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लोकतंत्र में विरोध की आवाज नहीं दबाई जा सकती : नरपाल गुर्जर
Tue, 25 Aug 2026 12:49 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Tue, 25 Aug 2026 12:49 AM IST
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जगाधरी में वार्ता करते कांग्रेस ग्रामीण जिलाध्यक्ष नरपाल गुर्जर। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
जगाधरी। जिला कांग्रेस कमेटी ग्रामीण के अध्यक्ष नरपाल सिंह गुर्जर ने गुरुग्राम में कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ पुलिस के व्यवहार की निंदा की। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में विरोध की आवाज को सुना जाना चाहिए, उसे पुलिस के बल पर दबाया नहीं जा सकता। इस दौरान उन्होंने बाजू पर काली पट्टी बांध कर विरोध भी जताया।
उन्होंने कहा कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे कांग्रेस जिला अध्यक्ष वर्धन यादव, पंकज डाबर, एनएसयूआई और युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ पुलिस का व्यवहार निंदनीय है। प्रत्येक नागरिक को अपनी बात रखने और शांतिपूर्ण विरोध करने का संवैधानिक अधिकार है। विरोध की आवाज दबाने के लिए पुलिस कार्रवाई और एफआईआर का सहारा लेना लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है।
उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार सवालों और असहमति की आवाज से घबरा रही है। एफआईआर और पुलिस कार्रवाई के जरिये जनता के हक की आवाज को खामोश नहीं किया जा सकता। कांग्रेस कार्यकर्ता लोकतांत्रिक तरीके से जनता के मुद्दे उठाते रहेंगे। गुर्जर ने कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं के खिलाफ दर्ज एफआईआर वापस लेने की मांग की। उन्होंने कहा कि कांग्रेस अन्याय के सामने न झुकेगी और न डरेगी। इस दौरान सोशल मीडिया हेड मोनिका डुमरा, बलदेव स्योराण, प्रवीण राणा, गुलजार सिंह, परमजीत धीमान और मुकेश पाल मौजूद रहे।
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जगाधरी। जिला कांग्रेस कमेटी ग्रामीण के अध्यक्ष नरपाल सिंह गुर्जर ने गुरुग्राम में कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ पुलिस के व्यवहार की निंदा की। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में विरोध की आवाज को सुना जाना चाहिए, उसे पुलिस के बल पर दबाया नहीं जा सकता। इस दौरान उन्होंने बाजू पर काली पट्टी बांध कर विरोध भी जताया।
उन्होंने कहा कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे कांग्रेस जिला अध्यक्ष वर्धन यादव, पंकज डाबर, एनएसयूआई और युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ पुलिस का व्यवहार निंदनीय है। प्रत्येक नागरिक को अपनी बात रखने और शांतिपूर्ण विरोध करने का संवैधानिक अधिकार है। विरोध की आवाज दबाने के लिए पुलिस कार्रवाई और एफआईआर का सहारा लेना लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है।
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उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार सवालों और असहमति की आवाज से घबरा रही है। एफआईआर और पुलिस कार्रवाई के जरिये जनता के हक की आवाज को खामोश नहीं किया जा सकता। कांग्रेस कार्यकर्ता लोकतांत्रिक तरीके से जनता के मुद्दे उठाते रहेंगे। गुर्जर ने कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं के खिलाफ दर्ज एफआईआर वापस लेने की मांग की। उन्होंने कहा कि कांग्रेस अन्याय के सामने न झुकेगी और न डरेगी। इस दौरान सोशल मीडिया हेड मोनिका डुमरा, बलदेव स्योराण, प्रवीण राणा, गुलजार सिंह, परमजीत धीमान और मुकेश पाल मौजूद रहे।
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