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हरियाणा: राम रहीम ने करवाई दो शाही बेटियों और चार बेटों की शादी, टोकन ऑफ लव के रूप में दी इतने रुपये की एफडी

Thu, 14 Jul 2022 12:22 AM IST
भूपेंद्र सिंह संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा (हरियाणा)
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा (हरियाणा) Published by: भूपेंद्र सिंह Updated Thu, 14 Jul 2022 12:22 AM IST
सार

शाही आसरा आश्रम डेरा प्रमुख की ओर से चलाए जा रहे 140 मानवता भलाई के कार्यों में से पांचवां कार्य है, जिसके तहत अनाथ, बेसहारा लड़कों को अपनाना और उन्हें शिक्षा देकर आत्मनिर्भर बनाना।

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Ram Rahim got the boys and girls married
आशीर्वाद देता राम रहीम। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

ऑनलाइन माध्यम से डेरा प्रमुख गुरमीत राम रहीम ने मंगलवार शाम को नशा नहीं करने और बुराइयां छोड़ने के लिए प्रवचन किया। उन्होंने दो शाही बेटियों की शादी भी करवाई। आसरा आश्रम के चार नवयुवक कुल का क्राउन के साथ विवाह बंधन में बंधे। शादी के बंधन में बंधी शाही बेटियों को सात-सात लाख और शाही आसरा आश्रम के बेटों को 5-5 लाख रुपये की एफडी टोकन ऑफ लव के रूप में दी गई। 

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यूपी के बागपत जिले के बरनावा में ऑनलाइन मजलिस का आयोजन किया गया। डेरा प्रमुख ने कहा कि मालिक, परम पिता परमात्मा, सच्चे दाता रहबर शाह सतनाम, शाह मस्तान, ओउम, हरि, अल्लाह, वाहेगुरु, राम कण-कण में विराजमान हैं, हर जगह रहते हैं वो। चाहवान जब उन्हें बुलाते हैं तो वो चले आते हैं। जो वैराग्य के साथ प्रभु को, परमात्मा को, राम को, अल्लाह, गॉड, खुदा, रब्ब को याद करते हैं, वो बहुत जल्दी उसको पा लेते हैं। 
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शाही बेटियां
वो बेटियां, जिन्हें गर्भ में ही मार दिया जाना था या जिन्हें मां-बाप मरने के लिए कूड़े के ढेर पर छोड़ गए थे। डेरा  प्रमुख ने ऐसी 21 बेटियों को न केवल अपनाया, बल्कि मां-बाप की जगह खुद अपना नाम दिया। इनका पालन पोषण किया, पढ़ाया-लिखाया और इन्हें काबिल बनाया। ऐसा काबिल बनाया कि इनमें से कई बेटियों ने शिक्षा व खेलों में देश का नाम रोशन किया। 
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शाही आसरा आश्रम
शाही आसरा आश्रम डेरा प्रमुख की ओर से चलाए जा रहे 140 मानवता भलाई के कार्यों में से पांचवां कार्य है, जिसके तहत अनाथ, बेसहारा लड़कों को अपनाना और उन्हें शिक्षा देकर आत्मनिर्भर बनाना। ऐसे 17 बच्चों को न केवल अपनाया, बल्कि इन्हें मां-बाप की जगह अपना नाम दिया, इनका पालन-पोषण किया. पढ़ाया-लिखाया और काबिल बनाया।

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