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Sonipat News: शिक्षक-प्राचार्य विवाद...प्राचार्य के मेडिकल अवकाश पर होने से रिपोर्ट नहीं हो सकी तैयार
Tue, 06 Jan 2026 01:44 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Tue, 06 Jan 2026 01:44 AM IST
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खरखौदा। एक राजकीय विद्यालय में शिक्षक की तरफ से प्राचार्य पर लगाए गए आरोपों की जांच फिलहाल अधूरी रह गई है। जांच के लिए गठित चार सदस्यीय कमेटी को सोमवार को अपनी रिपोर्ट सौंपनी थी लेकिन प्राचार्य के मेडिकल अवकाश पर होने के कारण वह कमेटी के समक्ष पेश नहीं हो सकीं।
विद्यालय में कार्यरत एक शिक्षक ने प्राचार्य पर प्रशासनिक उत्पीड़न सहित अन्य आरोप लगाते हुए खंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) को लिखित शिकायत दी थी। शिकायत पर बीईओ कार्यालय ने जांच के लिए चार सदस्यीय कमेटी का गठन किया था। इस कमेटी में मंडोरा, मंडोरी, थाना कला और मटिंडू स्थित राजकीय विद्यालयों के प्राचार्य शामिल किए गए हैं।
जांच कमेटी को निर्देश दिए गए थे कि वह सोमवार तक पूरे मामले की जांच कर अपनी रिपोर्ट सौंपे। हालांकि प्राचार्य के मेडिकल लीव पर होने के कारण उनका पक्ष नहीं सुना जा सका। ऐसे में कमेटी ने बिना दोनों पक्षों को सुने निष्कर्ष निकालना उचित नहीं समझा और रिपोर्ट तैयार नहीं की।
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शिक्षक की शिकायत से पहले ही प्राचार्य ने संबंधित शिक्षक पर गंभीर आरोप लगाते हुए थाने में प्राथमिकी दर्ज करा रखी है। खंड शिक्षा अधिकारी प्रदीप राठी ने बताया कि प्राचार्य वर्तमान में मेडिकल अवकाश पर हैं जिससे जांच प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकी। प्राचार्य ड्यूटी पर लौटेंगी तो जांच कमेटी दोबारा बैठक कर दोनों पक्षों को सुनेगी। इसके बाद निष्पक्ष जांच रिपोर्ट तैयार कर उच्च अधिकारियों को भेजी जाएगी।
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विद्यालय में कार्यरत एक शिक्षक ने प्राचार्य पर प्रशासनिक उत्पीड़न सहित अन्य आरोप लगाते हुए खंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) को लिखित शिकायत दी थी। शिकायत पर बीईओ कार्यालय ने जांच के लिए चार सदस्यीय कमेटी का गठन किया था। इस कमेटी में मंडोरा, मंडोरी, थाना कला और मटिंडू स्थित राजकीय विद्यालयों के प्राचार्य शामिल किए गए हैं।
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जांच कमेटी को निर्देश दिए गए थे कि वह सोमवार तक पूरे मामले की जांच कर अपनी रिपोर्ट सौंपे। हालांकि प्राचार्य के मेडिकल लीव पर होने के कारण उनका पक्ष नहीं सुना जा सका। ऐसे में कमेटी ने बिना दोनों पक्षों को सुने निष्कर्ष निकालना उचित नहीं समझा और रिपोर्ट तैयार नहीं की।
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शिक्षक की शिकायत से पहले ही प्राचार्य ने संबंधित शिक्षक पर गंभीर आरोप लगाते हुए थाने में प्राथमिकी दर्ज करा रखी है। खंड शिक्षा अधिकारी प्रदीप राठी ने बताया कि प्राचार्य वर्तमान में मेडिकल अवकाश पर हैं जिससे जांच प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकी। प्राचार्य ड्यूटी पर लौटेंगी तो जांच कमेटी दोबारा बैठक कर दोनों पक्षों को सुनेगी। इसके बाद निष्पक्ष जांच रिपोर्ट तैयार कर उच्च अधिकारियों को भेजी जाएगी।