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विभाग ने घास काटने की मशीनों के साथ जबरन सौंपे नुट्रेंट, किसान भड़के
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जुखाला(बिलासपुर)। केंद्र सरकार की उत्तम चारा योजना के तहत पशुपालकों को दी जाने वाली घास काटने की मशीनों के साथ लगभग 650 रुपये के अपनी नुट्रेंट पशुपालकों को कृषि विभाग ने थोप दिए। जिले के किसानों के लिए कृषि विभाग ने 570 घास काटने की मशीनें वितरित कीं।
इन किसानों को यह मशीनें 7935 रुपये के हिसाब से वितरित की गईं। जबकि इन मशीनों की 50 प्रतिशत अनुदान के साथ 6960 रुपये कीमत है लेकिन कृषि विभाग ने इन मशीनों के साथ पशुपालकों को फसलों में उपयोग आने वाले लगभग 650 रुपये के नुट्रेंट थोप दिए जिनके उपयोग का अधिकतर किसानों को पता ही नही हैं लेकिन कृषि विभाग का दावा हैं कि रसायनों के उपयोग के कारण किसानों की जमीन बांझ हो रही है। इस कारण यह नुट्रेंट घास काटने की मशीनों के साथ दिए गए हैं।
इसके बारे में कृषि उपनिदेशक कुलदीप पटियाल ने बताया कि विभाग ने यह नुट्रेंट घास काटने की मशीनों के साथ इसलिए दिए ताकि किसान इनका उपयोग अपनी फसलों में कर सकें और रसायनों के जहर से खेतों की मिट्टी को बचाया जा सके। कहा कि अभी पशुपालकों के लिए 600 घास काटने की मशीनों को वितरित किया जाएगा। इसमें किसानों की मर्जी होगी कि वे नुट्रेंट लें या नहीं विभाग इसमें कोई दबाव नहीं बनाएगा।
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इन किसानों को यह मशीनें 7935 रुपये के हिसाब से वितरित की गईं। जबकि इन मशीनों की 50 प्रतिशत अनुदान के साथ 6960 रुपये कीमत है लेकिन कृषि विभाग ने इन मशीनों के साथ पशुपालकों को फसलों में उपयोग आने वाले लगभग 650 रुपये के नुट्रेंट थोप दिए जिनके उपयोग का अधिकतर किसानों को पता ही नही हैं लेकिन कृषि विभाग का दावा हैं कि रसायनों के उपयोग के कारण किसानों की जमीन बांझ हो रही है। इस कारण यह नुट्रेंट घास काटने की मशीनों के साथ दिए गए हैं।
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इसके बारे में कृषि उपनिदेशक कुलदीप पटियाल ने बताया कि विभाग ने यह नुट्रेंट घास काटने की मशीनों के साथ इसलिए दिए ताकि किसान इनका उपयोग अपनी फसलों में कर सकें और रसायनों के जहर से खेतों की मिट्टी को बचाया जा सके। कहा कि अभी पशुपालकों के लिए 600 घास काटने की मशीनों को वितरित किया जाएगा। इसमें किसानों की मर्जी होगी कि वे नुट्रेंट लें या नहीं विभाग इसमें कोई दबाव नहीं बनाएगा।
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