देवदारों से घिरे पहाड़ों को देख सैलानी काफी आनंदित होते हैं। अरनव ने बताया कि वह अपने क्षेत्र को स्वच्छ और सुंदर देखना चाहता है। इसके लिए वह रोजाना कूड़ा-कर्कट उठाता है। सैलानियों को भी गंदगी न फैलाने के लिए जागरूक करता है। संवाद

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