{"_id":"671016c2ac1da3b60200e714","slug":"tb-patients-will-get-rs-1000-every-month-for-nutritious-food-sirsa-news-c-128-1-slko1008-127247-2024-10-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sirsa News: पौष्टिक आहार के लिए टीबी के मरीजों को हर माह मिलेंगे 1000 रुपये","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sirsa News: पौष्टिक आहार के लिए टीबी के मरीजों को हर माह मिलेंगे 1000 रुपये
Thu, 17 Oct 2024 01:10 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Thu, 17 Oct 2024 01:10 AM IST
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। केंद्र सरकार ने टीबी मरीजों को पोषण युक्त भोजन के लिए दी जाने वाली निक्षय पोषण योजना की राशि में वृद्धि कर दी है। वृद्धि के बाद टीबी मरीजों को निक्षय योजना के तहत एक हजार रुपये हर महीने मिलेंगे। पूर्व में इस मद में पांच सौ रुपये ही मिलते थे। इस योजना से जिले के करीब 2745 मरीजों को लाभ मिलेगा।
टीबी मरीजों को 1 नवंबर से दोगुनी पोषण राशि मिलना शुरू हो जाएगी। ये राशि सरकारी व निजी अस्पतालों में टीबी का इलाज करवा रहे सभी मरीजों को मिलेगी। डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (डीबीटी) के तहत सीधा मरीज के बैंक खाते में भेजी जाएगी। इस राशि से टीबी के मरीजों को खान पान और स्वास्थ्य सुधार में आएगा।
ये राशि तब तक मरीज को मिलेगी जब तक उसका उपचार चलेगा। जिले के 2745 मरीज फिलहाल निक्षय पोषण योजना के तहत लाभ ले रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग की तरफ से टीबी मरीज का उपचार शुरू होने पर तीन हजार रुपये पहली किस्त के रूप में मिलेंगे। इसके बाद 84 दिन पूरे होने के बाद तीन हजार रुपये और दिए जाएंगे। अगर मरीज का 6 माह से ज्यादा उपचार चलता है तो उसे उसके मुताबिक राशि विभाग देगा।
विज्ञापन
1742 मरीजों को नागरिक अस्पताल में चल रहा इलाज
नागरिक अस्पताल में 1742 मरीज टीबी इलाज करवा रहे हैं। जिले के निजी अस्पतालों में 1003 मरीज टीबी का इलाज ले रहे हैं। जिले में कुल 2745 मरीज टीबी मरीज हैं।
ये हैं टीबी बीमारी के लक्षण
- दो सप्ताह से ज्यादा खांसी रहना
- रात को सोते समय पसीना आना, ठंड में भी पसीना आना
- बुखार आना, संक्रमण बढ़ने के साथ बढ़ना
- थकावट होना
- वजन कम होना
-सांस लेने में दिक्कत होना
कुपोषण से बढ़ता है टीबी का खतरा
जिला क्षयरोग अधिकारी डॉ. प्रतीक गोयल ने बताया कि कुपोषण से टीबी का जोखिम बढ़ जाता है। टीबी से कमजोरी बढ़ती है, वजन घटता है। अब बेहतर पोषण से टीबी मरीजों में कमी लाने में मदद मिल रही है। अब तक जिले में सरकारी ओर निजी अस्पतालों में 2745 मरीजों का इलाज चल रहा है। टीबी के अंडर वेट मरीजों को न्यूट्रीशियंस सप्लीमेंट की खुराक भी दी जाएगी। जिन टीबी मरीजों का बॉडी मास इंडेक्स (बीएमआई) 18.5 से कम होगा, उनको बीमारी से लड़ने योग्य बनाने के लिए पहले दो महीने के दौरान न्यूट्रीशियंस सप्लीमेंट दिए जाएंगे।
