फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Bilaspur News ›   Bail should not be given if Chitta is caught: Dharmani

चिट्टा पकड़े जाने पर नहीं मिलनी चाहिए जमानत : धर्माणी

Sun, 07 Jan 2024 11:42 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Sun, 07 Jan 2024 11:42 PM IST
विज्ञापन
Bail should not be given if Chitta is caught: Dharmani
लुहारवीं पंचायत में लोगों को चिट्टे के प्रति किया जागरूक
विज्ञापन


संवाद न्यूज एजेंसी
घुमारवीं (बिलासपुर)। एक ग्राम चिट्टा पकड़े जाए या 500 ग्राम किसी की भी जमानत न हो, ऐसा कानून बनना चाहिए और जेल होनी चाहिए। यह बात संस्कार संस्था के संस्थापक महेंद्र धर्माणी ने लुहारवीं पंचायत में आयोजित कार्यक्रम में कही।

घुमारवीं अगेंस्ट चिट्टा अभियान के तहत रविवार को लुहारवीं पंचायत में लोगों को जागरूक किया गया। उन्होंने कहा कि हमें बच्चों को अच्छा माहौल देना होगा, ताकि बच्चे अपने माता -पिता के साथ अपनी पूरी दिनचर्या को खुलकर बताएं। उन्होंने गांव के बड़े बुजुर्गों से आग्रह किया कि गांव में आने वाले अनजान व्यक्ति की जरूर पूछताछ करें। ऐसा करने से नशा बेचने वाले सप्लायर गांव में आने से डरने लगेंगे और उनका गांव में आना बंद हो जाएगा। धर्माणी ने कहा कि हमें जागरूक होना होगा तभी पुलिस और सरकार चिट्टा सप्लायरों पर सख्त कार्रवाई करेगी। लुहारवी पंचायत उप प्रधान प्रदीप रतवान ने कहा कि संस्था द्वारा चिट्टे के खिलाफ जो अभियान चलाया है ये समाज के लिए बहुत ही नेक कार्य है। सभी को मिलकर इस अभियान को आगे बढ़ना चाहिए, ताकि हमारे बच्चे सुरक्षित रह सकें। इस मौके पर लुहारवी पंचायत प्रधान आशा ठाकुर, पूर्व प्रधान कर्म सिंह चंदेल, बीडीसी सदस्य निशा शर्मा, घुमारवीं पंचायत प्रधान किशोरी लाल शर्मा, सुरेश ठाकुर, होशियार सिंह, धर्म सिंह, रविंद्र सिंह, बांके बिहारी और विरोचन ठाकुर उपस्थित रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed