सोनीपत। शहर के एटलस रोड स्थित एक रेस्तरां में मंगलवार शाम को निशा फाउंडेशन की एक बैठक बुलाई गई। इसकी अध्यक्षता फाउंडेशन के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. कुलभूषण शर्मा ने की। बैठक में निजी स्कूल संचालकों ने निजी स्कूलों के खिलाफ अपनाई जा रही नीतियों की आलोचना की। बैठक में सभी ने कहा कि सरकार निजी स्कूलों को तंग करने की बजाय मान्यता संबंधी नियमों का सरलीकरण करें। कुलभूषण शर्मा ने कहा कि सरकार ने आदेश जारी किया है कि 10 साल पुराने स्कूलों की मान्यता को रिन्यू करवाया जाए, जो सरासर गलत है। सरकार ने नियम 134ए, आरटीई, चिराग जैसी योजनाएं चलाई हुई हैं। इसके तहत पढ़ने वाले विद्यार्थियों को निजी स्कूलों में शिक्षा तो दिलवाई जा रही है, लेकिन निजी स्कूलों को सालों से इसका भुगतान नहीं किया है। मार्च में सरकार ने निजी स्कूलों की प्रतिपूर्ति के रूप में करीब 40 करोड़ रुपये भेजे थे, लेकिन किसी स्कूल को नहीं दिए। हमारी मांग है कि सरकार 20-25 वर्षों से चल रहे स्कूलों की मान्यता रिन्यू करवाने, गैर मान्यता प्राप्त स्कूलों व प्ले स्कूलों को नियमों में ढील देकर मान्यता देने संबंधी नियमों का सरलीकरण करें। डाॅ. कुलभूषण शर्मा ने बैठक में पहुंचे निजी स्कूल संचालकों को आश्वासन दिया कि उनके सामने आने वाली समस्याओं का समाधान करवाने का प्रयास किया जाएगा। इसके लिए शिक्षा विभाग के अधिकारियों से बातचीत करके समाधान निकाला जाएगा। इस मौके पर संगठन की जिला प्रधान किरण, नंदलाल गौतम, विजय शास्त्री, जगदीश सैनी, ललिता, प्रवीन कुमार, कमलेश, कंचन, शंकर दहिया व अन्य मौजूद रहे।