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नेशनल हाईवे पर भिगान टोल प्लाजा दोबारा फ्री हुआ, सरोहा खाप गांवों में संघर्ष कमेटी गठित करने को अभियान चलाएगी
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गांवों में संघर्ष कमेटी बनाने का अभियान चलाने को बैठक करते सरोहा खाप के लोग
- फोटो : Sonipat
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सोनीपत। गणतंत्र दिवस के बाद शुरू कराए गए नेशनल हाईवे के भिगान टोल प्लाजा को दोबारा से फ्री करा दिया गया है। आंतिल खाप के टोल प्लाजा को फ्री कराए जाने की चेतावनी के बाद ऐसा किया गया है। वहीं सरोहा खाप ने बैठक करके अब गांव स्तर पर संघर्ष कमेटी बनाने का फैसला लिया है, जिससे हर गांव में किसान आंदोलन का समर्थन करने के लिए ग्रामीणों को जागरूक किया जा सके। इसके लिए अभियान शुरू कर दिया गया है और सरोहा खाप का मानना है कि इसका असर जल्द ही दिखाई देगा।
कृषि कानून रद्द कराने की मांग को लेकर आंदोलन कर किसानों नेताओं ने पंजाब के बाद हरियाणा के सभी टोल प्लाजा फ्री कराने का आह्वान किया था। जिससे 23 दिसंबर से सभी नेशनल हाईवे व अन्य सड़कों के टोल प्लाजा फ्री करा दिए गए थे, जिनमें केजीपी व केएमपी के टोल प्लाजा भी शामिल थे। 26 जनवरी को ट्रैक्टर परेड के दौरान दिल्ली में हुई हिंसा के बाद किसानों का आंदोलन कमजोर पड़ गया था। जिसके बाद किसान आंदोलन छोड़कर घर लौटने लगे थे। किसानों के कमजोर पड़ते आंदोलन को देखते हुए ही सरकार ने सभी टोल को दोबारा शुरू करवाने के निर्देश दिए थे, जिसके बाद जिला प्रशासन ने पुलिस की मौजूदगी में टोल को दोबारा शुरू करा दिया था। सोनीपत में नेशनल हाईवे 44 के भिगान टोल प्लाजा के साथ ही केजीपी व केएमपी के टोल प्लाजा भी शुरू करा दिए गए थे। लेकिन अब आंतिल खाप ने भिगान टोल को बुधवार तक बंद कराने की चेतावनी दी हुई थी, जिससे मंगलवार रात ही टोल प्लाजा को फ्री कर दिया गया। आंतिल खाप के प्रधान हवा सिंह आंतिल ने कहा कि टोल प्लाजा को अब दोबारा से शुरू नहीं करने दिया जाएगा और उसे शुरू करने का प्रयास किया गया तो आंतिल खाप वहां डेरा डाल देगी।
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सरोहा खाप ने गांवों में संघर्ष समिति बनाने को अभियान चलाने का फैसला लिया
सरोहा खाप की बुधवार को बैठक हुई, जिसमें किसान आंदोलन में अपनी भूमिका बढ़ाने का फैसला लिया गया। जिसके लिए कहा गया कि अब सरोहा खाप गांवों में संघर्ष समिति बनाने का अभियान चलाएगी। खाप के प्रधान रणधीर सरोहा व प्रवक्ता अशोक सरोहा ने कहा कि खाप पहले ही किसान आंदोलन को समर्थन दे चुकी है और खाप के गांवों से बड़ी संख्या में किसान कुंडली धरनास्थल पर गए थे। अब भी रोजाना गांवों से खाप के लोग धरनास्थल पर जाएंगे। इसके अलावा गांवों में संघर्ष समिति बनाकर ग्रामीणों को किसान आंदोलन के लिए जागरूक किया जाएगा।
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गहलावत खाप ने भी दिया समर्थन, 150 ट्रैक्टरों का काफिला कुंडली बॉर्डर पहुंचा
कृषि कानूनों के विरोध में प्रदर्शन कर रहे किसानों के समर्थन में खाप लगातार आगे आ रही है। बुधवार को गहलावत खाप ने भी किसान आंदोलन का समर्थन किया। गहलावत खाप प्रधान सतबीर नंबरदार के नेतृत्व में 150 ट्रैक्टरों का काफिला कुंडली बॉर्डर की तरफ रवाना हुआ। फरमाणा गांव में एकत्रित हुए किसानों के ट्रैक्टरों का काफिला सिलाना, सिसाना, खरखौदा, पीपली टोल प्लाजा से होते हुए केएमपी मार्ग से कुंडली बॉर्डर पहुंचा। गहलावत खाप प्रधान सतबीर नंबरदार ने कहा कि 3 कृषि कानून बनाकर सरकार ने किसानों को आंदोलन करने पर मजबूर कर दिया है। गहलावत खाप ने आंदोलन कर रहे किसानों के लिए 1 लाख 1 हजार रुपए व खाद्य सामग्री पहुंचा कर मदद की है। अब गहलावत खाप भी बॉर्डर पर आंदोलन में धरना देगी। जब तक इस कानून को रद्द नहीं किया जाता, तब तक वे आंदोलन में शामिल रहेंगे। खरखौदा पूर्व विधायक सुखबीर फरमाणा ने कहा कि आंदोलन कर रहे किसानों को समर्थन व मदद देने के लिए वे सिंघु बॉर्डर पर जा रहे हैं।
