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खनियारा हादसे में बुझे दो घरों के चिराग
Updated Wed, 20 Dec 2017 10:49 PM IST
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accident shimla
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शशि धीमान
सिहुंता (चंबा)। दोस्त संग धर्मशाला की वादियों में घूमने निकले पांच युवकों को कभी न भरने वाले जख्म मिले हैं। दो दोस्त अब इस दुनिया में नहीं है, जबकि तीन जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहे हैं। खनियारा के साथ लगते खड़ौता में एक कार के 150 मीटर गहरी खाई में गिरने से लेफ्टिनेंट सहित एक प्रशिक्षु इंजीनियर की मौत हो गई है। यह दर्दनाक हादसा मंगलवार को पेश आया। प्रशिक्षु इंजीनियर अभिनव (23) पुत्र अशोक निवासी सिहुंता ने क्षेत्रीय अस्पताल धर्मशाला में दम तोड़ा। जबकि गंभीर रूप से घायल सिंहुता निवासी लेफ्टिनेंट मुनीष (26) की टांडा ले जाते समय रास्ते में मौत हो गई। दोनों युवकों की मौत की खबर से सिहुंता परिक्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। वहीं, अभिनव और मुनीष के परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है।
जानकारी अनुसार दो साल पहले ही मुनीष एनडीए की परीक्षा पास कर लेफ्टिनेंट बने थे। सिक्किम में सेवाएं दे रहा मुनीष बीते दो सालों से परिवार के सदस्यों से नहीं मिला था। दो दिन पहले ही मुनीष बीस दिन की छुट्टी लेकर घर पहुंचा था। मंगलवार को दोस्तों के साथ धर्मशाला में घूमने की योजना बनी। एक तरफ जहां लेफ्टिनेंट मुनीष कुमार धर्मशाला घूमने निकला तो वहीं दूसरी और मुनीष के पिता ईश्वर सिंह (जो आर्मी से बतौर सूबेदार सेवानिवृत्त थे) का चंडीगढ़ में बुधवार को हार्ट आपरेशन था। मगर जैसे ही उन्हें चंडीगढ़ के अस्पताल में बेटे की हादसे में मौत होने की सूचना मिली तो उनके पांव तले जमीन ही खिसक गई और वह ऑपरेशन की तिथि रद्द करवाकर धर्मशाला पहुंचे। दोनों युवकों की मौत पर अब परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है। इस दर्दनाक हादसे के बाद पूरे इलाके में मातम छा गया है। वहीं मुनीष कुमार ईश्वर सिंह का इकलौता बेटा था। जबकि मुनीष की दो बहनें है। इनमें से एक विवाहित है और दूसरी अभी तक कुंवारी है। पिता आर्मी से सेवानिवृत्त हैं और माता लज्जो देवी कुशल गृहणी है। वहीं अभिनव के बड़े भाई ने हाल ही में एमबीए की पढ़ाई पूरी की है। जबकि पिता राशन डिपु चलाकर अपने परिवार का पालन पोषण कर रहे हैं। कुल मिलाकर इस दर्दनाक हादसे ने परिजनों को कभी ना भरने वाला जख्म दे दिया है।
सिहुंता (चंबा)। दोस्त संग धर्मशाला की वादियों में घूमने निकले पांच युवकों को कभी न भरने वाले जख्म मिले हैं। दो दोस्त अब इस दुनिया में नहीं है, जबकि तीन जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहे हैं। खनियारा के साथ लगते खड़ौता में एक कार के 150 मीटर गहरी खाई में गिरने से लेफ्टिनेंट सहित एक प्रशिक्षु इंजीनियर की मौत हो गई है। यह दर्दनाक हादसा मंगलवार को पेश आया। प्रशिक्षु इंजीनियर अभिनव (23) पुत्र अशोक निवासी सिहुंता ने क्षेत्रीय अस्पताल धर्मशाला में दम तोड़ा। जबकि गंभीर रूप से घायल सिंहुता निवासी लेफ्टिनेंट मुनीष (26) की टांडा ले जाते समय रास्ते में मौत हो गई। दोनों युवकों की मौत की खबर से सिहुंता परिक्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। वहीं, अभिनव और मुनीष के परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है।
जानकारी अनुसार दो साल पहले ही मुनीष एनडीए की परीक्षा पास कर लेफ्टिनेंट बने थे। सिक्किम में सेवाएं दे रहा मुनीष बीते दो सालों से परिवार के सदस्यों से नहीं मिला था। दो दिन पहले ही मुनीष बीस दिन की छुट्टी लेकर घर पहुंचा था। मंगलवार को दोस्तों के साथ धर्मशाला में घूमने की योजना बनी। एक तरफ जहां लेफ्टिनेंट मुनीष कुमार धर्मशाला घूमने निकला तो वहीं दूसरी और मुनीष के पिता ईश्वर सिंह (जो आर्मी से बतौर सूबेदार सेवानिवृत्त थे) का चंडीगढ़ में बुधवार को हार्ट आपरेशन था। मगर जैसे ही उन्हें चंडीगढ़ के अस्पताल में बेटे की हादसे में मौत होने की सूचना मिली तो उनके पांव तले जमीन ही खिसक गई और वह ऑपरेशन की तिथि रद्द करवाकर धर्मशाला पहुंचे। दोनों युवकों की मौत पर अब परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है। इस दर्दनाक हादसे के बाद पूरे इलाके में मातम छा गया है। वहीं मुनीष कुमार ईश्वर सिंह का इकलौता बेटा था। जबकि मुनीष की दो बहनें है। इनमें से एक विवाहित है और दूसरी अभी तक कुंवारी है। पिता आर्मी से सेवानिवृत्त हैं और माता लज्जो देवी कुशल गृहणी है। वहीं अभिनव के बड़े भाई ने हाल ही में एमबीए की पढ़ाई पूरी की है। जबकि पिता राशन डिपु चलाकर अपने परिवार का पालन पोषण कर रहे हैं। कुल मिलाकर इस दर्दनाक हादसे ने परिजनों को कभी ना भरने वाला जख्म दे दिया है।
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