{"_id":"5e09050e8ebc3e87eb43d624","slug":"tempreture-low-sonipat-news-rtk534735441","type":"story","status":"publish","title_hn":"सोनीपत में 21 साल का टूटा रिकॉर्ड, 2.8 डिग्री सेल्सियस पर पहुंचा न्यूनतम तापमान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सोनीपत में 21 साल का टूटा रिकॉर्ड, 2.8 डिग्री सेल्सियस पर पहुंचा न्यूनतम तापमान
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सोनीपत। जिले में हाड़ कंपाने वाली ठंड का प्रकोप लगातार जारी है। ठंड की अधिकता के चलते 21 साल का रिकॉर्ड टूट गया है। शीतलहर के चलते रविवार को न्यूनतम तापमान 2.8 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया है। इससे पहले जिले में सन 1997 में न्यूनतम तापमान 2.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ था।
ठंड से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो चुका है। रविवार को छुट्टी का दिन होने के चलते लोग घरों में दुबके रहे। दोपहर को धूप खिलने के बाद लोग घरों से बाहर निकले, लेकिन कुछ देर बाद ठंड के कारण घरों में घुस गए। मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार नए साल में ठंड से राहत मिलने की उम्मीद है। वहीं बढ़ती ठंड और बर्फीली हवाओं के प्रकोप को देखते हुए शिक्षा निदेशालय ने 30 व 31 दिसंबर को प्रदेश के सभी सरकारी और निजी स्कूलों में अवकाश की घोषणा की है। सभी जिलों के जिला शिक्षा अधिकारियों को भेजे गए पत्र में 1 से 15 जनवरी तक शीतकालीन अवकाश रहने की बात कही गई है।
रविवार को अल सुबह कोहरा होने की वजह से वाहन चालकों को दिक्कत हुई। सुबह के समय फसलों पर पाला भी जमा मिला। रविवार को जिले का अधिकतम तापमान 15 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 2.8 डिग्री सेंल्सियस दर्ज किया गया। शीत लहर चलने से लोग घरों में ही दुबके रहे। हाड़ जमा देने वाली सर्द हवाओं की वजह से कामकाज भी ठप रहा। दोपहर को धूप खिलने के बाद कुछ राहत मिली। जिसके बाद पार्कों में चहल-पहल बढ़ी। हालांकि कुछ देर बाद फिर से शीत लहर के चलते लोग घरों में घुस गए। मौसम विभाग के अनुसार 1 जनवरी के बाद कुछ राहत की उम्मीद है। इसके बाद न्यूनतम तापमान मेें इजाफा होगा। ठंड से बचने के लिए लोग दिनभर जगह-जगह अलाव का सहारा लेते दिखाई दे रहे हैं।
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लगातार बढ़ रही ठंड
जिले में 14 दिसंबर से गिरना शुरू हुआ तापमान लगातार 15वें दिन भी कम हुआ। मौसम विशेषज्ञों की मानें तो पिछली बार इतने समय तक सर्दी वर्ष 1997 में हुई थी। तब तापमान 2.9 डिग्री तक पहुंच गया था। वहीं चार साल 1997, 1998, 2003 व 2014 में ही इतने दिन तक लगातार ठंड रही है। जिले में वर्ष 2018 में 29 दिसंबर को अधिकतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 6 डिग्री सेल्सियस रहा था।
पश्चिमी विक्षोभ से पड़ेगा असर
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि 30 दिसंबर को पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो सकता है। इसके प्रभाव से पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी हो सकती है। 31 दिसंबर से 2 जनवरी के बीच बारिश होने की भी संभावना है। इस पूरे सप्ताह सूर्यदेव के दर्शन कम ही हुए हैं। धूप निकलने के बाद लोग बाहर निकल धूप सेकने की कोशिश करते हैं, लेकिन शीत लहर धूप का असर भी बेअसर कर रही है। ठंड से बचाव के लिए लोग अलाव का सहारा ले रहे हैं।
