{"_id":"59e798b54f1c1bd9538b825a","slug":"131508350133-chamba-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"आजादी के बाद भी चुराह के पांच दर्जन गांवों को नसीब नहीं हुई भाग्य रेखा ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आजादी के बाद भी चुराह के पांच दर्जन गांवों को नसीब नहीं हुई भाग्य रेखा
Updated Wed, 18 Oct 2017 11:45 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
तीसा (चंबा)। सड़कों को भाग्य रेखाओं से जोड़ा जाता है। सड़क का निर्माण होने के बाद ही विकास की गति बढ़ती है। लेकिन, चुराह उपमंडल ऐसा नहीं है। यहां के करीब पांच दर्जन गांव अभी तक सड़क सुविधा से महरूम हैं। सड़कों का निर्माण न होने के चलते ग्रामीण आज भी पीठ पर सामान लादकर अपने घरों तक पहुंचा रहे हैं। सरकार सड़कों के निर्माण को लेकर चुनावी वादे तो बहुत करती है। लेकिन चुनाव जीत जाने के बाद सड़क सुविधा से जोड़ने के दावे हवा हो जाते हैं।
हर बार विस चुनावों में चुराह विस क्षेत्र की सड़कें बड़ा मुद्दा रहती हैं। लेकिन, राजनीतिक दलों के नुमाइंदे अपने वादों को पूरा नहीं कर पाते हैं। चुराह उपमंडल के करीब छह दर्जन गांव आज भी सड़क सुविधा से वंचित हैं। इन गांवों के लिए अब तक सड़क एक सपना है। इस सपने के साकार होने का ग्रामीण इंतजार कर रहे हैं। नुमाइंदों की नजरअंदाजी इन ग्रामीणों पर भारी पड़ रही है। उपमंडल के तहत आते गांव सगलोगा, सलाहन, टटरोग, दुदरा, लुइंडा, हलोगा, मेहशा, कठला, मतियूंड, हैल, चंदरू, पिसोग, गुंगीयास, ओला, बणयोगा सहित करीब पांच दर्जन गांव आज भी सड़क सुविधा से अछूते हैं। इसके चलते ग्रामीणों को काफी दिक्कतें उठानी पड़ रही हैं।
ग्रामीणों में उमेद्य सिंह, चैनो राम, पूर्ण चंद, बलदेव चंद, राजो राम, राम सिंह, नेक राज, देसो राम, पसरभिया राम, धनिया राम, प्रहलाद सिंह, अमकार सिंह, सतीश कुमार का कहना है कि सड़क उनके लिए एक सपना है। इस सपने को साकार क्षेत्र के नेतागण नहीं कर पाए हैं। सड़क के अभाव में आज भी उन्हें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। आज भी सरकारी सुविधाओं का उन्हें कोई लाभ नहीं मिल पा रहा है।
विज्ञापन
सड़क के लिए हरसंभव प्रयास किया : हंसराज
चुराह के विधायक हंसराज का कहना है कि उपमंडल के अधिकतर गांवों को सड़क सुविधा से जोड़ने के लिए हरसंभव प्रयास किया गया है। कहा कि अधिकतर गांवों में सड़क निर्माण कार्य चल रहा है। जबकि कुछेक गांवों में सड़क का निर्माण कार्य औपचारिकताएं पूरा होने के चलते लटका हुआ है।
लोगों को सहयोग बेहद जरूरी : हर्ष पुरी
लोक निर्माण विभाग तीसा के अधिशाषी अभियंता हर्ष पुरी का कहना है कि सड़कों के निर्माण के लिए लोगों का सहयोग बेहद जरूरी है। कहा कि कुछेक सड़कों का निर्माण कार्य औपचारिकताएं पूरी न होने के चलते लटका हुआ है। कहा कि लोग अगर इन औपचारिकताओं को पूरा करवाने में सहयोग करते हैं तो उपमंडल में सड़कों को निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा।
विज्ञापन
हर बार विस चुनावों में चुराह विस क्षेत्र की सड़कें बड़ा मुद्दा रहती हैं। लेकिन, राजनीतिक दलों के नुमाइंदे अपने वादों को पूरा नहीं कर पाते हैं। चुराह उपमंडल के करीब छह दर्जन गांव आज भी सड़क सुविधा से वंचित हैं। इन गांवों के लिए अब तक सड़क एक सपना है। इस सपने के साकार होने का ग्रामीण इंतजार कर रहे हैं। नुमाइंदों की नजरअंदाजी इन ग्रामीणों पर भारी पड़ रही है। उपमंडल के तहत आते गांव सगलोगा, सलाहन, टटरोग, दुदरा, लुइंडा, हलोगा, मेहशा, कठला, मतियूंड, हैल, चंदरू, पिसोग, गुंगीयास, ओला, बणयोगा सहित करीब पांच दर्जन गांव आज भी सड़क सुविधा से अछूते हैं। इसके चलते ग्रामीणों को काफी दिक्कतें उठानी पड़ रही हैं।
विज्ञापन
ग्रामीणों में उमेद्य सिंह, चैनो राम, पूर्ण चंद, बलदेव चंद, राजो राम, राम सिंह, नेक राज, देसो राम, पसरभिया राम, धनिया राम, प्रहलाद सिंह, अमकार सिंह, सतीश कुमार का कहना है कि सड़क उनके लिए एक सपना है। इस सपने को साकार क्षेत्र के नेतागण नहीं कर पाए हैं। सड़क के अभाव में आज भी उन्हें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। आज भी सरकारी सुविधाओं का उन्हें कोई लाभ नहीं मिल पा रहा है।
विज्ञापन
सड़क के लिए हरसंभव प्रयास किया : हंसराज
चुराह के विधायक हंसराज का कहना है कि उपमंडल के अधिकतर गांवों को सड़क सुविधा से जोड़ने के लिए हरसंभव प्रयास किया गया है। कहा कि अधिकतर गांवों में सड़क निर्माण कार्य चल रहा है। जबकि कुछेक गांवों में सड़क का निर्माण कार्य औपचारिकताएं पूरा होने के चलते लटका हुआ है।
लोगों को सहयोग बेहद जरूरी : हर्ष पुरी
लोक निर्माण विभाग तीसा के अधिशाषी अभियंता हर्ष पुरी का कहना है कि सड़कों के निर्माण के लिए लोगों का सहयोग बेहद जरूरी है। कहा कि कुछेक सड़कों का निर्माण कार्य औपचारिकताएं पूरी न होने के चलते लटका हुआ है। कहा कि लोग अगर इन औपचारिकताओं को पूरा करवाने में सहयोग करते हैं तो उपमंडल में सड़कों को निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा।