{"_id":"69b80c6a88b33b066f05d947","slug":"a-new-fraud-network-has-emerged-in-bharari-targeting-shopkeepers-and-taxi-drivers-bilaspur-news-c-92-1-bls1001-156098-2026-03-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bilaspur News: भराड़ी में ठगी का नया जाल, दुकानदारों और टैक्सी चालकों को बनाया जा रहा निशाना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bilaspur News: भराड़ी में ठगी का नया जाल, दुकानदारों और टैक्सी चालकों को बनाया जा रहा निशाना
Mon, 16 Mar 2026 11:27 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुर
Updated Mon, 16 Mar 2026 11:27 PM IST
विज्ञापन
स्थानीय बोली में बात कर भरोसा जीत रहा शातिर, कई लोग बन चुके हैं शिकार
सुनियोजित तरीके से दुकानदार से ठगे 3300 रुपये
संवाद न्यूज एजेंसी
भराड़ी (बिलासपुर)। भराड़ी, लदरौर, दधोल व आसपास के क्षेत्रों में इन दिनों ठगी का एक नया और बेहद शातिर तरीका सामने आया है। क्षेत्र में सक्रिय एक गिरोह खास तौर पर दुकानदारों और छोटे वाहन चालकों को निशाना बना रहा है। हैरानी की बात यह है कि ठगी करने वाला व्यक्ति स्थानीय पहाड़ी भाषा में बात करता है, जिससे लोगों को उस पर आसानी से भरोसा हो जाता है।
ताजा मामला भराड़ी कस्बे में सामने आया है, जहां एक शातिर ठग ने बेहद सुनियोजित तरीके से 3300 रुपये की ऑनलाइन ठगी कर ली। इससे पहले भी कई दुकानदार और वाहन चालक इस तरह की ठगी का शिकार हो चुके हैं। जानकारी के अनुसार भराड़ी में एक हार्डवेयर दुकानदार को फोन आया। फोन करने वाले ने खुद को नजदीकी गांव भपराल का निवासी बताते हुए 20 बोरी सीमेंट भपराल भेजने को कहा। उसने बताया कि सीमेंट के पैसे चालक के पास दे दिए जाएंगे। साथ ही चालक को रास्ते से कुछ अन्य सामान भी लाना है, इसलिए उसे 3300 रुपये नकद दे देने को कहा। दुकानदार ने भरोसा करते हुए जीप चालक को 20 बैग सीमेंट के साथ भेज दिया और 3300 रुपये नकद भी दे दिए। इसके बाद रास्ते में ठग ने चालक को फोन कर कहा कि 3300 रुपये गूगल पे करवा दो। चालक ने बाड़ा दा घाट स्थित एक दुकान से गूगल पे के माध्यम से पैसे भेज दिए। चालक जब बताए गए स्थान पर करीब साढ़े तीन बजे पहुंचा तो ठग ने बार-बार फोन करने पर अलग-अलग बहाने बनाकर समय टालना शुरू कर दिया। कभी बस न मिलने की बात कही तो कभी रास्ते में होने का बहाना बनाया।
करीब शाम पांच बजे तक इंतजार कराने के बाद भी जब कोई व्यक्ति मौके पर नहीं पहुंचा तो चालक को समझ आ गया कि वह ठगी का शिकार हो चुका है। इसके बाद वह सीमेंट लेकर दुकान पर लौट आया। बताया जा रहा है कि इससे पहले घुमारवीं शहर में भी इसी तरह के मामले सामने आ चुके हैं। अब भराड़ी क्षेत्र में यह गिरोह दुकानदारों और जीप-टैक्सी चालकों को निशाना बना रहा है। सोमवार को इसी नंबर से लदरौर के एक प्रतिष्ठित व्यापारी प्रेमाचंद को भी फोन किया गया और प्लाई बोर्ड व अन्य सामान भेजने की बात कही गई। साथ ही पहले की तरह कुछ राशि गूगल पे करने की मांग की गई। हालांकि व्यापारी को पहले से इस तरह की ठगी की जानकारी थी, जिससे उन्होंने सतर्कता बरतते हुए नुकसान होने से खुद को बचा लिया। डीएसपी घुमारवीं विशाल वर्मा ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान व्यक्ति को ऑनलाइन भुगतान न करें। उन्होंने कहा कि भराड़ी क्षेत्र में सामने आई घटनाओं की जांच की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
