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Bilaspur News: बरमाणा में नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर को काले झंडे दिखाए
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बरमाणा के नेता प्रतिपक्ष को काले झंडे दिखाते कांग्रेस कार्यकर्ता। स्रोत: जागरूक पाठक
नितीश ठाकुर बोले- एसीसी फैक्टरी बंद होने के दौरान भाजपा नेताओं ने नहीं उठाया ट्रांसपोर्टरों का मुद्दा
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। नेता प्रतिपक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के बरमाणा पहुंचने पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने काले झंडे दिखाकर विरोध जताया। इस दौरान पूर्व प्रधान ग्राम पंचायत बरमाणा एवं सदर कांग्रेस कमेटी बिलासपुर के उपाध्यक्ष नितीश ठाकुर ने भाजपा नेताओं पर एसीसी प्लांट से जुड़े ट्रांसपोर्टरों, कर्मचारियों और स्थानीय लोगों के हितों की अनदेखी करने का आरोप लगाया।
नितीश ठाकुर ने कहा कि जब एसीसी फैक्टरी बंद हुई थी, उस दौरान भाजपा के नेताओं ने विधानसभा और संसद में ट्रांसपोर्टरों के हितों से जुड़ा कोई प्रभावी मुद्दा नहीं उठाया। उन्होंने कहा कि एसीसी प्लांट के बंद होने और दोबारा संचालन के दौरान बरमाणा के ट्रांसपोर्टरों के किराये में कमी की गई। उनके अनुसार ट्राले में 1.18 रुपये और छह चक्के में एक रुपये की कमी की गई है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब किराया बढ़ना चाहिए था, तब उसे कम क्यों किया गया। नितीश ठाकुर ने आरोप लगाया कि बरमाणा एसीसी प्लांट में अडानी प्रबंधन छोटे ठेकेदारों को हटाकर एक बड़े ठेकेदार को काम देने की तैयारी में है। उन्होंने कहा कि यदि ऐसा होता है तो स्थानीय स्तर पर काम कर रहे छोटे-मोटे ठेकेदारों का काम प्रभावित होगा और उनके सामने रोजगार का संकट खड़ा हो सकता है।
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संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। नेता प्रतिपक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के बरमाणा पहुंचने पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने काले झंडे दिखाकर विरोध जताया। इस दौरान पूर्व प्रधान ग्राम पंचायत बरमाणा एवं सदर कांग्रेस कमेटी बिलासपुर के उपाध्यक्ष नितीश ठाकुर ने भाजपा नेताओं पर एसीसी प्लांट से जुड़े ट्रांसपोर्टरों, कर्मचारियों और स्थानीय लोगों के हितों की अनदेखी करने का आरोप लगाया।
नितीश ठाकुर ने कहा कि जब एसीसी फैक्टरी बंद हुई थी, उस दौरान भाजपा के नेताओं ने विधानसभा और संसद में ट्रांसपोर्टरों के हितों से जुड़ा कोई प्रभावी मुद्दा नहीं उठाया। उन्होंने कहा कि एसीसी प्लांट के बंद होने और दोबारा संचालन के दौरान बरमाणा के ट्रांसपोर्टरों के किराये में कमी की गई। उनके अनुसार ट्राले में 1.18 रुपये और छह चक्के में एक रुपये की कमी की गई है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब किराया बढ़ना चाहिए था, तब उसे कम क्यों किया गया। नितीश ठाकुर ने आरोप लगाया कि बरमाणा एसीसी प्लांट में अडानी प्रबंधन छोटे ठेकेदारों को हटाकर एक बड़े ठेकेदार को काम देने की तैयारी में है। उन्होंने कहा कि यदि ऐसा होता है तो स्थानीय स्तर पर काम कर रहे छोटे-मोटे ठेकेदारों का काम प्रभावित होगा और उनके सामने रोजगार का संकट खड़ा हो सकता है।
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