{"_id":"651c65f1203fffeddd024b24","slug":"the-government-should-come-in-such-a-way-that-the-farmer-does-not-have-to-sacrifice-his-life-deependra-sonipat-news-c-197-1-snp1003-7093-2023-10-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"सरकार ऐसी आए कि किसान को जान न देना पड़े : दीपेंद्र","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सरकार ऐसी आए कि किसान को जान न देना पड़े : दीपेंद्र
Wed, 04 Oct 2023 12:35 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Wed, 04 Oct 2023 12:35 AM IST
विज्ञापन
फोटो 31. सिसाना में धर्मार्थ गोशाला के वार्षिकोत्सव पर पहुंचे सांसद दीपेंद्र हुड्डा को स्मृति च
खरखौदा। गांव सिसाना स्थित धर्मार्थ गोशाला के वार्षिकोत्सव के समापन पर मुख्यातिथि राज्यसभा सदस्य दीपेंद्र हुड्डा का गोशाला समिति प्रधान की ओर से पगड़ी बांधकर स्वागत किया गया।
उन्होंने कहा कि गायों के प्रति सेवाभाव रखना और इनकी सेवा करना हमारी सनातन संस्कृति का हिस्सा है। उन्हें खुशी है कि सिसाना की धर्मार्थ गोशाला करीब सवा सौ वर्षों से इसका बखूबी पालन करती आ रही है। उन्होंने कहा कि यह गोसेवा भाव का परिचय है। गोशाला का संचालन हमारी संस्कार और संस्कृति का प्रतीक है। यह गोशाला प्रदेश की प्राचीनतम गोशालाओं में से एक है, जिसे लेकर जब भी आप लोगों की तरफ से हमारी कोई जिम्मेदारी लगाई गई हमने उस पर खरा उतरने का काम किया है।
दीपेंद्र ने कहा कि अगले अक्तूबर में आपके समक्ष एक नई सरकार होगी। वह राजनीति की बात नहीं करते। बस यही कहेंगे कि ऐसी सरकार आए कि किसान को अपनी जान न देनी पड़े। सरकार की कलम प्रदेश के लोगों के हितों में चले। ओलंपिक विजेता खिलाड़ियों को सड़क पर घसीटा न जाए। नई सरकार विकास के रास्ते पर प्रदेश को पहुंचाने का काम करें। सिसाना को प्रदेश का नंबर वन गांव बनाने का काम करें। ऐसी सरकार प्रदेश में आनी चाहिए।
विज्ञापन
किलोई से पहले मेरे लिए खरखौदा रहा
आगामी समय में होने वाली परिसीमन को लेकर उन्होंने कहा कि क्या पता ऐसा होने पर मेरा ही दिल यहां से चुनाव में उतरने का कर जाए। ऐसे में पहले से ही किसी एक नाम पर सहमति बनाने की जल्दबाजी न करें। किलोई से पहले मेरे लिए खरखौदा रहा है। उन्होंने कहा कि मौजूदा जजपा-भाजपा सरकार में गोमाता का जयकारा लगाकर अपनी जिम्मेदारियां पूरी की जा रही हैं, जबकि सच्चाई यह है कि वर्ष 2019 में सरकार की नजरों में प्रदेश की सड़कें गायों से मुक्त हो चुकी हैं, जबकि लाखों गायों को सड़कों पर घूमता हुआ देखा जा सकता है। सरकार को चाहिए कि इनके लिए व्यवस्था करने का काम करें। कोरे वादे करने से कुछ नहीं होता है। उन्होंने इस अवसर पर 11 लाख रुपये गोशाला को दान करने की घोषणा की।
गोशाला को चंदा एकत्रित करने की जरूरत नहीं पड़ेगी
