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Bilaspur News: मुख्यमंत्री सुख आश्रय योजना के तहत एक्सपोजर विजिट पर गए 16 बच्चे

Thu, 23 Jan 2025 11:14 PM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुर Updated Thu, 23 Jan 2025 11:14 PM IST
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16 children went on exposure visit under Chief Minister Sukh Ashray Yojana
शैक्षणिक भ्रमण पर रवाना होने से पहले बच्चों को मिठाई देते मंत्री राजेश धर्माणी। संवाद
-मंत्री राजेश धर्माणी ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया बच्चों का वाहन
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-दो दिन की यात्रा में ऐतिहासिक स्थलों का करेंगे दौरा

संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। मुख्यमंत्री सुख आश्रय योजना के अंतर्गत जिले के 16 बच्चों को शैक्षिक और मनोरंजक दौरे पर भेजा गया। तकनीकी शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी ने इन बच्चों को भगेड़ से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। योजना के तहत चयनित बच्चों को अमृतसर, जालंधर के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक स्थलों का दौरा कराया जाएगा। यह दो दिवसीय यात्रा बच्चों को भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के ऐतिहासिक स्थानों और देश की गौरवशाली संस्कृति से अवगत कराएगी।
इस दौरे में बच्चों को वाघा बॉर्डर, स्वर्ण मंदिर (हरमंदिर साहिब), जलियांवाला बाग जैसे महत्वपूर्ण स्थलों की यात्रा कराई जाएगी, जहां वे देश की स्वतंत्रता संग्राम की महत्वपूर्ण घटनाओं और उन घटनाओं से जुड़े स्थानों के बारे में जान सकेंगे। इसके अलावा, कपूरथला स्थित एके गुजराल साइंस सिटी में जाकर बच्चे आधुनिक तकनीकों के बारे में जानेंगे, जो उनके शैक्षिक विकास में सहायक होगी। मंत्री राजेश धर्माणी ने कहा कि मुख्यमंत्री सुख आश्रय योजना के अंतर्गत निराश्रित और अनाथ बच्चों को न केवल शिक्षा और सुरक्षा का समर्थन मिल रहा है, बल्कि उनके आत्मनिर्भर भविष्य की नींव भी रखी जा रही है। हिमाचल देश का पहला राज्य है, जिसमें अनाथ बच्चों के कल्याण के लिए विशेष योजना बनाई है। इस योजना के तहत राज्य के 6,000 अनाथ बच्चों को राज्य के बच्चे के रूप में गोद लिया गया है। सरकार इन बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य और सभी आवश्यकताओं का पूरा ध्यान रख रही है।
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उन्होंने कहा कि बच्चों को उनकी शिक्षा के दौरान आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। उच्च शिक्षा के लिए आवश्यक खर्च का प्रबंध किया जाता है। योजना के तहत बच्चों को रोजगार प्राप्त करने के लिए आवश्यक प्रशिक्षण और अवसर दिए जाते हैं। 27 वर्ष की आयु तक बच्चों को मासिक जेब खर्च दिया जाएगा। यदि छात्रावास सुविधा नहीं है, तो बच्चों को पीजी के लिए वित्तीय सहायता दी जाएगी। सरकार बच्चों को स्टार्टअप शुरू करने के लिए आर्थिक सहायता और शादी के लिए मदद भी प्रदान करती है। मंत्री ने बच्चों को इस यात्रा के लिए शुभकामनाएं दीं और कहा कि यह यात्रा उनके मानसिक और शैक्षिक विकास में सहायक होगी।

शैक्षणिक भ्रमण पर रवाना होने से पहले बच्चों को मिठाई देते मंत्री राजेश धर्माणी। संवाद

शैक्षणिक भ्रमण पर रवाना होने से पहले बच्चों को मिठाई देते मंत्री राजेश धर्माणी। संवाद

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