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सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट के निर्माण के लिए फ्रांस की टीम इस महीने करेगी दौरा
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संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। बिलासपुर शहर के लिए प्रस्तावित सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट के निर्माण की कवायद तेज हो गई है। लंबे समय से अधर में लटके इस प्रोजेक्ट को फंडिंग मिलने की उम्मीद बंधी है। फ्रांस की एजेंस फ्रेंचाइजी डी डेवलपमेंट (एएफडी) की टीम इस माह साइट का दौरा करेगी। टीम ने दो साल पहले दौरा करना था लेकिन कोरोना के कारण दौरा स्थगित करना पड़ा था।
बिलासपुर शहर में 60 वर्ष पुरानी सीवरेज व्यवस्था चल रही है। सदर विधानसभा के पूर्व विधायक एवं भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा के कार्यकाल के समय वर्ष 2010-11 में बिलासपुर शहर में सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट के लिए 22 करोड़ रुपये मंजूर हुए थे। लेकिन इसके बाद डीपीआर बनाने और साइट चयन करने के प्रयास नहीं हुए।
वर्तमान विधायक सुभाष ठाकुर ने जलशक्ति विभाग को निर्देश दिए तो इस पर काम आगे बढ़ा। दोबारा प्राक्कलन तैयार कर इसकी लागत करीब 77 करोड़ रुपये बताई गई। प्रदेश सरकार ने फ्रांस की एजेंस फ्रेंचाइजी डी डेवलपमेंट को इसके लिए फंड देने और डिजाइन बनाने का प्रस्ताव भेजा।
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जल शक्ति विभाग ने साइट चयन कर ली है। शहर के लुहणू खैरियां व लखनपुर इलाके में अलग-अलग ट्रीटमेंट प्लांट बनाए जाएंगे। अब एजेंस फ्रेंचाइजी डी डेवलपमेंट को काम आगे बढ़ाना है।
जल शक्ति विभाग बिलासपुर के अधिशासि अभियंता राकेश वैद्य ने बताया कि फ्रांस की एजेंस फ्रेंचाइजी डी डेवलपमेंट टीम इस महीने साइट का दौरा करेगी। इसके बाद प्रोजेक्ट के लिए फंडिग करने का निर्णय लिया जाएगा।
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बिलासपुर। बिलासपुर शहर के लिए प्रस्तावित सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट के निर्माण की कवायद तेज हो गई है। लंबे समय से अधर में लटके इस प्रोजेक्ट को फंडिंग मिलने की उम्मीद बंधी है। फ्रांस की एजेंस फ्रेंचाइजी डी डेवलपमेंट (एएफडी) की टीम इस माह साइट का दौरा करेगी। टीम ने दो साल पहले दौरा करना था लेकिन कोरोना के कारण दौरा स्थगित करना पड़ा था।
बिलासपुर शहर में 60 वर्ष पुरानी सीवरेज व्यवस्था चल रही है। सदर विधानसभा के पूर्व विधायक एवं भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा के कार्यकाल के समय वर्ष 2010-11 में बिलासपुर शहर में सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट के लिए 22 करोड़ रुपये मंजूर हुए थे। लेकिन इसके बाद डीपीआर बनाने और साइट चयन करने के प्रयास नहीं हुए।
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वर्तमान विधायक सुभाष ठाकुर ने जलशक्ति विभाग को निर्देश दिए तो इस पर काम आगे बढ़ा। दोबारा प्राक्कलन तैयार कर इसकी लागत करीब 77 करोड़ रुपये बताई गई। प्रदेश सरकार ने फ्रांस की एजेंस फ्रेंचाइजी डी डेवलपमेंट को इसके लिए फंड देने और डिजाइन बनाने का प्रस्ताव भेजा।
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जल शक्ति विभाग ने साइट चयन कर ली है। शहर के लुहणू खैरियां व लखनपुर इलाके में अलग-अलग ट्रीटमेंट प्लांट बनाए जाएंगे। अब एजेंस फ्रेंचाइजी डी डेवलपमेंट को काम आगे बढ़ाना है।
जल शक्ति विभाग बिलासपुर के अधिशासि अभियंता राकेश वैद्य ने बताया कि फ्रांस की एजेंस फ्रेंचाइजी डी डेवलपमेंट टीम इस महीने साइट का दौरा करेगी। इसके बाद प्रोजेक्ट के लिए फंडिग करने का निर्णय लिया जाएगा।