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सो रहे लोगों पर हमला, तीन मरणासन्न
ब्यूरो/अमर उजाला, सोनीपत
Updated Wed, 10 Sep 2014 12:50 AM IST
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गांव बड़वासनी में दीवार फांदकर पशुबाड़े में रात को आए कुछ युवकों ने सो रहे तीन लोगों को लाठियों-डंडों से मारपीट कर मरणासन्न कर दिया और मौके से फरार हो गए।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने मुआयना कर घायलों को सिविल अस्पताल पहुंचाया जहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार कर पीजीआई रोहतक रेफर कर दिया। हालांकि सोनीपत स्थित एक निजी अस्पताल में ही इन घायलों का इलाज चल रहा है। पुलिस ने घायलों के बयान पर दो नामजद सहित अन्य चार के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
थाना सदर पुलिस को दी शिकायत में गांव बड़वासनी निवासी बृजेंद्र ने बताया कि रविवार रात वह और उसके पिता महेंद्र पशुबाड़े में जाकर एक कमरे में सो गए। जबकि उसका ताऊ रणधीर बरामदे में सो रहा था। कमरे में बल्ब जलने के साथ कमरे के दरवाजे खुले हुए थे। वहीं चोरों के डर से पशुबाडे़ के मुख्य गेट पर ताला लगा दिया था।
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रात के करीब 1 बजे दीवार के साथ बुग्गी लगाकर 5-6 युवक दीवार फांदकर पशुबाडे़ में घुस आए। उनमें से कु छ युवक कमरे में घुस गए और कुछ रणधीर के पास चले गए। इनको जान से मारने की नीयत से इन पर लाठी-डंडों से कई वार किए। हमलावर तीनों मरणासन्न कर मौके से फरार हो गए। पीड़ितों के मुताबिक हमलावरों में गांव के संदीप और देवेंद्र भी शामिल थे।
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सूचना पर पहुंची पुलिस ने मुआयना कर घायलों को सिविल अस्पताल पहुंचाया जहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार कर पीजीआई रोहतक रेफर कर दिया। हालांकि सोनीपत स्थित एक निजी अस्पताल में ही इन घायलों का इलाज चल रहा है। पुलिस ने घायलों के बयान पर दो नामजद सहित अन्य चार के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
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थाना सदर पुलिस को दी शिकायत में गांव बड़वासनी निवासी बृजेंद्र ने बताया कि रविवार रात वह और उसके पिता महेंद्र पशुबाड़े में जाकर एक कमरे में सो गए। जबकि उसका ताऊ रणधीर बरामदे में सो रहा था। कमरे में बल्ब जलने के साथ कमरे के दरवाजे खुले हुए थे। वहीं चोरों के डर से पशुबाडे़ के मुख्य गेट पर ताला लगा दिया था।
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रात के करीब 1 बजे दीवार के साथ बुग्गी लगाकर 5-6 युवक दीवार फांदकर पशुबाडे़ में घुस आए। उनमें से कु छ युवक कमरे में घुस गए और कुछ रणधीर के पास चले गए। इनको जान से मारने की नीयत से इन पर लाठी-डंडों से कई वार किए। हमलावर तीनों मरणासन्न कर मौके से फरार हो गए। पीड़ितों के मुताबिक हमलावरों में गांव के संदीप और देवेंद्र भी शामिल थे।