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आयरन की गोली खाने से छह बच्चों की तबीयत बिगड़ी
महेंद्रगढ़/ब्यूरो
Updated Tue, 10 Sep 2013 01:37 AM IST
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इन बच्चों को महेंद्रगढ़ के सरकारी अस्पताल में दाखिल कराया गया।
राजकीय मिडिल स्कूल सीगड़ा की मुख्य अध्यापिका सुनीता यादव व स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत एएनएम कमलेश ने बताया कि सोमवार बच्चों को बाद दोपहर खाना खिलाने के बाद आयरन की गोलियां दी गई थीं।
गोलियां खिलाने के आधे घंटे बाद स्कूल के कुछ बच्चों ने सिर चकराने और पेट में दर्द होने की शिकायत स्कूल प्रशासन से की।
मुख्य अध्यापिका ने बताया कि बच्चों को तुरंत उपचार दिलाने के लिए उन्होंने एंबुलेंस को फोन किया। घंटे भर तक एंबुलेंस मौके पर नहीं पहुंची तो उन्हें स्कूल के तीनों बच्चों को मोटरसाइकिल से ही अस्पताल पहुंचाना पड़ा।
वहीं गांव अगिहार के राजकीय मिडिल स्कूल के बच्चों ने भी आयरन की गोलियां खाने के बाद उक्त शिकायत स्कूल प्रशासन से की थी।
स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत एमपीएचडब्ल्यू बलजीत व स्कूल के अध्यापकों ने एंबुलेंस की बाट जोहकर निजी वाहन की मदद से स्कूल के तीनों बच्चों को उपचार के लिए सरकारी अस्पताल में पहुंचाया।
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छह विद्यार्थी अस्पताल में दाखिल
अस्पताल में अगिहार स्कूल से सातवीं कक्षा की तीन छात्राओं अनुराधा, नेहा और संगीता को भर्ती कराया गया जबकि सीगड़ा के स्कूल से आठवीं की छात्रा पूजा, वनिता और सातवीं कक्षा के छात्र साहिल को अस्पताल में दाखिल करवाना पड़ा।
अभिभावक नहीं खिलाना चाहते दवा
अस्पताल में पहुंचे बच्चों के अभिभावकों ने बताया कि आयरन की गोलियाें की वजह से बच्चों की हालत बिगड़ने की खबरें पढ़कर वे अपने बच्चों को गोलियां नहीं खिलवाना चाहते थे।
मगर सरकारी आदेशों को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग कर्मियों ने उन्हें गोलियां खिलाई जिसके फलस्वरूप उनके बच्चों की हालत बिगड़ गई।
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राजकीय मिडिल स्कूल सीगड़ा की मुख्य अध्यापिका सुनीता यादव व स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत एएनएम कमलेश ने बताया कि सोमवार बच्चों को बाद दोपहर खाना खिलाने के बाद आयरन की गोलियां दी गई थीं।
गोलियां खिलाने के आधे घंटे बाद स्कूल के कुछ बच्चों ने सिर चकराने और पेट में दर्द होने की शिकायत स्कूल प्रशासन से की।
मुख्य अध्यापिका ने बताया कि बच्चों को तुरंत उपचार दिलाने के लिए उन्होंने एंबुलेंस को फोन किया। घंटे भर तक एंबुलेंस मौके पर नहीं पहुंची तो उन्हें स्कूल के तीनों बच्चों को मोटरसाइकिल से ही अस्पताल पहुंचाना पड़ा।
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वहीं गांव अगिहार के राजकीय मिडिल स्कूल के बच्चों ने भी आयरन की गोलियां खाने के बाद उक्त शिकायत स्कूल प्रशासन से की थी।
स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत एमपीएचडब्ल्यू बलजीत व स्कूल के अध्यापकों ने एंबुलेंस की बाट जोहकर निजी वाहन की मदद से स्कूल के तीनों बच्चों को उपचार के लिए सरकारी अस्पताल में पहुंचाया।
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छह विद्यार्थी अस्पताल में दाखिल
अस्पताल में अगिहार स्कूल से सातवीं कक्षा की तीन छात्राओं अनुराधा, नेहा और संगीता को भर्ती कराया गया जबकि सीगड़ा के स्कूल से आठवीं की छात्रा पूजा, वनिता और सातवीं कक्षा के छात्र साहिल को अस्पताल में दाखिल करवाना पड़ा।
अभिभावक नहीं खिलाना चाहते दवा
अस्पताल में पहुंचे बच्चों के अभिभावकों ने बताया कि आयरन की गोलियाें की वजह से बच्चों की हालत बिगड़ने की खबरें पढ़कर वे अपने बच्चों को गोलियां नहीं खिलवाना चाहते थे।
मगर सरकारी आदेशों को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग कर्मियों ने उन्हें गोलियां खिलाई जिसके फलस्वरूप उनके बच्चों की हालत बिगड़ गई।