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जिला में शुक्रवार को डेंगू के 15 नए मामले आए सामने
Updated Sat, 21 Jul 2018 12:22 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
बिलासपुर। जिले में डेंगू थमने का नाम नहीं ले रहा है। शुक्रवार को भी जिले में 15 नए डेंगू के मरीज सामने आए हैं। वहीं हर रोज सामने आ रहे डेंगू के मरीजों से प्रशासन के तमाम दावों की पोल खोल कर रख दी है। हालांकि प्रशासन ने दर्जनों बैठकें कर के डेंगू पर काबू पाने के बड़े-बड़े दावे भी किए लेकिन शुक्रवार को एक साथ 15 डेंगू के मामलों ने प्रशासन के सभी दावों की पोल खोल कर रख दी है।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार शुक्रवार को जिला में 15 और डेंगू के मरीज सामने आए हैं। नोडल अधिकारी एवं एमओएच डॉ. परविंद्र शर्मा ने जिला में फैले डेंगू रोग के बारे में बताया कि वर्तमान में डेंगू से पीड़ित 42 रोगियों का इलाज चल रहा है। उनमें से डेंगू से पीड़ित कोई भी रोगी अस्पताल में दाखिल नहीं है और सभी रोगियों का उपचार घरों में ही हो रहा है। उन्होंने बताया कि अब तक 186 डेंगू के मरीज दर्ज किए गए जिनमें से 144 रोगी स्वस्थ हो चुके हैं।
उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की टीमों की ओर से विभिन्न वार्डों में जाकर 302 घरों का निरीक्षण किया गया जिनमें से 105 लोगों के घरों की पानी की टंकियों, कूलरों और जल भंडारण के बर्तनों को खाली करवाकर उन्हें साफ करवाया करवाया गया और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों की ओर से लोगों को अपने घरों और आसपास की साफ-सफाई रखने के लिए भी जागरूक किया गया।
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उन्होंने लोगों को जागरूक करते हुए कहा कि वह जब भी घरों से बाहर निकलें तो अपने शरीर को पूर्ण रूप से ढक कर और ओडोमोस इत्यादि कीटनाशक स्प्रे का इस्तेमाल करें तथा घरों के अंदर भी कीटनाशक स्प्रे करना सुनिश्चित बनाएं ताकि मच्छरों को पनपने से रोका जा सके।
इनसेट...
आखिर क्यों नहीं हो रहा है डेंगू पर नियंत्रण
हालांकि सरकारी अमला डेंगू को लेकर गंभीर दिख रखा है लेकिन आए दिन सामने आ रहे डेंगू के मामले पूरी कार्य व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रहे हैं। दिल्ली और पूड्डूचेरी की टीमें भी बिलासपुर में रह कर गई। इसके अलावा स्थायी प्रशासन भी लोगों को जागरूक करने के दावे कर रहा है लेकिन इसके बाद भी डेंगू पर नियंत्रण न कर पाना अपने आप में बड़े सवाल खड़े कर रहा है।
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बिलासपुर। जिले में डेंगू थमने का नाम नहीं ले रहा है। शुक्रवार को भी जिले में 15 नए डेंगू के मरीज सामने आए हैं। वहीं हर रोज सामने आ रहे डेंगू के मरीजों से प्रशासन के तमाम दावों की पोल खोल कर रख दी है। हालांकि प्रशासन ने दर्जनों बैठकें कर के डेंगू पर काबू पाने के बड़े-बड़े दावे भी किए लेकिन शुक्रवार को एक साथ 15 डेंगू के मामलों ने प्रशासन के सभी दावों की पोल खोल कर रख दी है।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार शुक्रवार को जिला में 15 और डेंगू के मरीज सामने आए हैं। नोडल अधिकारी एवं एमओएच डॉ. परविंद्र शर्मा ने जिला में फैले डेंगू रोग के बारे में बताया कि वर्तमान में डेंगू से पीड़ित 42 रोगियों का इलाज चल रहा है। उनमें से डेंगू से पीड़ित कोई भी रोगी अस्पताल में दाखिल नहीं है और सभी रोगियों का उपचार घरों में ही हो रहा है। उन्होंने बताया कि अब तक 186 डेंगू के मरीज दर्ज किए गए जिनमें से 144 रोगी स्वस्थ हो चुके हैं।
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उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की टीमों की ओर से विभिन्न वार्डों में जाकर 302 घरों का निरीक्षण किया गया जिनमें से 105 लोगों के घरों की पानी की टंकियों, कूलरों और जल भंडारण के बर्तनों को खाली करवाकर उन्हें साफ करवाया करवाया गया और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों की ओर से लोगों को अपने घरों और आसपास की साफ-सफाई रखने के लिए भी जागरूक किया गया।
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उन्होंने लोगों को जागरूक करते हुए कहा कि वह जब भी घरों से बाहर निकलें तो अपने शरीर को पूर्ण रूप से ढक कर और ओडोमोस इत्यादि कीटनाशक स्प्रे का इस्तेमाल करें तथा घरों के अंदर भी कीटनाशक स्प्रे करना सुनिश्चित बनाएं ताकि मच्छरों को पनपने से रोका जा सके।
इनसेट...
आखिर क्यों नहीं हो रहा है डेंगू पर नियंत्रण
हालांकि सरकारी अमला डेंगू को लेकर गंभीर दिख रखा है लेकिन आए दिन सामने आ रहे डेंगू के मामले पूरी कार्य व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रहे हैं। दिल्ली और पूड्डूचेरी की टीमें भी बिलासपुर में रह कर गई। इसके अलावा स्थायी प्रशासन भी लोगों को जागरूक करने के दावे कर रहा है लेकिन इसके बाद भी डेंगू पर नियंत्रण न कर पाना अपने आप में बड़े सवाल खड़े कर रहा है।