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शिलान्यास के बाद भी शुरू नहीं हो पाया भवन निर्माण
Updated Tue, 21 Aug 2018 08:32 PM IST
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शिलान्यास के बाद भी शुरू नहीं हुआ उपतहसील भवन का निर्माण
पूर्व मुख्यमंत्री ने किया था कोटधार में उपतहसील कार्यालय भवन का शिलान्यास
अमर उजाला ब्यूरो
शाहतलाई(बिलासपुर)। झंडूता उपमंडल के तहत पिछड़ा क्षेत्र कोटधार के बनने वाले उपतहसील कार्यालय भवन का निर्माण कार्य एक साल बाद भी शुरू नहीं हो पाया है। तत्कालीन मुख्यमंत्री रहे वीरभद्र सिंह ने 12 दिसंबर 2016 को उपतहसील कार्यालय का शुभारंभ किया था। जबकि 11 अगस्त 2017 में मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने भवन का शिलान्यास भी कर दिया था लेकिन इसके बाद एक साल बीत जाने पर भी अब तक एक ईंट नहीं लग पाई है। इसके चलते लोगों में भारी रोष है।
नध्यार के प्रधान सुशील कुमार, पूर्व प्रधान यशोदा देवी, पूर्व उपप्रधान ओम प्रकाश, बडग़ांव गलू की पूर्व प्रधान राजेंद्रा कुमार, उपप्रधान सुखलाल, कोसरियां के प्रधान विजय कुमार, पूर्व प्रधान भजन लाल, सनहीरा पंचायत के पूर्व उपप्रधान मदन लाल, प्रकाश चंद, सोमदत्त ने बताया कि कांग्रेस सरकार के कार्यालय में दो साल पूर्व पिछड़ा क्षेत्र के लोगों की सुविधा के लिए कलोल में उपतहसील कार्यालय का शुभारंभ 12 दिसंबर 2016 को हुआ है जोकि कलोल पंचायत के भवन में किया गया था। उसके उपरांत 11 अगस्त 2017 को मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने उपतहसील के भवन का शिलान्यास भी कर दिया था लेकिन एक साल बीत जाने पर भी उस भवन की एक ईंट तक नहीं लग पाई है।
इन लोगों का कहना है कि उपतहसील पंचायत भवन के एक कमरे में चल रही है। लोगों को बैठने की कोई सुविधा नहीं है। अगर कहीं बारिश हो जाए तो लोग सिर छुपाने के लिए तहसील कार्यालय के कमरे में जाने पर मजबूर हो जाते हैं। इतना ही नहीं कभी कोई वीआईपी आ जाए तो कर्मचारियों को अपनी सीट छोड़नी पड़ती है जिससे लोगों के कार्य में बाधा आती है। लोगों ने सरकार से मांग की है कि जनता की सुविधा के लिए जल्द से जल्द उपतहसील कार्यालय भवन का निर्माण शुरू किया जाए।
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उधर झंडूता के पूर्व विधायक वीरूराम किशोर का कहना है कि कांग्रेस सरकार में मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने तहसील कार्यालय के भवन के लिए धन राशि लोक निर्माण विभाग को तत्काल मुहैया करवा कर ही भवन का शिलान्यास किया है। सरकार बदलने के साथ ही भवन के निर्माण में कार्य को जानबूझ कर लटकाया जा रहा है।
इधर जब कलोल के लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता शशीपाल धीमान से बात की गई तो उन्होंने बताया कि उपतहसील कार्यालय के भवन की ड्राइंग बना कर उच्चाधिकारियों को शिमला भेज दी है। जैसे ही हरी झड़ी मिलती है, भवन के निर्माण के टेंडर लगा कर निर्माण कार्य आरंभ कर दिया जाएगा।
पूर्व मुख्यमंत्री ने किया था कोटधार में उपतहसील कार्यालय भवन का शिलान्यास
अमर उजाला ब्यूरो
शाहतलाई(बिलासपुर)। झंडूता उपमंडल के तहत पिछड़ा क्षेत्र कोटधार के बनने वाले उपतहसील कार्यालय भवन का निर्माण कार्य एक साल बाद भी शुरू नहीं हो पाया है। तत्कालीन मुख्यमंत्री रहे वीरभद्र सिंह ने 12 दिसंबर 2016 को उपतहसील कार्यालय का शुभारंभ किया था। जबकि 11 अगस्त 2017 में मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने भवन का शिलान्यास भी कर दिया था लेकिन इसके बाद एक साल बीत जाने पर भी अब तक एक ईंट नहीं लग पाई है। इसके चलते लोगों में भारी रोष है।
नध्यार के प्रधान सुशील कुमार, पूर्व प्रधान यशोदा देवी, पूर्व उपप्रधान ओम प्रकाश, बडग़ांव गलू की पूर्व प्रधान राजेंद्रा कुमार, उपप्रधान सुखलाल, कोसरियां के प्रधान विजय कुमार, पूर्व प्रधान भजन लाल, सनहीरा पंचायत के पूर्व उपप्रधान मदन लाल, प्रकाश चंद, सोमदत्त ने बताया कि कांग्रेस सरकार के कार्यालय में दो साल पूर्व पिछड़ा क्षेत्र के लोगों की सुविधा के लिए कलोल में उपतहसील कार्यालय का शुभारंभ 12 दिसंबर 2016 को हुआ है जोकि कलोल पंचायत के भवन में किया गया था। उसके उपरांत 11 अगस्त 2017 को मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने उपतहसील के भवन का शिलान्यास भी कर दिया था लेकिन एक साल बीत जाने पर भी उस भवन की एक ईंट तक नहीं लग पाई है।
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इन लोगों का कहना है कि उपतहसील पंचायत भवन के एक कमरे में चल रही है। लोगों को बैठने की कोई सुविधा नहीं है। अगर कहीं बारिश हो जाए तो लोग सिर छुपाने के लिए तहसील कार्यालय के कमरे में जाने पर मजबूर हो जाते हैं। इतना ही नहीं कभी कोई वीआईपी आ जाए तो कर्मचारियों को अपनी सीट छोड़नी पड़ती है जिससे लोगों के कार्य में बाधा आती है। लोगों ने सरकार से मांग की है कि जनता की सुविधा के लिए जल्द से जल्द उपतहसील कार्यालय भवन का निर्माण शुरू किया जाए।
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उधर झंडूता के पूर्व विधायक वीरूराम किशोर का कहना है कि कांग्रेस सरकार में मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने तहसील कार्यालय के भवन के लिए धन राशि लोक निर्माण विभाग को तत्काल मुहैया करवा कर ही भवन का शिलान्यास किया है। सरकार बदलने के साथ ही भवन के निर्माण में कार्य को जानबूझ कर लटकाया जा रहा है।
इधर जब कलोल के लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता शशीपाल धीमान से बात की गई तो उन्होंने बताया कि उपतहसील कार्यालय के भवन की ड्राइंग बना कर उच्चाधिकारियों को शिमला भेज दी है। जैसे ही हरी झड़ी मिलती है, भवन के निर्माण के टेंडर लगा कर निर्माण कार्य आरंभ कर दिया जाएगा।