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मग्गो अस्पताल की डॉक्टर सहित पांच पर केस
yamuna nagar
Updated Tue, 31 Jan 2017 12:21 AM IST
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- फोटो : amar ujala
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माडल टाउन में डेरा संतपुरा गुरुद्वारा के नजदीक स्थित मग्गो अस्पताल की संचालिका डा. ऋतू मग्गो सहित पांच लोगों पर पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। पुलिस ने यह कार्रवाई छह दिन बाद पीएनडीटी इंचार्ज सुनील की शिकायत पर की। बतां दे 24 जनवरी को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने डिकोय को गर्भपात करने का इंजेक्शन लगाने की तैयारी करते समय डॉक्टर को रंगे हाथ पकड़ा था।
पीएनडीटी इंचार्ज सुनील कुमार ने बताया कि 24 जनवरी को गर्भपात का इंजेक्शन लगाते पकड़ी गई मग्गो अस्पताल की संचालिका डा. ऋतू मग्गो के खिलाफ कार्रवाई को लेकर एडवाईजरी कमेटी की पांच दिनों तक लगातार पांच बैठकें हुई। जिसमें कमेटी के सदस्यों के निष्कर्ष और विभागीय जांच के बाद पुलिस को मामले की शिकायत दी गई। जिसके बाद मग्गो अस्पताल की संचालिका डा. ऋतू मग्गो, उसकी दो अस्सिटेंट नर्स, डॉ. मग्गो को केस देने वाली डॉ. इकबाल कौर व उसकी अस्सिटेंट नर्स के खिलाफ केस दर्ज कर कार्रवाई की गई है। मामले में अभी किसी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया गया है।
एक्सपायर लाइसेंस से चला रही थी अल्ट्रासाउंड मशीन
सोमवार को पीएनडीटी इंचार्ज सुनील कुमार, डा. दिव्य मंगला, डा. राजेश मग्गो अस्पताल में पहुंचे। यहां उन्होंने डॉक्टरों से मशीन का लाइसेंस व अन्य दस्तावेज मांगे। लेकिन मशीन का लाइसेंस एक्सपायर हो चुका था। इसके अलावा मशीन के अन्य दस्तावेज भी सहीं नहीं पाए गए। जिसके चलते मशीन का सील कर दिया गया। वहीं विभाग की तरफ से डॉक्टर को इस संबंध में नोटिस भी भेजा गया।
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ये था मामला :
पीएनडीटी इंचार्ज सुनील कुमार को सूचना मिली थी कि माडल टाउन स्थित में भगत सिंह पार्क के नजदीक क्लीनिक चलाने वाली डॉ. इकबाल कौर के माध्यम से गर्भवती महिलाओं का गर्भपात कराने का काम हो रहा है। डाक्टर को रंगे हाथ पकड़ने के लिए टीम बनाई। वहीं एक डिकोय को तैयार किया गया। टीम में डॉ. सुनील, सीडीपीओ प्रवीण छाबड़ा, डा. राजेश व अन्य थे। एक महिला डिकोय को 23 जनवरी को डॉ. इकबाल कौर के पास भेजा गया। डिकोय ने डॉक्टर को बताया वह ढाई माह के गर्भ से है। उसके पास पहले से दो बच्चे हैं। इसलिए वह तीसरा बच्चा नहीं चाहती। वह अब गर्भपात कराना चाहती है। क्लीनिक की डॉक्टर इकबाल कौर ने इस पर आठ हजार रुपये खर्च आने की बात कही। दो हजार रुपये उसकी पीए ने एडवांस ले लिए। इसके बाद पर्ची बनाकर डिकोय को डॉ. ऋतू मग्गो के पास भेज दिया। डॉ. ऋतू मग्गो ने डिकोय का अल्ट्रासाउंड करने के बाद बताया कि उसके गर्भ में भ्रूण ढाई माह का नहीं बल्कि 12 हफ्ते से ज्यादा का है। अब गर्भपात करने में रिस्क है। इसलिए इस पर 12 हजार रुपये खर्च आएगा। डिकोय ने सहमति जताते हुए 12 हजार रुपये देने पर राजी हो गई। डा. मग्गो ने डिकोय को 24 जनवरी को आने को कहा। इस दौरान डाक्टर ने उसे एक गोली भी दी। 