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ढुलाई और अन्य कार्य न देने पर रोका एम्स निर्माण का कार्य
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बिलासपुर। बिलासपुर के कोठीपुरा में चल रहे एम्स संस्थान के निर्माण कार्य में स्थानीय लोगों व बिलासपुर के टिप्पर सोसायटी को ढुलाई एवं अन्य कार्य देने के मुद्दे को लेकर टिप्पर सोसायटी के पदाधिकारियों ने पूर्व विधायक बंबर ठाकुर की अगुवाई में एम्स निर्माण स्थल पर पहुंचकर प्रदर्शन कर निर्माण कार्य को बंद करवा दिया। निर्माण कार्य कर रही संबंधित कंपनी के अधिकारियों के साथ हुई बातचीत में और इस मुद्दे पर शीघ्र ही जिला प्रशासन के साथ बैठक किए जाने की बात कही जाने के बाद यह धरना समाप्त हुआ।
पूर्व विधायक बंबर ठाकुर ने बताया कि कंपनी प्रबंधन ने आश्वस्त किया है कि आगामी 4 जुलाई को जिला प्रशासन के साथ होने वाली बैठक में इस मुद्दे पर चर्चा की जाएग जिसमें सकारात्मक परिणाम निकलने की आशा है। बंबर ठाकुर ने कहा कि अभी देखने में यह आया है कि निर्माण स्थल पर रेता-बजरी, सरिया, सीमेंट, लोहा सामग्री, फाइबर, शटरिंग, लकड़ी इत्यादि सारा सामान बिलासपुर की बाहर की गाड़ियों से मंगवाया जा रहा है, वहीं कबाड़ इत्यादि भी अन्य राज्यों को अन्य गाड़ियों में ही भेजा जा रहा है।
कंपनी ने एक दूसरी कंपनी को एम्स संस्थान के अंदर की 33 किलोमीटर सड़क बनाने का कार्य दिया है जिसमें भी सामान बाहरी गाड़ियों से मंगवाया जा रहा है। बाहरी गाड़ियों से सामान मंगवाया जाना ठीक नहीं है। जब बिलासपुर में टिप्पर मालिकों की एसोसिएशन है तथा स्थानीय लोगों के पास भी ट्रक इत्यादि हैं तो फिर उन्हीं से माल ढुलाई करवाई जानी चाहिए ताकि स्थानीय स्तर पर रोजगार मिल सके। इसी मुद्दे पर एम्स निर्माण स्थल पर ये प्रदर्शन किया गया है।
पूर्व विधायक बंबर ठाकुर ने बताया कि कंपनी प्रबंधन ने आश्वस्त किया है कि आगामी 4 जुलाई को जिला प्रशासन के साथ होने वाली बैठक में इस मुद्दे पर चर्चा की जाएग जिसमें सकारात्मक परिणाम निकलने की आशा है। बंबर ठाकुर ने कहा कि अभी देखने में यह आया है कि निर्माण स्थल पर रेता-बजरी, सरिया, सीमेंट, लोहा सामग्री, फाइबर, शटरिंग, लकड़ी इत्यादि सारा सामान बिलासपुर की बाहर की गाड़ियों से मंगवाया जा रहा है, वहीं कबाड़ इत्यादि भी अन्य राज्यों को अन्य गाड़ियों में ही भेजा जा रहा है।
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कंपनी ने एक दूसरी कंपनी को एम्स संस्थान के अंदर की 33 किलोमीटर सड़क बनाने का कार्य दिया है जिसमें भी सामान बाहरी गाड़ियों से मंगवाया जा रहा है। बाहरी गाड़ियों से सामान मंगवाया जाना ठीक नहीं है। जब बिलासपुर में टिप्पर मालिकों की एसोसिएशन है तथा स्थानीय लोगों के पास भी ट्रक इत्यादि हैं तो फिर उन्हीं से माल ढुलाई करवाई जानी चाहिए ताकि स्थानीय स्तर पर रोजगार मिल सके। इसी मुद्दे पर एम्स निर्माण स्थल पर ये प्रदर्शन किया गया है।
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