{"_id":"58af33754f1c1b1b4bb2358a","slug":"ex-congress-leader-s-daughter-rape-case-update-news-sirsa","type":"story","status":"publish","title_hn":"पूर्व कांग्रेस नेत्री की दुष्कर्म पीड़िता बेटी के दर्ज हुए बयान","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
पूर्व कांग्रेस नेत्री की दुष्कर्म पीड़िता बेटी के दर्ज हुए बयान
ब्यूरो/अमर उजाला, सिरसा
Updated Fri, 24 Feb 2017 12:39 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पूर्व महिला कांग्रेसी नेत्री की बेटी के साथ दुष्कर्म करने और जान से मारने की कोशिश के मामले में शहर पुलिस ने वीरवार को पीड़िता के मजिस्ट्रेट के समक्ष बयान दर्ज करवाए। मामला बेहद हाई प्रोफाइल होने के कारण युवती को कड़ी सुरक्षा के बीच एसीजेएम कोर्ट में लाया गया। इसके बाद कोर्ट से सभी बाहर चले गए। न्यायाधीश आरती ने युवती का बयान दर्ज किया।
विज्ञापन
दुष्कर्म, अपहरण, जान से मारने की कोशिश के इस मामले में दड़बा से पूर्व कांग्रेस विधायक का भतीजा अजीत बैनीवाल मुख्य आरोपी है। जबकि अन्य पर अपहरण से लेकर मारपीट कर जान से मारने के प्रयास का आरोप है। पूर्व विधायक के खिलाफ भी डराने धमकाने का आरोप है। हाई प्रोफाइल केस होने के चलते मीडिया से केस के संबंध में बात करना तो दूर इस केस की एफआईआर नंबर 143 को भी गोपनीय रखा गया है। यहां तक कि हरियाणा पुलिस की ऑनलाइन एफआइआर वेबसाइट पर चोरी से लेकर हत्या तक सभी एफआईआर अपलोड हैं, सिवाय एफआईआर नंबर 143 के।
विज्ञापन
बता दें कि युवती ने महिला पुलिस की मौजूदगी में महिला अधिवक्ता को बयान दिया कि वर्ष 2016 में उसकी सगाई हुई थी। कीर्ति नगर निवासी अजीत बैनीवाल ने उसकी सगाई तुड़वा दी। इसके बाद वह उसे जबरदस्ती अपने घर ले गया और उसके साथ दुष्कर्म किया।
विज्ञापन
सिरसा से वह उसे जयपुर ले गया। जहां अजीत बैनीवाल ने उससे कहा कि धर्म परिवर्तन करके वह उससे निकाह कर लेगा। उसे कुछ दिन जयपुर में रखने के बाद अजीत उसे मुंबई ले गया। यहां पर उसने उसका जबरन धर्म परिवर्तन करवा दिया। युवती ने बयानों में बताया कि जब वह गर्भवती हो गई तो अजीत उसे सिरसा ले आया। उसने उसे गर्भपात करवाने को कहा, लेकिन उसने मना कर दिया। इसके बाद उसने जबरदस्ती उसका गर्भपात करवा दिया।
युवती का कहना है कि उसने पुलिस में शिकायत देने की बात कही तो अजीत सिंह ने अपनी साथी जवाहर के साथ उसका अपहरण किया और गांव दड़बा ले गया। वहां पर अजीत बैनीवाल व अन्य ने बेरहमी से उसके साथ मारपीट कर जान से मारने की कोशिश की।
युवती ने अपने बयानों में आरोप लगाया कि जब ये लोग उसे मारने की फिराक में थे तो उसने इनसे कहा कि सारे सबूत उसने अपनी दोस्त को ई-मेल पर भेज रखे हैं। अगर तुमने मारा तो सारे सबूत पुलिस और मीडिया के पास मेरी दोस्त भेज देगी। हत्या के मामले में फंसने के डर से इन लोगों ने उसे नहीं मारा, लेकिन बंधक बनाकर कंगनपुर रोड स्थित अपने ठिकाने में ले गए। 17 फरवरी को बड़ी मुश्किल से वह इनके चंगुल से छूटकर अपने घर पहुंची, जिसके बाद मां ने उसे उपचार के लिए सिविल अस्पताल में दाखिल कराया।