{"_id":"68a21f1206e2875b4e07adc7","slug":"accused-arrested-for-selling-property-using-fake-id-yamuna-nagar-news-c-246-1-sknl1022-142364-2025-08-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Yamuna Nagar News: फर्जी आईडी से संपत्ति बेचने का आरोपी काबू","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Yamuna Nagar News: फर्जी आईडी से संपत्ति बेचने का आरोपी काबू
Sun, 17 Aug 2025 11:57 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Sun, 17 Aug 2025 11:57 PM IST
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। फर्जी तरीके से संपत्ति बेचने के मामले में थाना शहर यमुनानगर पुलिस ने चोपड़ा गार्डन निवासी विक्रम को गिरफ्तार कर लिया। विक्रम को कोर्ट में पेश कर पुलिस ने तीन दिन के रिमांड पर लिया, जिससे पूछताछ में पूरे मामले का खुलासा हो सके।
थाना प्रभारी नरेंद्र राणा ने बताया कि फरीदाबाद के सेक्टर-आठ निवासी योगेश शर्मा ने शिकायत दी थी कि उनकी टैगोर गार्डन में संपत्ति है। इस पर विवाद चल रहा है और कोर्ट से स्टे है। आरोप है कि विक्रम बख्शी व विशाल बख्शी ने निगम कर्मियों से मिलीभगत कर संपत्ति की नई आईडी बनवा ली।
इसके बाद करोड़ों रुपये की संपत्ति को सस्ते दाम में बेच दिया।शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच की। पुलिस ने आरोपियों को बुलाया, पर वह पेश नहीं हुए। नगर निगम से रिकॉर्ड जांचा गया। इसमें पाया कि रामपाल मान व आशीष ने संपत्ति की नई आईडी बनाई है। संपत्ति 140 वर्ग गज थीा।
विज्ञापन
इसके बाद भी 28 अक्टूबर 2024 की रात आठ बजकर 55 मिनट पर संपत्ति की नई आईडी के लिए अप्लाई किया गया और नौ बजकर 46 मिनट पर नई आईडी तैयार कर दी गई फिर प्रॉपर्टी को बेच दिया गया।
विज्ञापन
यमुनानगर। फर्जी तरीके से संपत्ति बेचने के मामले में थाना शहर यमुनानगर पुलिस ने चोपड़ा गार्डन निवासी विक्रम को गिरफ्तार कर लिया। विक्रम को कोर्ट में पेश कर पुलिस ने तीन दिन के रिमांड पर लिया, जिससे पूछताछ में पूरे मामले का खुलासा हो सके।
थाना प्रभारी नरेंद्र राणा ने बताया कि फरीदाबाद के सेक्टर-आठ निवासी योगेश शर्मा ने शिकायत दी थी कि उनकी टैगोर गार्डन में संपत्ति है। इस पर विवाद चल रहा है और कोर्ट से स्टे है। आरोप है कि विक्रम बख्शी व विशाल बख्शी ने निगम कर्मियों से मिलीभगत कर संपत्ति की नई आईडी बनवा ली।
विज्ञापन
इसके बाद करोड़ों रुपये की संपत्ति को सस्ते दाम में बेच दिया।शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच की। पुलिस ने आरोपियों को बुलाया, पर वह पेश नहीं हुए। नगर निगम से रिकॉर्ड जांचा गया। इसमें पाया कि रामपाल मान व आशीष ने संपत्ति की नई आईडी बनाई है। संपत्ति 140 वर्ग गज थीा।
विज्ञापन
इसके बाद भी 28 अक्टूबर 2024 की रात आठ बजकर 55 मिनट पर संपत्ति की नई आईडी के लिए अप्लाई किया गया और नौ बजकर 46 मिनट पर नई आईडी तैयार कर दी गई फिर प्रॉपर्टी को बेच दिया गया।