निक्षय पोषण योजना के तहत टीबी मरीजों को विभाग की तरफ से हर माह 500 रुपये दिए जाते है लेकिन इसे अब बढ़ा दिया गया है। एक नवंबर से मरीज को पौष्टिक आहार के लिए एक हजार रुपये की राशि मिलेगी। टीबी बीमारी और उसके उपचार के प्रति लोगों को विभाग की तरफ से लगातार जागरूक भी किया जा रहा है। डॉ. प्रतीक गोयल जिला क्षयरोग अधिकारी।
विज्ञापन
सिरसा। केंद्र सरकार ने टीबी मरीजों को पोषण युक्त भोजन के लिए दी जाने वाली निक्षय पोषण योजना की राशि में वृद्धि कर दी है। वृद्धि के बाद टीबी मरीजों को निक्षय योजना के तहत एक हजार रुपये हर महीने मिलेंगे। पूर्व में इस मद में पांच सौ रुपये ही मिलते थे। इस योजना से जिले के करीब 2745 मरीजों को लाभ मिलेगा।
टीबी मरीजों को 1 नवंबर से दोगुनी पोषण राशि मिलना शुरू हो जाएगी। ये राशि सरकारी व निजी अस्पतालों में टीबी का इलाज करवा रहे सभी मरीजों को मिलेगी। डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (डीबीटी) के तहत सीधा मरीज के बैंक खाते में भेजी जाएगी। इस राशि से टीबी के मरीजों को खान पान और स्वास्थ्य सुधार में आएगा।
विज्ञापन
ये राशि तब तक मरीज को मिलेगी जब तक उसका उपचार चलेगा। जिले के 2745 मरीज फिलहाल निक्षय पोषण योजना के तहत लाभ ले रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग की तरफ से टीबी मरीज का उपचार शुरू होने पर तीन हजार रुपये पहली किस्त के रूप में मिलेंगे। इसके बाद 84 दिन पूरे होने के बाद तीन हजार रुपये और दिए जाएंगे। अगर मरीज का 6 माह से ज्यादा उपचार चलता है तो उसे उसके मुताबिक राशि विभाग देगा।
विज्ञापन
1742 मरीजों को नागरिक अस्पताल में चल रहा इलाज
नागरिक अस्पताल में 1742 मरीज टीबी इलाज करवा रहे हैं। जिले के निजी अस्पतालों में 1003 मरीज टीबी का इलाज ले रहे हैं। जिले में कुल 2745 मरीज टीबी मरीज हैं।
ये हैं टीबी बीमारी के लक्षण
- दो सप्ताह से ज्यादा खांसी रहना
- रात को सोते समय पसीना आना, ठंड में भी पसीना आना
- बुखार आना, संक्रमण बढ़ने के साथ बढ़ना
- थकावट होना
- वजन कम होना
-सांस लेने में दिक्कत होना
कुपोषण से बढ़ता है टीबी का खतरा
जिला क्षयरोग अधिकारी डॉ. प्रतीक गोयल ने बताया कि कुपोषण से टीबी का जोखिम बढ़ जाता है। टीबी से कमजोरी बढ़ती है, वजन घटता है। अब बेहतर पोषण से टीबी मरीजों में कमी लाने में मदद मिल रही है। अब तक जिले में सरकारी ओर निजी अस्पतालों में 2745 मरीजों का इलाज चल रहा है। टीबी के अंडर वेट मरीजों को न्यूट्रीशियंस सप्लीमेंट की खुराक भी दी जाएगी। जिन टीबी मरीजों का बॉडी मास इंडेक्स (बीएमआई) 18.5 से कम होगा, उनको बीमारी से लड़ने योग्य बनाने के लिए पहले दो महीने के दौरान न्यूट्रीशियंस सप्लीमेंट दिए जाएंगे।
निक्षय पोषण योजना के तहत टीबी मरीजों को विभाग की तरफ से हर माह 500 रुपये दिए जाते है लेकिन इसे अब बढ़ा दिया गया है। एक नवंबर से मरीज को पौष्टिक आहार के लिए एक हजार रुपये की राशि मिलेगी। टीबी बीमारी और उसके उपचार के प्रति लोगों को विभाग की तरफ से लगातार जागरूक भी किया जा रहा है। डॉ. प्रतीक गोयल जिला क्षयरोग अधिकारी।