24 जनवरी को डिकोय डॉ. ऋतू मग्गो के पास पहुंची। उसके पीछे ही डॉक्टरों की टीम भी अस्पताल के नजदीक पहुंच गई। डॉक्टर ने गर्भपात के लिए डिकोय को इंजेक्शन लगाने की तैयारी कर ली थी। इसी दौरान डिकोय ने टीम को आने का संकेत दे दिया। जैसे ही डॉक्टर डिकोय को इंजेक्शन लगाने लगी तभी टीम मौके पर पहुंच गई और डाक्टर को रंगे हाथ पकड़ लिया। टीम ने यहां से डिकोय से लिए गए 12 हजार रुपये भी बरामद कर लिए। सभी नोट दो हजार के थे। उस समय पीएनडीटी इंचार्ज सुनील कुमार द्वारा एडवाईजरी कमेटी की बैठक के बाद मामले में कार्रवाई करने की बात कहीं गई थी।
दो डॉक्टरों व उनके असिस्टेंट पर केस
मग्गो अस्पताल की संचालिका डा. ऋतू मग्गो, डा. इकबाल कौर व उनकी तीन अस्सिटेंट के खिलाफ केस दर्ज करवा दिया गया है। सोमवार को विभागीय टीम ने मग्गो अस्पताल की अल्ट्रासाउंड मशीन की जांच करवाई तो उसमें भी कई खामियां मिली। मशीन का लाइसेंस भी एक्सपायर हो चुका था। जिसके चलते मशीन का सील कर दिया गया और डॉक्टर को इस संबंध में नोटिस भेजा जाएगा।
- डा. सुनील कुमार, पीएनडीटी इंचार्ज, स्वास्थ्य विभाग यमुनानगर।
मग्गो अस्पताल में रेड के मामले में अस्पताल की डा. ऋतू मग्गो सहित पांच लोगों पर केस दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
- सुभाष चंद्र, एसएचओ, थाना शहर यमुनानगर।
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पीएनडीटी इंचार्ज सुनील कुमार ने बताया कि 24 जनवरी को गर्भपात का इंजेक्शन लगाते पकड़ी गई मग्गो अस्पताल की संचालिका डा. ऋतू मग्गो के खिलाफ कार्रवाई को लेकर एडवाईजरी कमेटी की पांच दिनों तक लगातार पांच बैठकें हुई। जिसमें कमेटी के सदस्यों के निष्कर्ष और विभागीय जांच के बाद पुलिस को मामले की शिकायत दी गई। जिसके बाद मग्गो अस्पताल की संचालिका डा. ऋतू मग्गो, उसकी दो अस्सिटेंट नर्स, डॉ. मग्गो को केस देने वाली डॉ. इकबाल कौर व उसकी अस्सिटेंट नर्स के खिलाफ केस दर्ज कर कार्रवाई की गई है। मामले में अभी किसी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया गया है।
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एक्सपायर लाइसेंस से चला रही थी अल्ट्रासाउंड मशीन
सोमवार को पीएनडीटी इंचार्ज सुनील कुमार, डा. दिव्य मंगला, डा. राजेश मग्गो अस्पताल में पहुंचे। यहां उन्होंने डॉक्टरों से मशीन का लाइसेंस व अन्य दस्तावेज मांगे। लेकिन मशीन का लाइसेंस एक्सपायर हो चुका था। इसके अलावा मशीन के अन्य दस्तावेज भी सहीं नहीं पाए गए। जिसके चलते मशीन का सील कर दिया गया। वहीं विभाग की तरफ से डॉक्टर को इस संबंध में नोटिस भी भेजा गया।