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कृषि कानून रद्द कराने की मांग को लेकर आंदोलन कर किसानों नेताओं ने पंजाब के बाद हरियाणा के सभी टोल प्लाजा फ्री कराने का आह्वान किया था। जिससे 23 दिसंबर से सभी नेशनल हाईवे व अन्य सड़कों के टोल प्लाजा फ्री करा दिए गए थे, जिनमें केजीपी व केएमपी के टोल प्लाजा भी शामिल थे। 26 जनवरी को ट्रैक्टर परेड के दौरान दिल्ली में हुई हिंसा के बाद किसानों का आंदोलन कमजोर पड़ गया था। जिसके बाद किसान आंदोलन छोड़कर घर लौटने लगे थे। किसानों के कमजोर पड़ते आंदोलन को देखते हुए ही सरकार ने सभी टोल को दोबारा शुरू करवाने के निर्देश दिए थे, जिसके बाद जिला प्रशासन ने पुलिस की मौजूदगी में टोल को दोबारा शुरू करा दिया था। सोनीपत में नेशनल हाईवे 44 के भिगान टोल प्लाजा के साथ ही केजीपी व केएमपी के टोल प्लाजा भी शुरू करा दिए गए थे। लेकिन अब आंतिल खाप ने भिगान टोल को बुधवार तक बंद कराने की चेतावनी दी हुई थी, जिससे मंगलवार रात ही टोल प्लाजा को फ्री कर दिया गया। आंतिल खाप के प्रधान हवा सिंह आंतिल ने कहा कि टोल प्लाजा को अब दोबारा से शुरू नहीं करने दिया जाएगा और उसे शुरू करने का प्रयास किया गया तो आंतिल खाप वहां डेरा डाल देगी।
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सरोहा खाप ने गांवों में संघर्ष समिति बनाने को अभियान चलाने का फैसला लिया
सरोहा खाप की बुधवार को बैठक हुई, जिसमें किसान आंदोलन में अपनी भूमिका बढ़ाने का फैसला लिया गया। जिसके लिए कहा गया कि अब सरोहा खाप गांवों में संघर्ष समिति बनाने का अभियान चलाएगी। खाप के प्रधान रणधीर सरोहा व प्रवक्ता अशोक सरोहा ने कहा कि खाप पहले ही किसान आंदोलन को समर्थन दे चुकी है और खाप के गांवों से बड़ी संख्या में किसान कुंडली धरनास्थल पर गए थे। अब भी रोजाना गांवों से खाप के लोग धरनास्थल पर जाएंगे। इसके अलावा गांवों में संघर्ष समिति बनाकर ग्रामीणों को किसान आंदोलन के लिए जागरूक किया जाएगा।
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गहलावत खाप ने भी दिया समर्थन, 150 ट्रैक्टरों का काफिला कुंडली बॉर्डर पहुंचा
कृषि कानूनों के विरोध में प्रदर्शन कर रहे किसानों के समर्थन में खाप लगातार आगे आ रही है। बुधवार को गहलावत खाप ने भी किसान आंदोलन का समर्थन किया। गहलावत खाप प्रधान सतबीर नंबरदार के नेतृत्व में 150 ट्रैक्टरों का काफिला कुंडली बॉर्डर की तरफ रवाना हुआ। फरमाणा गांव में एकत्रित हुए किसानों के ट्रैक्टरों का काफिला सिलाना, सिसाना, खरखौदा, पीपली टोल प्लाजा से होते हुए केएमपी मार्ग से कुंडली बॉर्डर पहुंचा। गहलावत खाप प्रधान सतबीर नंबरदार ने कहा कि 3 कृषि कानून बनाकर सरकार ने किसानों को आंदोलन करने पर मजबूर कर दिया है। गहलावत खाप ने आंदोलन कर रहे किसानों के लिए 1 लाख 1 हजार रुपए व खाद्य सामग्री पहुंचा कर मदद की है। अब गहलावत खाप भी बॉर्डर पर आंदोलन में धरना देगी। जब तक इस कानून को रद्द नहीं किया जाता, तब तक वे आंदोलन में शामिल रहेंगे। खरखौदा पूर्व विधायक सुखबीर फरमाणा ने कहा कि आंदोलन कर रहे किसानों को समर्थन व मदद देने के लिए वे सिंघु बॉर्डर पर जा रहे हैं।