विधायक जयवीर सिंह ने कहा कि प्रदेशभर में माहौल बन चुका है। जिस प्रकार से हर वर्ग पिस रहा है, ऐसे में इस सरकार को उखाड़ फेंकना जरूरी हो गया है। उन्होंने एक लाख 11 हजार रुपये गोशाला में देने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि सरकार बनने के बाद गोशाला को चंदा एकत्रित करने की जरूरत नहीं पड़ेगी। इस दौरान विधायक इंदुराज नरवाल, पूर्व विधायक सुखबीर फरमाना, पूर्व विधायक पदम दहिया, सुरेंद्र शर्मा, जोगेंद्र दहिया, पूर्व पार्षद सुनील, विक्की सिसाना, ढीलू प्रधान, अंकित दहिया मौजूद रहे।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि गायों के प्रति सेवाभाव रखना और इनकी सेवा करना हमारी सनातन संस्कृति का हिस्सा है। उन्हें खुशी है कि सिसाना की धर्मार्थ गोशाला करीब सवा सौ वर्षों से इसका बखूबी पालन करती आ रही है। उन्होंने कहा कि यह गोसेवा भाव का परिचय है। गोशाला का संचालन हमारी संस्कार और संस्कृति का प्रतीक है। यह गोशाला प्रदेश की प्राचीनतम गोशालाओं में से एक है, जिसे लेकर जब भी आप लोगों की तरफ से हमारी कोई जिम्मेदारी लगाई गई हमने उस पर खरा उतरने का काम किया है।
विज्ञापन
दीपेंद्र ने कहा कि अगले अक्तूबर में आपके समक्ष एक नई सरकार होगी। वह राजनीति की बात नहीं करते। बस यही कहेंगे कि ऐसी सरकार आए कि किसान को अपनी जान न देनी पड़े। सरकार की कलम प्रदेश के लोगों के हितों में चले। ओलंपिक विजेता खिलाड़ियों को सड़क पर घसीटा न जाए। नई सरकार विकास के रास्ते पर प्रदेश को पहुंचाने का काम करें। सिसाना को प्रदेश का नंबर वन गांव बनाने का काम करें। ऐसी सरकार प्रदेश में आनी चाहिए।
विज्ञापन
किलोई से पहले मेरे लिए खरखौदा रहा
आगामी समय में होने वाली परिसीमन को लेकर उन्होंने कहा कि क्या पता ऐसा होने पर मेरा ही दिल यहां से चुनाव में उतरने का कर जाए। ऐसे में पहले से ही किसी एक नाम पर सहमति बनाने की जल्दबाजी न करें। किलोई से पहले मेरे लिए खरखौदा रहा है। उन्होंने कहा कि मौजूदा जजपा-भाजपा सरकार में गोमाता का जयकारा लगाकर अपनी जिम्मेदारियां पूरी की जा रही हैं, जबकि सच्चाई यह है कि वर्ष 2019 में सरकार की नजरों में प्रदेश की सड़कें गायों से मुक्त हो चुकी हैं, जबकि लाखों गायों को सड़कों पर घूमता हुआ देखा जा सकता है। सरकार को चाहिए कि इनके लिए व्यवस्था करने का काम करें। कोरे वादे करने से कुछ नहीं होता है। उन्होंने इस अवसर पर 11 लाख रुपये गोशाला को दान करने की घोषणा की।
गोशाला को चंदा एकत्रित करने की जरूरत नहीं पड़ेगी
विधायक जयवीर सिंह ने कहा कि प्रदेशभर में माहौल बन चुका है। जिस प्रकार से हर वर्ग पिस रहा है, ऐसे में इस सरकार को उखाड़ फेंकना जरूरी हो गया है। उन्होंने एक लाख 11 हजार रुपये गोशाला में देने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि सरकार बनने के बाद गोशाला को चंदा एकत्रित करने की जरूरत नहीं पड़ेगी। इस दौरान विधायक इंदुराज नरवाल, पूर्व विधायक सुखबीर फरमाना, पूर्व विधायक पदम दहिया, सुरेंद्र शर्मा, जोगेंद्र दहिया, पूर्व पार्षद सुनील, विक्की सिसाना, ढीलू प्रधान, अंकित दहिया मौजूद रहे।

फोटो 31. सिसाना में धर्मार्थ गोशाला के वार्षिकोत्सव पर पहुंचे सांसद दीपेंद्र हुड्डा को स्मृति च