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ये था मामला :
पीएनडीटी इंचार्ज सुनील कुमार को सूचना मिली थी कि माडल टाउन स्थित में भगत सिंह पार्क के नजदीक क्लीनिक चलाने वाली डॉ. इकबाल कौर के माध्यम से गर्भवती महिलाओं का गर्भपात कराने का काम हो रहा है। डाक्टर को रंगे हाथ पकड़ने के लिए टीम बनाई। वहीं एक डिकोय को तैयार किया गया। टीम में डॉ. सुनील, सीडीपीओ प्रवीण छाबड़ा, डा. राजेश व अन्य थे। एक महिला डिकोय को 23 जनवरी को डॉ. इकबाल कौर के पास भेजा गया। डिकोय ने डॉक्टर को बताया वह ढाई माह के गर्भ से है। उसके पास पहले से दो बच्चे हैं। इसलिए वह तीसरा बच्चा नहीं चाहती। वह अब गर्भपात कराना चाहती है। क्लीनिक की डॉक्टर इकबाल कौर ने इस पर आठ हजार रुपये खर्च आने की बात कही। दो हजार रुपये उसकी पीए ने एडवांस ले लिए। इसके बाद पर्ची बनाकर डिकोय को डॉ. ऋतू मग्गो के पास भेज दिया। डॉ. ऋतू मग्गो ने डिकोय का अल्ट्रासाउंड करने के बाद बताया कि उसके गर्भ में भ्रूण ढाई माह का नहीं बल्कि 12 हफ्ते से ज्यादा का है। अब गर्भपात करने में रिस्क है। इसलिए इस पर 12 हजार रुपये खर्च आएगा। डिकोय ने सहमति जताते हुए 12 हजार रुपये देने पर राजी हो गई। डा. मग्गो ने डिकोय को 24 जनवरी को आने को कहा। इस दौरान डाक्टर ने उसे एक गोली भी दी। 24 जनवरी को डिकोय डॉ. ऋतू मग्गो के पास पहुंची। उसके पीछे ही डॉक्टरों की टीम भी अस्पताल के नजदीक पहुंच गई। डॉक्टर ने गर्भपात के लिए डिकोय को इंजेक्शन लगाने की तैयारी कर ली थी। इसी दौरान डिकोय ने टीम को आने का संकेत दे दिया। जैसे ही डॉक्टर डिकोय को इंजेक्शन लगाने लगी तभी टीम मौके पर पहुंच गई और डाक्टर को रंगे हाथ पकड़ लिया। टीम ने यहां से डिकोय से लिए गए 12 हजार रुपये भी बरामद कर लिए। सभी नोट दो हजार के थे। उस समय पीएनडीटी इंचार्ज सुनील कुमार द्वारा एडवाईजरी कमेटी की बैठक के बाद मामले में कार्रवाई करने की बात कहीं गई थी।
दो डॉक्टरों व उनके असिस्टेंट पर केस
मग्गो अस्पताल की संचालिका डा. ऋतू मग्गो, डा. इकबाल कौर व उनकी तीन अस्सिटेंट के खिलाफ केस दर्ज करवा दिया गया है। सोमवार को विभागीय टीम ने मग्गो अस्पताल की अल्ट्रासाउंड मशीन की जांच करवाई तो उसमें भी कई खामियां मिली। मशीन का लाइसेंस भी एक्सपायर हो चुका था। जिसके चलते मशीन का सील कर दिया गया और डॉक्टर को इस संबंध में नोटिस भेजा जाएगा।
- डा. सुनील कुमार, पीएनडीटी इंचार्ज, स्वास्थ्य विभाग यमुनानगर।
मग्गो अस्पताल में रेड के मामले में अस्पताल की डा. ऋतू मग्गो सहित पांच लोगों पर केस दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
- सुभाष चंद्र, एसएचओ, थाना शहर यमुनानगर।