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Sirsa News: स्लम क्षेत्र में मूलभूत सुविधाओं की कमी, नगर परिषद ग्रांट तक नहीं कर पाई खर्च
Wed, 19 Mar 2025 11:52 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Wed, 19 Mar 2025 11:52 PM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। नगर परिषद के हाल ही में प्रस्तावित बजट में सामने आया है कि अधिकारी एक साल में स्लम बस्तियों के लिए आई ग्रांट से क्षेत्र में कोई काम नहीं करवा सके हैं। इस कारण शहर के स्लम क्षेत्र में लोगों को मूलभूत सुविधाओं के लिए परेशानी का सामना करना पड़ा रहा है। एक साल में स्लम क्षेत्र में 85 लाख रुपये की ग्रांट आई है। अब हाउस बनने के बाद विकास होने की उम्मीद जगी है।
इस मामले में अधिकारियों की माने तो हाउस बनने के बाद अब इस ग्रांट का प्रयोग किया जाएगा। हाउस में अध्यक्ष के समक्ष ग्रांट को लेकर जानकारी रखी जाएगी। उसके बाद ग्रांट को किस वार्ड और किस एरिया में खर्च करना है, उसका निर्णय लिया जाएगा। ऐसे में उम्मीद है कि वर्ष 2025 में इस ग्रांट का प्रयोग नगर परिषद प्रशासन कर पाएगा।
ग्रांट से ये होने थे काम
- स्लम क्षेत्र में सड़क निर्माण
पार्क निर्माण
स्ट्रीट लाइट
शौचालय का निर्माण।
-- --
स्लम बस्ती के लिए प्रशासन ने नहीं उठाया कोई कदम
हैरानी की बात है कि स्लम क्षेत्र की गणना करना और मापन करने का काम नगर परिषद के अधिकारियों का है। वार्डबंदी के दौरान सभी क्षेत्र की गणना की गई थी। इस दौरान कौन सा स्लम एरिया है, उसकी जानकारी उन्हें प्राप्त हुई थी। इसके बाद भी इन एरिया में पैसा खर्च करने से गुरेज किया गया।
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कोट्स
सभी पार्षदों और अध्यक्ष से विचार विमर्श के बाद इस ग्रांट का प्रयोग किया जाएगा। जो हाउस को बेहतर लगेगा। उसी आधार पर उस एरिया में इस पैसे को खर्च किया जाएगा। - विक्की, एक्सईएन, नगर परिषद
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सिरसा। नगर परिषद के हाल ही में प्रस्तावित बजट में सामने आया है कि अधिकारी एक साल में स्लम बस्तियों के लिए आई ग्रांट से क्षेत्र में कोई काम नहीं करवा सके हैं। इस कारण शहर के स्लम क्षेत्र में लोगों को मूलभूत सुविधाओं के लिए परेशानी का सामना करना पड़ा रहा है। एक साल में स्लम क्षेत्र में 85 लाख रुपये की ग्रांट आई है। अब हाउस बनने के बाद विकास होने की उम्मीद जगी है।
इस मामले में अधिकारियों की माने तो हाउस बनने के बाद अब इस ग्रांट का प्रयोग किया जाएगा। हाउस में अध्यक्ष के समक्ष ग्रांट को लेकर जानकारी रखी जाएगी। उसके बाद ग्रांट को किस वार्ड और किस एरिया में खर्च करना है, उसका निर्णय लिया जाएगा। ऐसे में उम्मीद है कि वर्ष 2025 में इस ग्रांट का प्रयोग नगर परिषद प्रशासन कर पाएगा।
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ग्रांट से ये होने थे काम
- स्लम क्षेत्र में सड़क निर्माण
पार्क निर्माण
स्ट्रीट लाइट
शौचालय का निर्माण।
स्लम बस्ती के लिए प्रशासन ने नहीं उठाया कोई कदम
हैरानी की बात है कि स्लम क्षेत्र की गणना करना और मापन करने का काम नगर परिषद के अधिकारियों का है। वार्डबंदी के दौरान सभी क्षेत्र की गणना की गई थी। इस दौरान कौन सा स्लम एरिया है, उसकी जानकारी उन्हें प्राप्त हुई थी। इसके बाद भी इन एरिया में पैसा खर्च करने से गुरेज किया गया।
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कोट्स
सभी पार्षदों और अध्यक्ष से विचार विमर्श के बाद इस ग्रांट का प्रयोग किया जाएगा। जो हाउस को बेहतर लगेगा। उसी आधार पर उस एरिया में इस पैसे को खर्च किया जाएगा। - विक्की, एक्सईएन, नगर परिषद