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नागरिक अस्पताल में अल्ट्रासाउंड मशीन खराब बताने वाला रेडियोलॉजिस्ट निलंबित
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जिला नागरिक अस्पताल में आउटसोर्सिंग कर्मी के साथ अल्ट्रासाउंड मशीन खराब बताने वाले रेडियोलॉजिस्ट को स्वास्थ्य विभाग ने सस्पेंड (निलंबित) कर दिया है। अस्पताल प्रशासन द्वारा सोनीपत से गोहाना के नागरिक अस्पताल भेजने के बाद चिकित्सक पर कार्रवाई की गई है। इससे अस्पताल के अल्ट्रासाउंड केंद्र पर ताला लग गया है। अल्ट्रासाउंड बंद होने से गर्भवती व अन्य मरीज परेशान हैं। उन्हें मजबूर होकर निजी केंद्रों पर रुपये खर्च करके अल्ट्रासाउंड कराना पड़ रहा है।
जिला नागरिक अस्पताल में अल्ट्रासाउंड मशीन को खराब होने की बात कहकर फरवरी में केंद्र को बंद कर दिया गया था। इसको लेकर केंद्र के रेडियोलॉजिस्ट डॉ. अश्विनी ने पीएमओ डॉ. जयभगवान जाटान को पत्र भी लिखा था। इसके बाद पीएमओ ने मामले की सूचना सिविल सर्जन कार्यालय व मुख्यालय में दी थी। उन्होंने बार-बार खराब हो रही अल्ट्रासाउंड मशीन की जांच को लेकर उप चिकित्सा अधीक्षक डॉ. संदीप लठवाल के नेतृत्व में चार सदस्यीय टीम बनाई थी। इस टीम में शहर में चल रहे निजी अल्ट्रासाउंड केंद्र के रेडियोलॉजिस्ट को शामिल किया था। इसके बाद चिकित्सकों की टीम ने निजी रेडियोलॉजिस्ट से मशीन को दिखाया तो वह ठीक मिली थी। इस पर पीएमओ ने आउटसोर्सिंग कर्मी से मशीन को लेकर पूछताछ की तो उसने बताया था कि वह अल्ट्रासाउंड कराने के नाम पर महिलाओं से 100-100 रुपये लेता है। रुपये लेने की अस्पताल प्रशासन तक शिकायत न पहुंचे, इसके लिए उसने चिकित्सक संग मिलकर अल्ट्रासाउंड मशीन खराब होने की बात कही थी। जांच रिपोर्ट आने के बाद डॉ. अश्विनी को गोहाना भेजा गया था और आउटसोर्सिंग कर्मी को नौकरी से हटा दिया था। इसके साथ ही चिकित्सक के खिलाफ कार्रवाई के लिए मुख्यालय को भी लिखा था। अब विभाग ने गोहाना के नागरिक अस्पताल में ड्यूटी दे रहे डॉ. अश्विनी को सस्पेंड कर दिया है और उनका मुख्यालय पानीपत बनाया गया है।
दूसरा चिकित्सक आने के बाद ही अस्पताल में शुरू होंगे अल्ट्रासाउंड
डॉ. अश्विनी गोहाना के नागरिक अस्पताल में हर रोज गर्भवती महिलाओं समेत करीब 70 मरीजों के अल्ट्रासाउंड कर रहा था। अब उनके सस्पेंड होने से अल्ट्रासाउंड की सुविधा बंद हो गई है। इस कारण गर्भवती महिलाओं व अन्य मरीजों को बाहर निजी केंद्रों में रुपये खर्च करके अल्ट्रासाउंड कराने पड़ रहे हैं। जब तक दूसरा चिकित्सक यहां नहीं आता, तब तक यह सुविधा शुरू नहीं होगी।
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वर्जन
डॉ. अश्विनी के निलंबित होने की सूचना मिली थी। उनके जाने बाद अस्पताल में अल्ट्रासाउंड करने के लिए दूसरा चिकित्सक नहीं है। इसलिए अल्ट्रासाउंड केंद्र को बंद किया है। दूसरे चिकित्सक के आने के बाद ही यह सुविधा शुरू की जाएगी।
- डॉ. कर्मवीर सिंह, एसएमओ, नागरिक अस्पताल गोहाना।
