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Sonipat News: कुंडली में जलभराव रोकने को 54.69 करोड़ से आधुनिक निकासी तंत्र होगा तैयार
Wed, 29 Apr 2026 02:37 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Wed, 29 Apr 2026 02:37 AM IST
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फोटो :: सोनीपत के कुंडली स्थित नगरपालिका कार्यालय।
सोनीपत। दिल्ली की तरफ से सोनीपत के प्रवेश द्वार कुंडली नगरपालिका क्षेत्र में वर्षों से बनी जलभराव और सीवर निकासी की समस्या अब जल्द अतीत बनने जा रही है। सोनीपत महानगर विकास प्राधिकरण (एसएमडीए) ने करीब 54.69 करोड़ रुपये की महत्वाकांक्षी परियोजना के तहत क्षेत्र की जर्जर निकासी व्यवस्था को दुरुस्त करने की कवायद तेज कर दी है।
परियोजना के तहत कुंडली क्षेत्र की करीब 35 हजार आबादी को जलभराव और दूषित पानी की समस्या से राहत मिलेगी। योजना में करीब 29.74 करोड़ रुपये की लागत से 7.2 किलोमीटर लंबी पाइपलाइन बिछाई जाएगी जिससे गलियों और मुख्य मार्गों में जल निकासी सुचारू हो सकेगी।
इसके साथ ही करीब दो एकड़ भूमि पर 7.50 मिलियन लीटर प्रतिदिन (एमएलडी) क्षमता का आधुनिक सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) स्थापित किया जाएगा। इस प्लांट में सीवर के दूषित पानी का शोधन कर उसे ड्रेन नंबर-8 में छोड़ा जाएगा जिससे पर्यावरणीय संतुलन भी बेहतर होगा।
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कुंडली क्षेत्र लंबे समय से जल निकासी की समुचित व्यवस्था के अभाव से जूझ रहा है। क्षेत्र का भू-स्तर नीचा होने के कारण बारिश के दिनों में सड़कों और गलियों में जलभराव आम बात है जिससे लोगों को दूषित पानी से होकर गुजरना पड़ता है।
इस समस्या के स्थायी समाधान के लिए परियोजना में एक मुख्य पंपिंग स्टेशन (एमपीएस), दो इंटरमीडिएट पंपिंग स्टेशन (आईपीएस) और पांच डिस्पोजल पंप स्थापित किए जाएंगे। इन पंपों के लिए प्याऊ मनियारी रोड, नवल अस्पताल, लांडा कॉलोनी और टीकाराम संस्था के पास स्थान चिह्नित किए गए हैं।
नगर एवं ग्राम योजना विभाग ने 15 मार्च 2024 को एसएमडीए का सीमांकन तय किया था जिसके बाद सोनीपत महानगर के समग्र विकास को गति देने के लिए मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने 10 जुलाई 2024 को वित्त वर्ष 2024-25 के लिए 363 करोड़ रुपये के बजट को मंजूरी दी थी। इसी बजट में कुंडली क्षेत्र के लिए 54.69 करोड़ रुपये की यह परियोजना स्वीकृत की थी।
एसटीपी, एमपीएस, आईपीएस और पाइपलाइन निर्माण के लिए टेंडर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और फाइल जल्द मुख्यमंत्री कार्यालय भेजी जाएगी। कार्य आवंटन होते ही निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। पाइपलाइन के रखरखाव की जिम्मेदारी ठेकेदार के पास तीन वर्षों तक और एसटीपी के संचालन व रखरखाव की जिम्मेदारी छह वर्षों तक रहेगी।
- कृष्ण धनखड़, अधीक्षण अभियंता, एसएमडीए
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परियोजना के तहत कुंडली क्षेत्र की करीब 35 हजार आबादी को जलभराव और दूषित पानी की समस्या से राहत मिलेगी। योजना में करीब 29.74 करोड़ रुपये की लागत से 7.2 किलोमीटर लंबी पाइपलाइन बिछाई जाएगी जिससे गलियों और मुख्य मार्गों में जल निकासी सुचारू हो सकेगी।
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इसके साथ ही करीब दो एकड़ भूमि पर 7.50 मिलियन लीटर प्रतिदिन (एमएलडी) क्षमता का आधुनिक सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) स्थापित किया जाएगा। इस प्लांट में सीवर के दूषित पानी का शोधन कर उसे ड्रेन नंबर-8 में छोड़ा जाएगा जिससे पर्यावरणीय संतुलन भी बेहतर होगा।
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कुंडली क्षेत्र लंबे समय से जल निकासी की समुचित व्यवस्था के अभाव से जूझ रहा है। क्षेत्र का भू-स्तर नीचा होने के कारण बारिश के दिनों में सड़कों और गलियों में जलभराव आम बात है जिससे लोगों को दूषित पानी से होकर गुजरना पड़ता है।
इस समस्या के स्थायी समाधान के लिए परियोजना में एक मुख्य पंपिंग स्टेशन (एमपीएस), दो इंटरमीडिएट पंपिंग स्टेशन (आईपीएस) और पांच डिस्पोजल पंप स्थापित किए जाएंगे। इन पंपों के लिए प्याऊ मनियारी रोड, नवल अस्पताल, लांडा कॉलोनी और टीकाराम संस्था के पास स्थान चिह्नित किए गए हैं।
नगर एवं ग्राम योजना विभाग ने 15 मार्च 2024 को एसएमडीए का सीमांकन तय किया था जिसके बाद सोनीपत महानगर के समग्र विकास को गति देने के लिए मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने 10 जुलाई 2024 को वित्त वर्ष 2024-25 के लिए 363 करोड़ रुपये के बजट को मंजूरी दी थी। इसी बजट में कुंडली क्षेत्र के लिए 54.69 करोड़ रुपये की यह परियोजना स्वीकृत की थी।
एसटीपी, एमपीएस, आईपीएस और पाइपलाइन निर्माण के लिए टेंडर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और फाइल जल्द मुख्यमंत्री कार्यालय भेजी जाएगी। कार्य आवंटन होते ही निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। पाइपलाइन के रखरखाव की जिम्मेदारी ठेकेदार के पास तीन वर्षों तक और एसटीपी के संचालन व रखरखाव की जिम्मेदारी छह वर्षों तक रहेगी।
- कृष्ण धनखड़, अधीक्षण अभियंता, एसएमडीए