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Yamuna Nagar News: पार्षदों ने समझी ठोस कचरा निस्तारण करने की प्रक्रिया
Mon, 08 Jun 2026 01:27 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Mon, 08 Jun 2026 01:27 AM IST
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प्लांट में पार्षदों को कचरा निस्तारण की प्रक्रिया बताते विशेषज्ञ। प्रवक्ता
संवाद न्यूज एजेंसी
जगाधरी। नगर निगम के विशेष स्वच्छता एवं जन-जागरूकता अभियान के तहत पार्षदों को कैल स्थित कचरा निस्तारण प्लांट और एमआरएफ सेंटर का भ्रमण करवाया गया। भ्रमण के दौरान पार्षदों ने ठोस कचरा प्रबंधन की विभिन्न प्रक्रियाओं को समझा और अपने वार्डों में स्रोत स्तर पर कचरा पृथक्करण को बढ़ावा देने का संकल्प लिया।
निगम आयुक्त महाबीर प्रसाद के निर्देशों पर कार्यक्रम का नेतृत्व मुख्य स्वच्छता निरीक्षक विनोद बेनीवाल ने किया। इस दौरान पार्षदों ने एमआरएफ सेंटर, कंपोस्ट प्लांट, लेगेसी वेस्ट साइट और आरआरआर सेंटर का निरीक्षण किया।
अधिकारियों ने कचरे के संग्रहण से लेकर उसके वैज्ञानिक प्रसंस्करण और अंतिम निस्तारण तक की पूरी प्रक्रिया की जानकारी दी। स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) के विशेषज्ञ लोकेश सेन ने बताया कि गीले और सूखे कचरे को अलग-अलग करने से कचरा प्रबंधन अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है। उन्होंने पुनर्चक्रण और वैज्ञानिक निस्तारण के महत्व पर भी प्रकाश डाला।
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जगाधरी। नगर निगम के विशेष स्वच्छता एवं जन-जागरूकता अभियान के तहत पार्षदों को कैल स्थित कचरा निस्तारण प्लांट और एमआरएफ सेंटर का भ्रमण करवाया गया। भ्रमण के दौरान पार्षदों ने ठोस कचरा प्रबंधन की विभिन्न प्रक्रियाओं को समझा और अपने वार्डों में स्रोत स्तर पर कचरा पृथक्करण को बढ़ावा देने का संकल्प लिया।
निगम आयुक्त महाबीर प्रसाद के निर्देशों पर कार्यक्रम का नेतृत्व मुख्य स्वच्छता निरीक्षक विनोद बेनीवाल ने किया। इस दौरान पार्षदों ने एमआरएफ सेंटर, कंपोस्ट प्लांट, लेगेसी वेस्ट साइट और आरआरआर सेंटर का निरीक्षण किया।
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अधिकारियों ने कचरे के संग्रहण से लेकर उसके वैज्ञानिक प्रसंस्करण और अंतिम निस्तारण तक की पूरी प्रक्रिया की जानकारी दी। स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) के विशेषज्ञ लोकेश सेन ने बताया कि गीले और सूखे कचरे को अलग-अलग करने से कचरा प्रबंधन अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है। उन्होंने पुनर्चक्रण और वैज्ञानिक निस्तारण के महत्व पर भी प्रकाश डाला।
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