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डॉक्टर की कमी के कारण लोग परेशान
Updated Sat, 21 Jul 2018 12:23 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
झंडूता(बिलासपुर)। उपमंडल झंडूता के अंतर्गत आने वाले पिछड़ा क्षेत्र कोटधार के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कलोल में डॉक्टरों की कमी के कारण आम लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। डॉक्टर न होने के कारण लोगों को अपने छोटे-छोटे उपचार के लिए अन्य अस्पतालों में जाना पड़ता है जिससे लोगों का समय और पैसा दोनों ही नष्ट हो रहे हैं।
क्षेत्र के लोगों ने प्रदेश सरकार से मांग की है कि समस्या से निजात दिलाने के लिए कड़े कदम उठाए जाएं। गौर रहे कि उपमंडल झंडूता के पिछड़ा क्षेत्र कोटधार के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कलोल में लंबे समय से डॉक्टरों की कमी चल रही है जिसके कारण लोगों को परेशानी झेलनी पड़ती है।
स्थानीय लोगों में श्याम सिंह परमार, रमेश कुमार, सुदेश कुमारी, सोहन लाल, मनशा राम, राकेश कुमार, सुरेश कुमार, राजेश कुमार, अमर सिंह, धर्म सिंह, संजय कुमार, अजय कुमार, अमीचंद, प्रकाश चंद, बिशन दास, ओंकार सिंह, करतार सिंह, पंकज, सुरेंद्र सिंह, किशोरी लाल सहित अन्य लोगों ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कलोल में चल रही चिकित्सकों की कमी को दूर करने की सरकार और विभाग से मांग उठाई है।
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इधर, कार्यकारी खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. अरविंद टंडन के अनुसार प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कलोल में दो पद चिकित्सकों के स्वीकृत हैं जिसमें एक चिकित्सक अपनी सेवाएं प्रदान कर रहा है लेकिन अन्य अस्पतालों में चिकित्सकों की कमी के चलते चिकित्सक की सेवाएं लेनी पड़ती हैं। उन्होंने बताया कि विभाग लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराने में प्रयासरत रहता है।
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झंडूता(बिलासपुर)। उपमंडल झंडूता के अंतर्गत आने वाले पिछड़ा क्षेत्र कोटधार के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कलोल में डॉक्टरों की कमी के कारण आम लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। डॉक्टर न होने के कारण लोगों को अपने छोटे-छोटे उपचार के लिए अन्य अस्पतालों में जाना पड़ता है जिससे लोगों का समय और पैसा दोनों ही नष्ट हो रहे हैं।
क्षेत्र के लोगों ने प्रदेश सरकार से मांग की है कि समस्या से निजात दिलाने के लिए कड़े कदम उठाए जाएं। गौर रहे कि उपमंडल झंडूता के पिछड़ा क्षेत्र कोटधार के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कलोल में लंबे समय से डॉक्टरों की कमी चल रही है जिसके कारण लोगों को परेशानी झेलनी पड़ती है।
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स्थानीय लोगों में श्याम सिंह परमार, रमेश कुमार, सुदेश कुमारी, सोहन लाल, मनशा राम, राकेश कुमार, सुरेश कुमार, राजेश कुमार, अमर सिंह, धर्म सिंह, संजय कुमार, अजय कुमार, अमीचंद, प्रकाश चंद, बिशन दास, ओंकार सिंह, करतार सिंह, पंकज, सुरेंद्र सिंह, किशोरी लाल सहित अन्य लोगों ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कलोल में चल रही चिकित्सकों की कमी को दूर करने की सरकार और विभाग से मांग उठाई है।
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इधर, कार्यकारी खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. अरविंद टंडन के अनुसार प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कलोल में दो पद चिकित्सकों के स्वीकृत हैं जिसमें एक चिकित्सक अपनी सेवाएं प्रदान कर रहा है लेकिन अन्य अस्पतालों में चिकित्सकों की कमी के चलते चिकित्सक की सेवाएं लेनी पड़ती हैं। उन्होंने बताया कि विभाग लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराने में प्रयासरत रहता है।
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