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Yamuna Nagar News: शिक्षा जगत में किया उजाला, अब कमल खिलाने की चाह
Sat, 15 Feb 2025 12:55 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Sat, 15 Feb 2025 12:55 AM IST
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यमुनानगर। शिक्षा जगत में ज्ञान का उजाला करने वाली पूर्व जिला शिक्षा अधिकारी सुमन बहमनी पहली बार नगर निगम का चुनाव लड़ रही हैं। उन्हें भाजपा की तरफ से मेयर उम्मीदवार के लिए टिकट देकर अपना प्रत्याशी घोषित किया है।
हालांकि उनका अभी तक उनका कोई राजनीतिक कॅरिअर नहीं रहा है, लेकिन साफ छवि और शिक्षा जगत में बेहतर कार्य करने वाली सफल डीईओ रही हैं।
उनके पति सतपाल संघ से काफी समय से जुड़े हैं। 55 वर्ष की सुमन बहमनी लेक्चरर के बाद प्रिंसिपल प्रमोट हुई, वें करीब 18 साल बिलासपुर के सरकारी स्कूल में इस पद पर रही। इसके बाद डिप्टी डीईओ, प्रिंसिपल डाइट, जिला एलीमेंट्री ऑफिसर उसके बाद जिला शिक्षा अधिकारी के पद पर रहीं। नगर पालिका रादौर से चेयरमैन पद के लिए भाजपा से रजनीश मेहता को प्रत्याशी बनाया गया है। वहीं उधर, भाजपा से मेयर के लिए टिकट मिलने की चाह रखने वालों के अरमानों पर भी पानी फिर गया।
उन्हें मेयर बताती सूची शुक्रवार दोपहर को सोशल मीडिया पर वायरल होने लगी थी, पर भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मोहनलाल बडौली के हस्ताक्षर न होने से सूची सही है या नहीं, इसको लेकर असमंजस बना रहा। रात में यही सूची दोबारा वायरल हुई। इस बार सूची पर प्रदेशाध्यक्ष के हस्ताक्षर थे, वहीं सुमन बहमनी के सेक्टर-17 स्थित निवास स्थान पर रात में जश्न मनाया जाने लगा। साथ ही उन्हें मेयर का टिकट मिलने पर भाजपा जिलाध्यक्ष राजेश सपरा ने मिठाई खिलाकर बधाई दी। उधर, इनेलो की शनिवार (आज) को प्रत्याशियों का ऐलान करने की तैयारी है, वहीं कांग्रेस भी रविवार (कल) अपने प्रत्याशी बताने की रणनीति तैयार कर चुकी है।
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सुमन बहमनी ने नौकरी छोड़ छह माह पहले भाजपा की सदस्यता ली थी। अक्तूबर-2024 के विधानसभा चुनाव में वह विधायक की टिकट के लिए भी भाजपा से दावेदार थीं। इसके चलते ही उन्होंने डीईओ पद पर रहते वीआरएस ले ली थी। लेकिन विधायक का टिकट पहले जैसे घनश्याम दास अरोड़ा को मिला, बावजूद इसके सुमन बहमनी पार्टी में जुड़ी रहीं और पहले जैसे मिली जिम्मेदारियां निभाती गईं। संगठन के प्रति उनकी यह ईमानदारी अब उनके काम आई, वहीं साफ छवि और पढ़ी-लिखी होने के साथ आयुष विभाग से सेवानिवृत्त पति सतपाल बहमनी का आरएसएस से जुड़ाव भी उन्हें मेयर का टिकट मिलने की वजह माना जा रहा है। साथ ही सुमन बहमनी का बीईओ व डीईओ रहते अफसरों से काम लेने के गुर के चलते भी मेयर टिकट की दावेदारी में सबसे आगे निकल गईं। पति सतपाल आरएसएस से भी जुड़े हुए हैं।
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हालांकि उनका अभी तक उनका कोई राजनीतिक कॅरिअर नहीं रहा है, लेकिन साफ छवि और शिक्षा जगत में बेहतर कार्य करने वाली सफल डीईओ रही हैं।
उनके पति सतपाल संघ से काफी समय से जुड़े हैं। 55 वर्ष की सुमन बहमनी लेक्चरर के बाद प्रिंसिपल प्रमोट हुई, वें करीब 18 साल बिलासपुर के सरकारी स्कूल में इस पद पर रही। इसके बाद डिप्टी डीईओ, प्रिंसिपल डाइट, जिला एलीमेंट्री ऑफिसर उसके बाद जिला शिक्षा अधिकारी के पद पर रहीं। नगर पालिका रादौर से चेयरमैन पद के लिए भाजपा से रजनीश मेहता को प्रत्याशी बनाया गया है। वहीं उधर, भाजपा से मेयर के लिए टिकट मिलने की चाह रखने वालों के अरमानों पर भी पानी फिर गया।
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उन्हें मेयर बताती सूची शुक्रवार दोपहर को सोशल मीडिया पर वायरल होने लगी थी, पर भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मोहनलाल बडौली के हस्ताक्षर न होने से सूची सही है या नहीं, इसको लेकर असमंजस बना रहा। रात में यही सूची दोबारा वायरल हुई। इस बार सूची पर प्रदेशाध्यक्ष के हस्ताक्षर थे, वहीं सुमन बहमनी के सेक्टर-17 स्थित निवास स्थान पर रात में जश्न मनाया जाने लगा। साथ ही उन्हें मेयर का टिकट मिलने पर भाजपा जिलाध्यक्ष राजेश सपरा ने मिठाई खिलाकर बधाई दी। उधर, इनेलो की शनिवार (आज) को प्रत्याशियों का ऐलान करने की तैयारी है, वहीं कांग्रेस भी रविवार (कल) अपने प्रत्याशी बताने की रणनीति तैयार कर चुकी है।
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सुमन बहमनी ने नौकरी छोड़ छह माह पहले भाजपा की सदस्यता ली थी। अक्तूबर-2024 के विधानसभा चुनाव में वह विधायक की टिकट के लिए भी भाजपा से दावेदार थीं। इसके चलते ही उन्होंने डीईओ पद पर रहते वीआरएस ले ली थी। लेकिन विधायक का टिकट पहले जैसे घनश्याम दास अरोड़ा को मिला, बावजूद इसके सुमन बहमनी पार्टी में जुड़ी रहीं और पहले जैसे मिली जिम्मेदारियां निभाती गईं। संगठन के प्रति उनकी यह ईमानदारी अब उनके काम आई, वहीं साफ छवि और पढ़ी-लिखी होने के साथ आयुष विभाग से सेवानिवृत्त पति सतपाल बहमनी का आरएसएस से जुड़ाव भी उन्हें मेयर का टिकट मिलने की वजह माना जा रहा है। साथ ही सुमन बहमनी का बीईओ व डीईओ रहते अफसरों से काम लेने के गुर के चलते भी मेयर टिकट की दावेदारी में सबसे आगे निकल गईं। पति सतपाल आरएसएस से भी जुड़े हुए हैं।