चिकित्सक दे रहे बचने की सलाह
गिरते तापमान से जनजीवन प्रभावित हो रहा है। न्यूनतम तापमान 3 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने से हृदयघात और ब्रेन स्ट्रोक होने का डर बना रहता है। अस्थमा के मरीजों की दिक्कत बढ़ जाती है। सामान्य अस्पताल के डीएमएस डॉ. संदीप लठवाल का कहना है कि इस वर्ष सर्दी ज्यादा है। लोगों को सावधानियां बरतने की जरूरत है। दोपहिया वाहन चलाने वालों को ठंड से बचाव के लिए पर्याप्त गर्म कपड़े, दस्ताने, हेलमेट पहनना चाहिए। बुजुर्गों को भी चाहिए कि वह घर से बाहर नहीं निकले। गर्भवती महिलाएं और बच्चे भी पूरी तरह से एहतियात बरतें। अगर कोई दिक्कत महसूस होती है तो तुरंत चिकित्सक को दिखाएं।
छुट्टी में स्कूल खोले तो होगी कार्रवाई : डीईओ
शिक्षा निदेशालय ने प्रदेश में बढ़ती ठंड को देखते हुए सभी सरकारी और निजी स्कूलों में 30 व 31 दिसंबर को अवकाश घोषित किया है। वहीं 1 से 15 जनवरी तक शीतकालीन अवकाश रहेगा। ऐसे में 30 दिसंबर से 15 जनवरी तक स्कूलों में छुट्टियां रहेंगी। 16 जनवरी को स्कूल खुलेंगे। जिला शिक्षा अधिकारी कुलदीप दहिया ने बताया कि अगर कोई स्कूल नियमों की अवहेलना करता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पाला गिरने से सब्जी उत्पादक किसान परेशान
सुबह के समय पाला गिरने से अब सब्जी उत्पादक किसानों की परेशानी बढ़ गई है। हवाओं की गति धीमी होते ही पाला गिरने की संभावना बढ़ जाती है। हालांकि जिले के गेहूं उत्पादक किसानों के लिए इस साल पड़ रही कड़ाके की ठंड राहत लेकर आई है। जिले में लगभग 1 लाख 40 हजार हेक्टेयर भूमि में गेहूं की बिजाई की गई है। कृषि विशेषज्ञों के अनुसार अब तक गेहूं में फुटाव काफी अच्छा हुआ है। कृषि विभाग ने किसानों को गेहूं की फसल में हल्की सिंचाई करने की हिदायत दी है।
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ठंड से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो चुका है। रविवार को छुट्टी का दिन होने के चलते लोग घरों में दुबके रहे। दोपहर को धूप खिलने के बाद लोग घरों से बाहर निकले, लेकिन कुछ देर बाद ठंड के कारण घरों में घुस गए। मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार नए साल में ठंड से राहत मिलने की उम्मीद है। वहीं बढ़ती ठंड और बर्फीली हवाओं के प्रकोप को देखते हुए शिक्षा निदेशालय ने 30 व 31 दिसंबर को प्रदेश के सभी सरकारी और निजी स्कूलों में अवकाश की घोषणा की है। सभी जिलों के जिला शिक्षा अधिकारियों को भेजे गए पत्र में 1 से 15 जनवरी तक शीतकालीन अवकाश रहने की बात कही गई है।
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रविवार को अल सुबह कोहरा होने की वजह से वाहन चालकों को दिक्कत हुई। सुबह के समय फसलों पर पाला भी जमा मिला। रविवार को जिले का अधिकतम तापमान 15 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 2.8 डिग्री सेंल्सियस दर्ज किया गया। शीत लहर चलने से लोग घरों में ही दुबके रहे। हाड़ जमा देने वाली सर्द हवाओं की वजह से कामकाज भी ठप रहा। दोपहर को धूप खिलने के बाद कुछ राहत मिली। जिसके बाद पार्कों में चहल-पहल बढ़ी। हालांकि कुछ देर बाद फिर से शीत लहर के चलते लोग घरों में घुस गए। मौसम विभाग के अनुसार 1 जनवरी के बाद कुछ राहत की उम्मीद है। इसके बाद न्यूनतम तापमान मेें इजाफा होगा। ठंड से बचने के लिए लोग दिनभर जगह-जगह अलाव का सहारा लेते दिखाई दे रहे हैं।
