{"_id":"61e9cebe2951fd208546eb1e","slug":"case-registered-against-rice-mill-operator-1396-cylinders-seized-yamuna-nagar-news-knl96643525","type":"story","status":"publish","title_hn":"चार साल से बना हुआ था मौत का राइस मिल, खाद्य आपूर्ति विभाग को भी नहीं थी जानकारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चार साल से बना हुआ था मौत का राइस मिल, खाद्य आपूर्ति विभाग को भी नहीं थी जानकारी
विज्ञापन
राइस मिल से सिलेंडर की कालाबाजारी के मामले में खाद्य आपूर्ति अधिकारी की शिकायत पर पुलिस ने एजेंसी संचालक के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। साथ ही बरामद सिलेंडरों को जब्त कर जांच पड़ताल शुरू कर दी है। इससे पहले मुख्यमंत्री उड़नदस्ते की टीम ने छापामारी कर राइस मिल से 1396 भरे और खाली गैस सिलेंडर मिले थे। जांच में यह बात सामने आई है कि राइस मिल में चार साल से यह खेल चल रहा था, लेकिन विभाग और स्थानीय अधिकारियों को इसकी भनक तक नहीं लगी।
छछरौली मार्ग पर स्थित जेके राइस मिल में अनाधिकृत रूप से बने गैस गोदाम में सैकड़ों की संख्या में सिलेंडर बरामद होने के बाद अब स्थानीय प्रशासन और अधिकारियों पर सवाल खड़े हो रहे हैं। चरचा है कि सालों से बड़े पैमाने पर गैस की कालाबाजारी का खेल चल रहा था, लेकिन अफसर अनजान रहे। ऐसे में अगर एक भी सिलेंडर फट जाता तो आसपास के क्षेत्र को बड़ा नुकसान हो सकता था। विभाग की लापरवाही और अनदेखी के कारण सालों से ग्राहकों को सिलेंडरों की आपूर्ति हो रही थी। पंचकूला मुख्यमंत्री उड़नदस्ते को जब इसकी भनक लगी तो इसके खिलाफ कार्रवाई की गई। विदित हो कि बुधवार को मुख्यमंत्री उड़नदस्ते की टीम ने छापामारी कर जेके राइस मिल से 1396 भरे और खाली व्यावसायिक गैस सिलेंडर बरामद किए थे। मामले में वीरवार को बिलासपुर पुलिस ने सहायक खाद्य आपूर्ति अधिकारी वीरेंद्र कुमार की शिकायत पर नीलकमल गैस एजेंसी के संचालक पल्लव के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। साथ ही सभी सिलेंडरों को कब्जे में ले लिया है। पुलिस के अनुसार इस संबंध में एजेंसी संचालक पल्लव सिंगला से राइस मिल में सिलेंडर रखने के परमिट की मांग की गई तो कोई भी वैद्य अनुमति पत्र पेश नहीं किया गया।
विज्ञापन
छछरौली मार्ग पर स्थित जेके राइस मिल में अनाधिकृत रूप से बने गैस गोदाम में सैकड़ों की संख्या में सिलेंडर बरामद होने के बाद अब स्थानीय प्रशासन और अधिकारियों पर सवाल खड़े हो रहे हैं। चरचा है कि सालों से बड़े पैमाने पर गैस की कालाबाजारी का खेल चल रहा था, लेकिन अफसर अनजान रहे। ऐसे में अगर एक भी सिलेंडर फट जाता तो आसपास के क्षेत्र को बड़ा नुकसान हो सकता था। विभाग की लापरवाही और अनदेखी के कारण सालों से ग्राहकों को सिलेंडरों की आपूर्ति हो रही थी। पंचकूला मुख्यमंत्री उड़नदस्ते को जब इसकी भनक लगी तो इसके खिलाफ कार्रवाई की गई। विदित हो कि बुधवार को मुख्यमंत्री उड़नदस्ते की टीम ने छापामारी कर जेके राइस मिल से 1396 भरे और खाली व्यावसायिक गैस सिलेंडर बरामद किए थे। मामले में वीरवार को बिलासपुर पुलिस ने सहायक खाद्य आपूर्ति अधिकारी वीरेंद्र कुमार की शिकायत पर नीलकमल गैस एजेंसी के संचालक पल्लव के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। साथ ही सभी सिलेंडरों को कब्जे में ले लिया है। पुलिस के अनुसार इस संबंध में एजेंसी संचालक पल्लव सिंगला से राइस मिल में सिलेंडर रखने के परमिट की मांग की गई तो कोई भी वैद्य अनुमति पत्र पेश नहीं किया गया।
विज्ञापन