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एक्सीडेंट कर भागने वाले वाहन चालक की रिपोर्ट एसडीएम को सौंपे : एसपी
Mon, 13 Jan 2025 11:31 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Mon, 13 Jan 2025 11:31 PM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। पुलिस अधीक्षक विक्रांत भूषण ने सभी थाना प्रभारियों को हिट एंड रन के मामलों में उचित कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि यदि किसी थाना प्रभारी के क्षेत्राधिकार में हिट एंड रन का का कोई मामला आता है, तो उसे गंभीरता से लें। यदि एक्सीडेंट कर भागने वाले वाहन चालक का एक माह तक पता नहीं लगता है, तो उसकी रिपोर्ट बनाकर संबंधित एसडीएम को सौंपे।
उन्होंने कहा कि ''हिट एंड रन'' केस में अगर पीड़ित की मृत्यु हो जाती है, तो पुलिस विभाग की जिम्मेदारी बनती है कि उचित कार्रवाई कर पीड़ित पक्ष के परिजनों को सरकार द्वारा मिलने वाली मुआवजा राशि के बारे में जागरूक करें।
पुलिस अधीक्षक विक्रांत भूषण ने कहा कि नए कानूनों के तहत आम लोगों में मुआवजा राशि के बारे में जानकारी का अभाव होता है। हिट एंड रन केस में मृत्यु होने पर सरकार द्वारा 2 लाख रुपये मुआवजे के रूप में दिए जाते है। यदि पीड़ित घायल हो जाता है, तो उसे 50 हजार रुपये का आर्थिक सहयोग दिया जाता है। एसपी ने सभी थाना प्रभारियों को निर्देश देते हुए कहा है कि ऐसे मामलों में बिना देरी के उच्चधिकारियों के संज्ञान में लाएं। संबंधित एसडीएम को हिट एंड रन केस में हुई मौत अथवा घायल होने की रिपोर्ट सौंपे।
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पुलिस अधीक्षक ने सभी थाना प्रभारियों को निर्देश देते हुए कहा कि लोगों को क्लेम एन्क्वायरी अफ़सर के बारे में भी बताएं। साथ ही क्लेम ऑफिसर को पुलिस से संबंधित दस्तावेज मुहैया कराए।
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सिरसा। पुलिस अधीक्षक विक्रांत भूषण ने सभी थाना प्रभारियों को हिट एंड रन के मामलों में उचित कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि यदि किसी थाना प्रभारी के क्षेत्राधिकार में हिट एंड रन का का कोई मामला आता है, तो उसे गंभीरता से लें। यदि एक्सीडेंट कर भागने वाले वाहन चालक का एक माह तक पता नहीं लगता है, तो उसकी रिपोर्ट बनाकर संबंधित एसडीएम को सौंपे।
उन्होंने कहा कि ''हिट एंड रन'' केस में अगर पीड़ित की मृत्यु हो जाती है, तो पुलिस विभाग की जिम्मेदारी बनती है कि उचित कार्रवाई कर पीड़ित पक्ष के परिजनों को सरकार द्वारा मिलने वाली मुआवजा राशि के बारे में जागरूक करें।
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पुलिस अधीक्षक विक्रांत भूषण ने कहा कि नए कानूनों के तहत आम लोगों में मुआवजा राशि के बारे में जानकारी का अभाव होता है। हिट एंड रन केस में मृत्यु होने पर सरकार द्वारा 2 लाख रुपये मुआवजे के रूप में दिए जाते है। यदि पीड़ित घायल हो जाता है, तो उसे 50 हजार रुपये का आर्थिक सहयोग दिया जाता है। एसपी ने सभी थाना प्रभारियों को निर्देश देते हुए कहा है कि ऐसे मामलों में बिना देरी के उच्चधिकारियों के संज्ञान में लाएं। संबंधित एसडीएम को हिट एंड रन केस में हुई मौत अथवा घायल होने की रिपोर्ट सौंपे।
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पुलिस अधीक्षक ने सभी थाना प्रभारियों को निर्देश देते हुए कहा कि लोगों को क्लेम एन्क्वायरी अफ़सर के बारे में भी बताएं। साथ ही क्लेम ऑफिसर को पुलिस से संबंधित दस्तावेज मुहैया कराए।