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Sirsa News: फर्जी डिग्री प्रकरण में दूसरा आरोपी गिरफ्तार
Tue, 30 Sep 2025 12:32 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Tue, 30 Sep 2025 12:32 AM IST
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सिरसा। पिछले वर्ष दिसंबर 2024 में सांई इंस्टीट्यूट के फर्जी डिग्री मामला सामने आया था। इंस्टीट्यूट में बड़े स्तर पर विभिन्न विश्वविद्यालयों की डिग्रियां व मोहर आदि मिली थी। इसी मामले में रविवार को पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दूसरे आरोपी सीताराम भोला निवासी हरि विष्णु कॉलोनी को रविवार को गिरफ्तार किया था। आरोपी को अदालत में पेश किया गया। जहां पर उसे जमानत पर रिहा कर दिया गया। पुलिस इस मामले में एक आरोपी को पहले ही गिरफ्तार कर चुकी हैं।
मामले की जानकारी देते हुए शहर थाना प्रभारी उप निरीक्षक संदीप कुमार ने बताया कि सिरसा पुलिस ने मुख्यमंत्री उड़नदस्ता हिसार के निर्देशानुसार रानियां के राजकीय कन्या महाविद्यालय के प्रधानाचार्य डाक्टर बन्ता सिंह भोला की शिकायत पर शहर थाने में मामला दर्ज किया था। जांच के दौरान सामने आया कि श्री साई इंस्टीट्यूट द्वारकापुरी सिरसा में फर्जी डिग्री व सर्टिफिकेट बनाए जाते हैं। ऐसे में इस नेटवर्क से जुड़े दूसरे आरोपी सीताराम भोला निवासी हरि विष्णु कॉलोनी को पुलिस अदालत से प्रोडक्शन वारंट पर गिरफ्तार किया था। अदालत ने आरोपी को जमानत पर रिहा कर दिया।
यह था मामला
शिकायतकर्ता के अनुसार मुख्यमंत्री उड़नदस्ता हिसार द्वारा दिनांक 12 दिसंबर .2024 को हुई सांई इंस्टीट्यूट पर छापेमार कार्रवाई की गई थी। इस दौरान टीम ने कई विश्वविद्यालयों के नाम पर जारी फर्जी प्रमाण पत्र, डीएमसी, माइग्रेशन सर्टिफिकेट, 8 रबर स्टाम्प और खाली फॉर्मेट बरामद हुए थे। जांच में सामने आया कि संस्थान युवाओं से मोटी रकम लेकर बिना परीक्षा दिए फर्जी डिग्रियां उपलब्ध करवाता था। मौके पर आए छात्र मुकेश कुमार ने स्वीकार किया था कि उसने 30,000 रुपये देकर बीए की डीएमसी खरीदी है। उसी आधार पर उसने विश्वविद्यालय में दाखिला लिया है। इस पर शहर थाना पुलिस ने धोखाधड़ी, फर्जी दस्तावेज बनाने सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया था। इस मामले में पुलिस विकास शर्मा की पहले से ही गिरफ्तार करके जेल भेज चुकी है।
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मामले की जानकारी देते हुए शहर थाना प्रभारी उप निरीक्षक संदीप कुमार ने बताया कि सिरसा पुलिस ने मुख्यमंत्री उड़नदस्ता हिसार के निर्देशानुसार रानियां के राजकीय कन्या महाविद्यालय के प्रधानाचार्य डाक्टर बन्ता सिंह भोला की शिकायत पर शहर थाने में मामला दर्ज किया था। जांच के दौरान सामने आया कि श्री साई इंस्टीट्यूट द्वारकापुरी सिरसा में फर्जी डिग्री व सर्टिफिकेट बनाए जाते हैं। ऐसे में इस नेटवर्क से जुड़े दूसरे आरोपी सीताराम भोला निवासी हरि विष्णु कॉलोनी को पुलिस अदालत से प्रोडक्शन वारंट पर गिरफ्तार किया था। अदालत ने आरोपी को जमानत पर रिहा कर दिया।
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यह था मामला
शिकायतकर्ता के अनुसार मुख्यमंत्री उड़नदस्ता हिसार द्वारा दिनांक 12 दिसंबर .2024 को हुई सांई इंस्टीट्यूट पर छापेमार कार्रवाई की गई थी। इस दौरान टीम ने कई विश्वविद्यालयों के नाम पर जारी फर्जी प्रमाण पत्र, डीएमसी, माइग्रेशन सर्टिफिकेट, 8 रबर स्टाम्प और खाली फॉर्मेट बरामद हुए थे। जांच में सामने आया कि संस्थान युवाओं से मोटी रकम लेकर बिना परीक्षा दिए फर्जी डिग्रियां उपलब्ध करवाता था। मौके पर आए छात्र मुकेश कुमार ने स्वीकार किया था कि उसने 30,000 रुपये देकर बीए की डीएमसी खरीदी है। उसी आधार पर उसने विश्वविद्यालय में दाखिला लिया है। इस पर शहर थाना पुलिस ने धोखाधड़ी, फर्जी दस्तावेज बनाने सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया था। इस मामले में पुलिस विकास शर्मा की पहले से ही गिरफ्तार करके जेल भेज चुकी है।
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