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कुदरत की मार झेल रहे किसानों के साथ सरकार ने किया धोखा : जयतीर्थ दहिया
Wed, 06 Mar 2024 11:22 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Wed, 06 Mar 2024 11:22 PM IST
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सोनीपत। राई से पूर्व विधायक जयतीर्थ दहिया ने कहा कि महंगाई व कुदरत की मार झेल रहे किसानों के साथ सरकार ने एक बार फिर धोखा किया है। ओलावृष्टि से तबाह हुए किसानों पर पोर्टल व 5 एकड़ की शर्त लगाकर सरकार ने अपनी किसान विरोधी नीति का परिचय दिया है। राई क्षेत्र में आंकड़ों से कहीं ज्यादा नुकसान हुआ है। पहले यमुना के उफान से राई क्षेत्र के किसान बर्बाद हुए तो अब ओलावृष्टि ने उनके अरमानों को कुचल दिया है।
पूर्व विधायक जयतीर्थ दहिया ने कहा कि हाल ही में ओलावृष्टि से फसलें तबाह हो गई हैं। सरसों व सब्जियों की फसलें तो पूरी तरह से बर्बाद हो गई हैं, जिससे किसानों की कई महीने की मेहनत पर पानी फिर गया है। अब सरकार मुआवजा देने के लिए जो शर्तें लगा रही हैं, वे व्यावहारिक नहीं हैं। किसानों के साथ सरासर धोखा है। मसलन, ई- क्षतिपूर्ति पोर्टल पर आवेदन की शर्त रखी गई है, लेकिन इस पोर्टल का हर समय सर्वर डाउन रहता है। सरकार को चाहिए कि तुरंत गिरदावरी करवाकर 40 हजार से 50 हजार रुपए तक प्रति एकड़ मुआवजा दिया जाना चाहिए। यह मांग पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा भी सरकार के सामने रख चुके हैं, लेकिन सरकार घंमड में है। किसानों के सामने 15 मार्च तक पोर्टल पर आवेदन की शर्त भी यह दर्शाती है कि सरकार किसानों के साथ खुलेआम अन्याय कर रही है।
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पूर्व विधायक जयतीर्थ दहिया ने कहा कि हाल ही में ओलावृष्टि से फसलें तबाह हो गई हैं। सरसों व सब्जियों की फसलें तो पूरी तरह से बर्बाद हो गई हैं, जिससे किसानों की कई महीने की मेहनत पर पानी फिर गया है। अब सरकार मुआवजा देने के लिए जो शर्तें लगा रही हैं, वे व्यावहारिक नहीं हैं। किसानों के साथ सरासर धोखा है। मसलन, ई- क्षतिपूर्ति पोर्टल पर आवेदन की शर्त रखी गई है, लेकिन इस पोर्टल का हर समय सर्वर डाउन रहता है। सरकार को चाहिए कि तुरंत गिरदावरी करवाकर 40 हजार से 50 हजार रुपए तक प्रति एकड़ मुआवजा दिया जाना चाहिए। यह मांग पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा भी सरकार के सामने रख चुके हैं, लेकिन सरकार घंमड में है। किसानों के सामने 15 मार्च तक पोर्टल पर आवेदन की शर्त भी यह दर्शाती है कि सरकार किसानों के साथ खुलेआम अन्याय कर रही है।
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