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Bilaspur News: औद्योगिक क्षेत्र बिलासपुर की सड़कें बदहाल, गड्ढों में तब्दील हुआ सफर

Sat, 18 Jul 2026 12:20 AM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Sat, 18 Jul 2026 12:20 AM IST
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Roads in the Bilaspur industrial area are in a dilapidated state; the journey has turned into a ride through potholes.
खस्ताहाल औद्योगिक क्षेत्र बिलासपुर की सड़क। संवाद
नालियों जैसी हालत में पहुंची सड़क, दोपहिया वाहन चालक जान जोखिम में डालकर कर रहे सफर
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फैक्ट्रियों, गोदामों और चांदपुर जाने वाले लोगों की बढ़ी परेशानी, हादसों का बना रहता है खतरा

संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। औद्योगिक क्षेत्र बिलासपुर की सड़कें लंबे समय से बदहाली की मार झेल रही हैं। कभी उद्योगों और लोगों की आवाजाही का प्रमुख मार्ग रही यह सड़क अब जगह-जगह टूटकर गड्ढों में बदल चुकी है। हालात यह हैं कि कई हिस्सों में सड़क की हालत नालियों जैसी हो गई है। बारिश के बाद गड्ढों में पानी भर जाता है और वाहन चालकों को यह तक पता नहीं चलता कि कहां सड़क है और कहां गड्ढा। इस मार्ग से रोजाना सैकड़ों वाहन गुजरते हैं।
औद्योगिक क्षेत्र होने के कारण यहां स्थित फैक्ट्रियों, गोदामों और व्यापारिक इकाइयों में आने-जाने वाले भारी वाहनों की संख्या अधिक रहती है। ट्रक, पिकअप, छोटे मालवाहक वाहन और निजी वाहन दिनभर इस सड़क का इस्तेमाल करते हैं। इसके अलावा चांदपुर की ओर जाने वाले लोग भी इसी मार्ग से आवाजाही करते हैं। ऐसे में सड़क की खराब हालत से आम लोगों के साथ-साथ उद्योगों से जुड़े लोगों को भी परेशानी उठानी पड़ रही है। सड़क की सबसे ज्यादा मार दोपहिया वाहन चालकों को झेलनी पड़ रही है। गड्ढों से बचते हुए वाहन निकालना किसी चुनौती से कम नहीं है। कई जगह सड़क इतनी खराब हो चुकी है कि बाइक और स्कूटी चालकों को मजबूरी में सड़क के किनारे से होकर गुजरना पड़ता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस मार्ग पर सफर करना खतरे से खाली नहीं है। थोड़ी सी चूक होने पर वाहन चालक हादसे का शिकार हो सकते हैं। आईटीआई की ओर से नीचे उतरते समय सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे बने हुए हैं, जबकि निहाल की तरफ जाने वाले हिस्से में टारिंग पूरी तरह उखड़ चुकी है। कई स्थानों पर सड़क की ऊपरी परत खत्म हो चुकी है और पत्थर बाहर निकल आए हैं। इससे वाहन चालकों को बार-बार ब्रेक लगाने पड़ते हैं और वाहनों में टूट-फूट भी बढ़ रही है।
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बरसात के मौसम में हालत और
बरसात के मौसम में इस सड़क की हालत और खराब हो जाती है। गड्ढों में पानी भरने से वाहन चालकों के लिए खतरा बढ़ जाता है। कई बार वाहन गड्ढों में फंस जाते हैं या अचानक झटके लगने से दुर्घटना का खतरा पैदा हो जाता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि लंबे समय से सड़क की टारिंग नहीं हुई है, जिस कारण समस्या लगातार बढ़ती जा रही है। स्थानीय लोगों और उद्योग संचालकों की ओर से सड़क सुधार की मांग कई बार उठाई जा चुकी है। लोगों का कहना है कि औद्योगिक क्षेत्र में बेहतर सड़क सुविधा होना जरूरी है, क्योंकि खराब सड़क का सीधा असर उद्योगों की गतिविधियों और परिवहन व्यवस्था पर पड़ता है। लोगों ने मांग उठाई है कि सड़क की मरम्मत केवल खानापूर्ति तक सीमित न रहे, बल्कि पूरी सड़क की गुणवत्ता के साथ सुधार किया जाए, ताकि आने वाले वर्षों तक लोगों को परेशानी न झेलनी पड़े।
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कोट
औद्योगिक क्षेत्र की सड़क की मरम्मत के लिए करीब 9 से 10 लाख रुपये का प्राक्कलन तैयार किया गया है। बरसात के बाद मरम्मत कार्य शुरू करवाया जाएगा, क्योंकि बारिश के दौरान काम करने से सड़क दोबारा खराब हो सकती है। सड़क का एस्टीमेट एचपीएसआईडीसी ने बनाया है और वही कार्य करवाएगा। लोगों की आवाजाही अधिक होने के कारण सड़क सुधारना जरूरी है।
-मनोज कुमार, महाप्रबंधक, उद्योग

खस्ताहाल औद्योगिक क्षेत्र बिलासपुर की सड़क। संवाद

खस्ताहाल औद्योगिक क्षेत्र बिलासपुर की सड़क। संवाद

खस्ताहाल औद्योगिक क्षेत्र बिलासपुर की सड़क। संवाद

खस्ताहाल औद्योगिक क्षेत्र बिलासपुर की सड़क। संवाद

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