सुनियोजित तरीके से दुकानदार से ठगे 3300 रुपये
संवाद न्यूज एजेंसी
भराड़ी (बिलासपुर)। भराड़ी, लदरौर, दधोल व आसपास के क्षेत्रों में इन दिनों ठगी का एक नया और बेहद शातिर तरीका सामने आया है। क्षेत्र में सक्रिय एक गिरोह खास तौर पर दुकानदारों और छोटे वाहन चालकों को निशाना बना रहा है। हैरानी की बात यह है कि ठगी करने वाला व्यक्ति स्थानीय पहाड़ी भाषा में बात करता है, जिससे लोगों को उस पर आसानी से भरोसा हो जाता है।
ताजा मामला भराड़ी कस्बे में सामने आया है, जहां एक शातिर ठग ने बेहद सुनियोजित तरीके से 3300 रुपये की ऑनलाइन ठगी कर ली। इससे पहले भी कई दुकानदार और वाहन चालक इस तरह की ठगी का शिकार हो चुके हैं। जानकारी के अनुसार भराड़ी में एक हार्डवेयर दुकानदार को फोन आया। फोन करने वाले ने खुद को नजदीकी गांव भपराल का निवासी बताते हुए 20 बोरी सीमेंट भपराल भेजने को कहा। उसने बताया कि सीमेंट के पैसे चालक के पास दे दिए जाएंगे। साथ ही चालक को रास्ते से कुछ अन्य सामान भी लाना है, इसलिए उसे 3300 रुपये नकद दे देने को कहा। दुकानदार ने भरोसा करते हुए जीप चालक को 20 बैग सीमेंट के साथ भेज दिया और 3300 रुपये नकद भी दे दिए। इसके बाद रास्ते में ठग ने चालक को फोन कर कहा कि 3300 रुपये गूगल पे करवा दो। चालक ने बाड़ा दा घाट स्थित एक दुकान से गूगल पे के माध्यम से पैसे भेज दिए। चालक जब बताए गए स्थान पर करीब साढ़े तीन बजे पहुंचा तो ठग ने बार-बार फोन करने पर अलग-अलग बहाने बनाकर समय टालना शुरू कर दिया। कभी बस न मिलने की बात कही तो कभी रास्ते में होने का बहाना बनाया।
विज्ञापन
करीब शाम पांच बजे तक इंतजार कराने के बाद भी जब कोई व्यक्ति मौके पर नहीं पहुंचा तो चालक को समझ आ गया कि वह ठगी का शिकार हो चुका है। इसके बाद वह सीमेंट लेकर दुकान पर लौट आया। बताया जा रहा है कि इससे पहले घुमारवीं शहर में भी इसी तरह के मामले सामने आ चुके हैं। अब भराड़ी क्षेत्र में यह गिरोह दुकानदारों और जीप-टैक्सी चालकों को निशाना बना रहा है। सोमवार को इसी नंबर से लदरौर के एक प्रतिष्ठित व्यापारी प्रेमाचंद को भी फोन किया गया और प्लाई बोर्ड व अन्य सामान भेजने की बात कही गई। साथ ही पहले की तरह कुछ राशि गूगल पे करने की मांग की गई। हालांकि व्यापारी को पहले से इस तरह की ठगी की जानकारी थी, जिससे उन्होंने सतर्कता बरतते हुए नुकसान होने से खुद को बचा लिया। डीएसपी घुमारवीं विशाल वर्मा ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान व्यक्ति को ऑनलाइन भुगतान न करें। उन्होंने कहा कि भराड़ी क्षेत्र में सामने आई घटनाओं की जांच की जाएगी।
विज्ञापन