फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Bilaspur News ›   आऊटसोर्स कर्मचारियों ने लगाई सरकार से सुध लेने की गुहार

आऊटसोर्स कर्मचारियों ने लगाई सरकार से सुध लेने की गुहार

Mon, 15 Jan 2018 10:33 PM IST
Updated Mon, 15 Jan 2018 10:33 PM IST
विज्ञापन
आऊटसोर्स कर्मचारियों ने लगाई सरकार से सुध लेने की गुहार
बिलासपुर। प्रदेश के विभिन्न सरकारी विभागों और बोर्डों-निगमों में सेवाएं दे रहे आउटसोर्स कर्मचारियों ने सरकार से इस वर्ग की सुध लेने की गुहार लगाई है। अपनी मांगों को लेकर आउटसोर्स कर्मचारी महासंघ के एक प्रतिनिधिमंडल ने रविवार शाम विजयपुर में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा से उनके आवास पर मुलाकात कर उन्हें ज्ञापन सौंपा।
विज्ञापन

आउटसोर्स कर्मचारी महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष यूनुस अख्तर की अगुवाई में प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि प्रदेश के विभिन्न सरकारी विभागों के साथ ही बोर्डों-निगमों में करीब 25 हजार आउटसोर्स कर्मचारी पिछले 10 से 15 वर्ष से ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा की भावना से काम कर रहे हैं। इसके एवज में उन्हें महज 5 से 7 हजार रुपये मासिक मानदेय मिल रहा है, जो बढ़ती महंगाई के इस दौर में ऊंट के मुंह में जीरे जैसा है। पूर्व कांग्रेस सरकार के समय कई अन्य वर्गों के कर्मचारियों के हित में फैसले लेकर उन्हें राहत दी गई। स्वास्थ्य विभाग के आउटसोर्स कर्मचारियों को आरकेएस में समायोजित किया गया। एचआरटीसी और राजस्व में सोसायटियों के माध्यम से रखे गए कर्मचारियों को भी इन विभागों में मर्ज किया गया, लेकिन बाकी सभी आउटसोर्स कर्मचारियों को केवल खोखले आश्वासनों और वादों से बहलाया जाता रहा।
विज्ञापन

संघ के नुमाइंदों ने कहा कि आउटसोर्स कर्मचारियों के लिए कोई नीति नहीं बन पाई है। ऐसे में उन्हें हमेशा डर सताता रहता है कि नाममात्र से मानदेय वाला यह रोजगार भी न जाने कब उनसे छिन जाए। उन्हें यह भी पता नहीं है कि उनके मानदेय से ईपीएफ के रूप में की जा रही कटौती का पैसा कितना और कहां है। लंबे अरसे से सेवाएं दे रहे कर्मचारी अब अनुभवी हो गए हैं। यदि स्थायी नीति बनाकर उन्हें सरकारी कर्मचारी बनाया जाता है तो न केवल उनका भविष्य सुरक्षित होगा, बल्कि वे अधिक उत्साह व जोश के साथ काम भी करेंगे। प्राइवेट कंपनियों व ठेकेदारों को मिलने वाला कमीशन सीधे उन्हें ही मिलेगा। प्रदेश अध्यक्ष यूनुस अख्तर ने बताया कि केंद्रीय मंत्री ने आउटसोर्स कर्मियों की मांगों को लेकर प्रदेश सरकार से बात करके उचित समाधान करने का आश्वासन दिया है। प्रतिनिधिमंडल में श्यामलाल, ओंकार चौहान, सबीर मोहम्मद, पवन, देवराज, विनोद, शैलेश गौतम, राजपाल व हरीश ठाकुर आदि शामिल रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed