फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Sirsa News ›   The bell did not ring three times a day to drink water, students struggled in the heat

Sirsa News: पानी पीने के लिए नहीं बजी दिन में तीन बार घंटी, गर्मी में जूझते रहे विद्यार्थी

Thu, 25 Apr 2024 11:44 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा Updated Thu, 25 Apr 2024 11:44 PM IST
विज्ञापन
The bell did not ring three times a day to drink water, students struggled in the heat
कक्षा में बैठे विद्यार्थी और बिजली नहीं होने से बंद पंखे।
सिरसा। सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों को गर्मी और डिहाइड्रेशन से बचाव के लिए पीने के पानी के लिए हर घंटे बाद घंटी बजेगी। भले ही शिक्षा निदेशालय ने इस बारे में आदेश जारी कर दिया हो, लेकिन पहले ही दिन ऐसा नहीं हो पाया। इसका कारण रहा स्कूलों में इससे संबंधित निर्देशों का नहीं पहुंचना।
विज्ञापन

जिले में इस समय अधिकतम तापमान 39 पार हो चुका है। एक ओर जहां गर्मी ने तीखे तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं, वहीं बिना पंखे के कमरे में एक पल भी बैठना कठिन हो रहा है। पंखे न चलने के कारण निगम की ओर से गेहूं कटाई के सीजन में सुबह 8 बजे से लेकर शाम 6 बजे तक बिजली कट लगाया जाना है। पंखे न चलने के कारण विद्यार्थियों को पूरे समय किताबाें से हवा करके गर्मी को दूर भगाना पड़ रहा है। वहीं दिनभर बिजली न होने के कारण स्कूलों में बनी टंकियां भी पानी से नहीं भर पा रही हैं। ऐसे में ग्रामीण क्षेत्रों में स्थित स्कूलों में सबसे ज्यादा विकट स्थिति है।
विज्ञापन

जिले में करीब 1 हजार राजकीय स्कूल हैं, जिसमें से 522 प्राइमरी हैं। जिसमें से करीब डेढ़ लाख विद्यार्थी शिक्षा ग्रहण करते हैं। जिले के कुछ ही स्कूलों में इनवर्टर की सुविधा है। परंतु लगातार कट के चलते के चलते ये भी नाकाफी हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

कई स्कूलों में नहीं है पर्याप्त कक्षाएं
जिले के कई स्कूलों में विद्यार्थियों के बैठने तक के लिए पर्याप्त कक्षाएं तक नहीं है। जिसके कारण विद्यार्थियों को तेज धूप में खुले या फिर बरामदे में बैठना पड़ता है। शहर के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय खैरपुर, चत्तरगढ़पट्टी, राजकीय स्कूल चोपटा, राजकीय स्कूल कालांवाली, राजकीय स्कूल ऐलनाबाद, राजकीय स्कूल मीरपुर कॉलोनी सहित जिले के ग्रामीण क्षेत्र में लगभग एक जैसे हालत हैं। कक्षाओं के अभाव में विद्यार्थियों को बरामदे में बैठाया जाता है। हालांकि शिक्षकों की ओर से कई बार कक्षाओं की मांग की गई है, लेकिन शिक्षा विभाग की ओर से कोई संज्ञान नहीं लिया गया।
नहीं बज पाई दिन में तीन बार घंटी
शिक्षा निदेशालय ने भले ही निर्देश जारी कर अपने कर्तव्य की इतिश्री कर ली। परंतु ये आदेश अभी तक स्कूलों में ही नहीं पहुंचे। जिसके कारण बच्चे दिन में पानी पीने के लिए घंटी बजने का इंतजार करते रह गए। गर्मी से बचाव के लिए पहले दिन ही प्रबंध नाकाफी नजर आए।



ग्रामीण हो या शहरी क्षेत्र हर स्कूल के पास पीने के पानी के लिए अलग से बजट जारी किया गया है। स्कूल संचालक अपने हिसाब से पानी के कैंपर मंगवा सकते हैं। रही बात बिजली की तो लगभग स्कूलों में जनरेटर व इनवर्टर की सुविधा दी गई है। जिन स्कूलों में नहीं है, वे भी बजट के हिसाब से अपना काम चला सकते हैं। गेहूं कटाई के चलते ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली नहीं आ रही है। गेहूं कटाई लगभग समाप्त होने को है और आगे स्कूलों में बिजली की कमी नहीं रहेगी।
-ज्ञान सिंह, जिला शिक्षा अधिकारी, सिरसा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed