{"_id":"5843164d4f1c1b7f76de59f1","slug":"sonipat-dc-arrived-to-handle-the-situation-among-the-public","type":"story","status":"publish","title_hn":"हालात संभालने के लिए डीसी पहुंचे जनता के बीच, कहा- एक बार में एक ही एटीएम कार्ड करें यूज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हालात संभालने के लिए डीसी पहुंचे जनता के बीच, कहा- एक बार में एक ही एटीएम कार्ड करें यूज
ब्यूरो/ अमर उजाला, सोनीपत
Updated Sun, 04 Dec 2016 12:30 AM IST
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नोटबंदी के तीन सप्ताह बाद जिला प्रशासन हरकत में आया है। डीसी केएम पांडुरंग हकीकत जानने के लिए शनिवार दोपहर बाद गीता भवन स्थित स्टेट बैंक आफ पटियाला, एचडीएफसी बैंक, केनरा बैंक, बैंक आफ महाराष्ट्रा, ओरियंटल बैंक ऑफ कॉमर्स सहित कई एटीएम पर पहुंचे और लाइन में लगे लोगों से फीडबैक लिया। तत्काल बैंक अधिकारियों को हिदायत दी कि वे व्यवस्था करें कि एटीएम पर एक उपभोक्ता एक बार में केवल एक टीएम का प्रयोग करे, ताकि लाइन में लगे सभी उपभोक्ताओं को नकदी मिल सकी क्योंकि लगातार शिकायत मिल रही थी कि एटीएम में कई युवक कई-कई एटीएम लेकर आते हैं, जिसके चलते जल्दी नकदी खत्म हो जाती है। इस कारण घंटों लाइन में लगे लोग बिना कैश वापस लौटते हैं। साथ ही सभी बैंक अपने-अपने एटीएम को अपडेट भी रखें।
बाहरी एरिया में 25 दिन बाद भी एटीएम बंद
कालेधन पर रोक लगाने के लिए 500 और 1000 के नोटों को बंद करने के 25 दिन बाद भी शहर के बाहरी एरिया में लगे एटीएम बंद पड़े हैं, क्योंकि बैंकों में लोगों की जरूरत अनुसार अभी तक नई करेंसी नहीं पहुंची है, जिससे बैंकों के बाहर लंबी कतारें लगी रहती है। अधिकतर बैंकों में तो जरूरत से कहीं कम कैश पहुंच रहा है, जो केवल चंद लोगों में वितरित हो जाता है और बाकि लोगों को निराशा हाथ लगती है। शहर के अधिकतर एटीएम की हालत भी ऐसी ही बनी हुई है। शहर के ज्यादातर एटीएम बंद रहते हैं। इसका मुख्य कारण बैंकों में जरूरत अनुसार कैश न पहुंचना है।
घंटों लाइन में खड़े होने के बाद भी नहीं मिलता कैश
एटलस रोड स्थित आईसीआईसीआई बैंक के बाहर लाईन में लगे शहर निवासी सुरेंद्र कुमार ने बताया कि वह कई दिन से बैंक में कैश लेने के लिए आ रहा है, लेकिन घंटों लाइनों में लगने के बाद भी कैश नहीं मिल रहा है। बैंक से पैसे न निकलने के कारण अनेक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। शनिवार को भी पैसे निकलवाने के लिए सुबह आठ बजे से लाइन में खड़े हैं, लेकिन तीन घंटे बाद भी नंबर नहीं आया है।
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जान-पहचान वालों को ही कैश देते हैं बैंक कर्मी
शहर निवासी ललित कुमार ने बताया कि वह पिछले तीन घंटे से लाइन में खड़ा है। उसके पीछे अनेक व्यक्ति बैंक से पैसे जमा करवाने और नए नोट निकलवाने के लिए खड़े हैं, लेकिन किसी का नंबर नहीं आ रहा है। उनका आरोप है कि बैंक के कर्मचारी लोगों की परेशानी को न देखते हुए अपनी जान-पहचान वालों को पहले कैश दे रहे हैं। इससे लोगों में काफी रोष है।
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बाहरी एरिया में 25 दिन बाद भी एटीएम बंद
कालेधन पर रोक लगाने के लिए 500 और 1000 के नोटों को बंद करने के 25 दिन बाद भी शहर के बाहरी एरिया में लगे एटीएम बंद पड़े हैं, क्योंकि बैंकों में लोगों की जरूरत अनुसार अभी तक नई करेंसी नहीं पहुंची है, जिससे बैंकों के बाहर लंबी कतारें लगी रहती है। अधिकतर बैंकों में तो जरूरत से कहीं कम कैश पहुंच रहा है, जो केवल चंद लोगों में वितरित हो जाता है और बाकि लोगों को निराशा हाथ लगती है। शहर के अधिकतर एटीएम की हालत भी ऐसी ही बनी हुई है। शहर के ज्यादातर एटीएम बंद रहते हैं। इसका मुख्य कारण बैंकों में जरूरत अनुसार कैश न पहुंचना है।
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घंटों लाइन में खड़े होने के बाद भी नहीं मिलता कैश
एटलस रोड स्थित आईसीआईसीआई बैंक के बाहर लाईन में लगे शहर निवासी सुरेंद्र कुमार ने बताया कि वह कई दिन से बैंक में कैश लेने के लिए आ रहा है, लेकिन घंटों लाइनों में लगने के बाद भी कैश नहीं मिल रहा है। बैंक से पैसे न निकलने के कारण अनेक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। शनिवार को भी पैसे निकलवाने के लिए सुबह आठ बजे से लाइन में खड़े हैं, लेकिन तीन घंटे बाद भी नंबर नहीं आया है।
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जान-पहचान वालों को ही कैश देते हैं बैंक कर्मी
शहर निवासी ललित कुमार ने बताया कि वह पिछले तीन घंटे से लाइन में खड़ा है। उसके पीछे अनेक व्यक्ति बैंक से पैसे जमा करवाने और नए नोट निकलवाने के लिए खड़े हैं, लेकिन किसी का नंबर नहीं आ रहा है। उनका आरोप है कि बैंक के कर्मचारी लोगों की परेशानी को न देखते हुए अपनी जान-पहचान वालों को पहले कैश दे रहे हैं। इससे लोगों में काफी रोष है।