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लगातार बढ़ रही ठंड
जिले में 14 दिसंबर से गिरना शुरू हुआ तापमान लगातार 15वें दिन भी कम हुआ। मौसम विशेषज्ञों की मानें तो पिछली बार इतने समय तक सर्दी वर्ष 1997 में हुई थी। तब तापमान 2.9 डिग्री तक पहुंच गया था। वहीं चार साल 1997, 1998, 2003 व 2014 में ही इतने दिन तक लगातार ठंड रही है। जिले में वर्ष 2018 में 29 दिसंबर को अधिकतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 6 डिग्री सेल्सियस रहा था।
पश्चिमी विक्षोभ से पड़ेगा असर
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि 30 दिसंबर को पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो सकता है। इसके प्रभाव से पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी हो सकती है। 31 दिसंबर से 2 जनवरी के बीच बारिश होने की भी संभावना है। इस पूरे सप्ताह सूर्यदेव के दर्शन कम ही हुए हैं। धूप निकलने के बाद लोग बाहर निकल धूप सेकने की कोशिश करते हैं, लेकिन शीत लहर धूप का असर भी बेअसर कर रही है। ठंड से बचाव के लिए लोग अलाव का सहारा ले रहे हैं।
चिकित्सक दे रहे बचने की सलाह
गिरते तापमान से जनजीवन प्रभावित हो रहा है। न्यूनतम तापमान 3 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने से हृदयघात और ब्रेन स्ट्रोक होने का डर बना रहता है। अस्थमा के मरीजों की दिक्कत बढ़ जाती है। सामान्य अस्पताल के डीएमएस डॉ. संदीप लठवाल का कहना है कि इस वर्ष सर्दी ज्यादा है। लोगों को सावधानियां बरतने की जरूरत है। दोपहिया वाहन चलाने वालों को ठंड से बचाव के लिए पर्याप्त गर्म कपड़े, दस्ताने, हेलमेट पहनना चाहिए। बुजुर्गों को भी चाहिए कि वह घर से बाहर नहीं निकले। गर्भवती महिलाएं और बच्चे भी पूरी तरह से एहतियात बरतें। अगर कोई दिक्कत महसूस होती है तो तुरंत चिकित्सक को दिखाएं।
छुट्टी में स्कूल खोले तो होगी कार्रवाई : डीईओ
शिक्षा निदेशालय ने प्रदेश में बढ़ती ठंड को देखते हुए सभी सरकारी और निजी स्कूलों में 30 व 31 दिसंबर को अवकाश घोषित किया है। वहीं 1 से 15 जनवरी तक शीतकालीन अवकाश रहेगा। ऐसे में 30 दिसंबर से 15 जनवरी तक स्कूलों में छुट्टियां रहेंगी। 16 जनवरी को स्कूल खुलेंगे। जिला शिक्षा अधिकारी कुलदीप दहिया ने बताया कि अगर कोई स्कूल नियमों की अवहेलना करता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पाला गिरने से सब्जी उत्पादक किसान परेशान
सुबह के समय पाला गिरने से अब सब्जी उत्पादक किसानों की परेशानी बढ़ गई है। हवाओं की गति धीमी होते ही पाला गिरने की संभावना बढ़ जाती है। हालांकि जिले के गेहूं उत्पादक किसानों के लिए इस साल पड़ रही कड़ाके की ठंड राहत लेकर आई है। जिले में लगभग 1 लाख 40 हजार हेक्टेयर भूमि में गेहूं की बिजाई की गई है। कृषि विशेषज्ञों के अनुसार अब तक गेहूं में फुटाव काफी अच्छा हुआ है। कृषि विभाग ने किसानों को गेहूं की फसल में हल्की सिंचाई करने की हिदायत दी है।