डॉ. अश्विनी अल्ट्रासाउंड मशीन को खराब होने का ड्रामा रचते थे। उनके साथ आउटसोर्सिंग कर्मी महिलाओं से 100 रुपये लेकर हजम करने के लिए यह कार्य कर रहा था। कमेटी की रिपोर्ट में यह साबित हुआ था। रिपोर्ट को मुख्यालय भेजने के साथ ही चिकित्सक पर कार्रवाई करने के लिए भी लिखा था। अब उसे विभाग ने सस्पेंड कर दिया है।
- डॉ. जयभगवान जाटान, पीएमओ, जिला नागरिक अस्पताल, सोनीपत।
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जिला नागरिक अस्पताल में अल्ट्रासाउंड मशीन को खराब होने की बात कहकर फरवरी में केंद्र को बंद कर दिया गया था। इसको लेकर केंद्र के रेडियोलॉजिस्ट डॉ. अश्विनी ने पीएमओ डॉ. जयभगवान जाटान को पत्र भी लिखा था। इसके बाद पीएमओ ने मामले की सूचना सिविल सर्जन कार्यालय व मुख्यालय में दी थी। उन्होंने बार-बार खराब हो रही अल्ट्रासाउंड मशीन की जांच को लेकर उप चिकित्सा अधीक्षक डॉ. संदीप लठवाल के नेतृत्व में चार सदस्यीय टीम बनाई थी। इस टीम में शहर में चल रहे निजी अल्ट्रासाउंड केंद्र के रेडियोलॉजिस्ट को शामिल किया था। इसके बाद चिकित्सकों की टीम ने निजी रेडियोलॉजिस्ट से मशीन को दिखाया तो वह ठीक मिली थी। इस पर पीएमओ ने आउटसोर्सिंग कर्मी से मशीन को लेकर पूछताछ की तो उसने बताया था कि वह अल्ट्रासाउंड कराने के नाम पर महिलाओं से 100-100 रुपये लेता है। रुपये लेने की अस्पताल प्रशासन तक शिकायत न पहुंचे, इसके लिए उसने चिकित्सक संग मिलकर अल्ट्रासाउंड मशीन खराब होने की बात कही थी। जांच रिपोर्ट आने के बाद डॉ. अश्विनी को गोहाना भेजा गया था और आउटसोर्सिंग कर्मी को नौकरी से हटा दिया था। इसके साथ ही चिकित्सक के खिलाफ कार्रवाई के लिए मुख्यालय को भी लिखा था। अब विभाग ने गोहाना के नागरिक अस्पताल में ड्यूटी दे रहे डॉ. अश्विनी को सस्पेंड कर दिया है और उनका मुख्यालय पानीपत बनाया गया है।
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दूसरा चिकित्सक आने के बाद ही अस्पताल में शुरू होंगे अल्ट्रासाउंड
डॉ. अश्विनी गोहाना के नागरिक अस्पताल में हर रोज गर्भवती महिलाओं समेत करीब 70 मरीजों के अल्ट्रासाउंड कर रहा था। अब उनके सस्पेंड होने से अल्ट्रासाउंड की सुविधा बंद हो गई है। इस कारण गर्भवती महिलाओं व अन्य मरीजों को बाहर निजी केंद्रों में रुपये खर्च करके अल्ट्रासाउंड कराने पड़ रहे हैं। जब तक दूसरा चिकित्सक यहां नहीं आता, तब तक यह सुविधा शुरू नहीं होगी।
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डॉ. अश्विनी के निलंबित होने की सूचना मिली थी। उनके जाने बाद अस्पताल में अल्ट्रासाउंड करने के लिए दूसरा चिकित्सक नहीं है। इसलिए अल्ट्रासाउंड केंद्र को बंद किया है। दूसरे चिकित्सक के आने के बाद ही यह सुविधा शुरू की जाएगी।
- डॉ. कर्मवीर सिंह, एसएमओ, नागरिक अस्पताल गोहाना।
डॉ. अश्विनी अल्ट्रासाउंड मशीन को खराब होने का ड्रामा रचते थे। उनके साथ आउटसोर्सिंग कर्मी महिलाओं से 100 रुपये लेकर हजम करने के लिए यह कार्य कर रहा था। कमेटी की रिपोर्ट में यह साबित हुआ था। रिपोर्ट को मुख्यालय भेजने के साथ ही चिकित्सक पर कार्रवाई करने के लिए भी लिखा था। अब उसे विभाग ने सस्पेंड कर दिया है।
- डॉ. जयभगवान जाटान, पीएमओ, जिला नागरिक अस्पताल, सोनीपत।