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लख्रीमपुर खीरी की घटना के तीसरे गवाह को भी मिली सुरक्षा
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बिलासपुर (रामपुर)। सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर उच्चाधिकारियों ने लखीमपुर खीरी कांड के तीसरे गवाह गुरजीत सिंह कोटिया को भी सुरक्षा उपलब्ध करा दी है। जबकि अभी एक और गवाह सुरक्षा के लिए इंतजार कर रहा है।
तराई किसान संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष तेजेंद्र सिंह विर्क ने बताया कि तीन अक्तूबर 2021 को वह किसान आंदोलन के दौरान अपने तमाम साथियों के साथ लखीमपुर खीरी गए थे। वहां लखीमपुर खीरी के तिकुनिया में हुई घटना में वह और कोतवाली क्षेत्र के ग्राम इंदरपुर निवासी गुरजीत सिंह कोटिया, खजुरिया थाना क्षेत्र के ग्राम भुकसौरा निवासी हरदीप सिंह तथा सीमांत प्रदेश उत्तराखंड के जिला उधमसिंह नगर के कस्बा दिनेशपुर निवासी हरपाल सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए थे। वे चारों उक्त घटना के चश्मदीद गवाह हैं। सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर उन्हें पूर्व में ही सुरक्षा मिल गई थी। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट के आदेशों का अनुपालन कराते हुए उच्चाधिकारियों ने कुछ दिन पहले एक अन्य गवाह हरदीप सिंह के साथ हुई मारपीट की घटना के बाद हरदीप सिंह को भी सुरक्षा व्यवस्था मुहैया करा दी थी। अब लखीमपुर खीरी घटना के तीसरे गवाह गुरजीत सिंह कोटिया को भी सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध करा दी है। जबकि अभी हरपाल सिंह को सुरक्षा नहीं मिल सकी है।
उन्होंने यह भी बताया कि सीमांत जिला बरेली के कस्बा बहेड़ी निवासी तीन अन्य किसान भी चश्मदीद गवाह हैं, वे भी घायल हुए थे। प्रशासन ने उन्हें भी अभी तक कोई सुरक्षा उपलब्ध नहीं कराई है। हरदीप सिंह के हमलावरों के शस्त्र लाइसेंस पुलिस प्रशासन ने अभी तक निरस्त नहीं किए हैं। यह बात वह सुप्रीम कोर्ट में रखेंगे।
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उधर, कोतवाली प्रभारी तेजवीर सिंह ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट व उच्चाधिकारियों के आदेश पर गवाह गुरजीत सिंह कोटिया को सुरक्षा उपलब्ध करा दी गई है।
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तराई किसान संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष तेजेंद्र सिंह विर्क ने बताया कि तीन अक्तूबर 2021 को वह किसान आंदोलन के दौरान अपने तमाम साथियों के साथ लखीमपुर खीरी गए थे। वहां लखीमपुर खीरी के तिकुनिया में हुई घटना में वह और कोतवाली क्षेत्र के ग्राम इंदरपुर निवासी गुरजीत सिंह कोटिया, खजुरिया थाना क्षेत्र के ग्राम भुकसौरा निवासी हरदीप सिंह तथा सीमांत प्रदेश उत्तराखंड के जिला उधमसिंह नगर के कस्बा दिनेशपुर निवासी हरपाल सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए थे। वे चारों उक्त घटना के चश्मदीद गवाह हैं। सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर उन्हें पूर्व में ही सुरक्षा मिल गई थी। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट के आदेशों का अनुपालन कराते हुए उच्चाधिकारियों ने कुछ दिन पहले एक अन्य गवाह हरदीप सिंह के साथ हुई मारपीट की घटना के बाद हरदीप सिंह को भी सुरक्षा व्यवस्था मुहैया करा दी थी। अब लखीमपुर खीरी घटना के तीसरे गवाह गुरजीत सिंह कोटिया को भी सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध करा दी है। जबकि अभी हरपाल सिंह को सुरक्षा नहीं मिल सकी है।
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उन्होंने यह भी बताया कि सीमांत जिला बरेली के कस्बा बहेड़ी निवासी तीन अन्य किसान भी चश्मदीद गवाह हैं, वे भी घायल हुए थे। प्रशासन ने उन्हें भी अभी तक कोई सुरक्षा उपलब्ध नहीं कराई है। हरदीप सिंह के हमलावरों के शस्त्र लाइसेंस पुलिस प्रशासन ने अभी तक निरस्त नहीं किए हैं। यह बात वह सुप्रीम कोर्ट में रखेंगे।
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उधर, कोतवाली प्रभारी तेजवीर सिंह ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट व उच्चाधिकारियों के आदेश पर गवाह गुरजीत सिंह कोटिया को सुरक्षा उपलब्ध करा दी गई है।