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सिविल अस्पताल में आने वाले फ्लू ओपीडी में मरीजों की मुंह ढक्कर की जा रही है जांच
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कोरोना वायरस को लेकर जिले में कॉलेज और विश्वविद्यालय में छुट्टी कर दी गई है। वहीं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की छुट्टियां रद्द कर दी है। मुख्यालय द्वारा शिक्षण संस्थानों की 31 मार्च तक छुट्टियां कर दी है। सभी शिक्षण संस्थानों में टीचर्स व नॉन टीचिंग स्टाफ ड्यूटी पर ही रहेंगे। सीडीएलयू में डिस्टेंस की परीक्षाएं चलती रहेगी। अस्पताल में बच्चों की जांच के लिए भी लाइनें लग रही हैं। वहीं सिविल अस्पताल में बने फ्लू वार्ड में किसी भी मरीज को बिना मास्क के अंदर नहीं जाने दिया जा रहा है।
उच्चतर शिक्षा निदेशालय व शिक्षा निदेशालय ने एक पत्र जारी कर आदेश दिए हैं कि सभी विश्वविद्यालय और शिक्षण संस्थानों में विद्यार्थियों की 31 मार्च तक छुट्टियां कर दी गई है। क्योंकि इसका कारण है कि शिक्षण संस्थानों में सभी विद्यार्थी एक जगह एकत्रित होते हैं जिस कारण से फ्लू फैलता है। इससे बचने के लिए मुख्यालय ने सभी शिक्षण संस्थानों में विद्यार्थियों की छुट्टियां 31 मार्च तक कर दी है। वहीं सिविल अस्पताल सिरसा में बीते दिन वीरवार को एक फ्लू वार्ड बनाया गया है। जहां केवल खांसी, जुकाम और नजला के ही मरीज अपनी जांच करवा सकेंगे। डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. विरेश भूषण के अनुसार जो संक्रमित बीमारी और फ्लू ओपीडी के मरीज हैं उन्हें सीधे तौर पर आयुष विभाग के कमरा नंबर 47ए में भेजा जा रहा है। इसका कारण है कि वह मरीज अन्य मरीजों के संपर्क में ना आए और दूसरों पर इसका असर न फैले। वहीं स्वास्थ्य विभाग में शिशु जांच के लिए भी मरीजों की संख्या निरंतर बढ़ रही है। अधिकतर परिजन अपने बच्चे को खांसी जुकाम होते ही अस्पताल में जांच के लिए लेकर आ रहे हैं। शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. अमित गुप्ता ने बताया कि मार्च, अप्रैल के माह में फ्लू ज्यादा फैलता है। जिस कारण छोटे बच्चों में खांसी जुकाम जैसी समस्या आ रही है। लेकिन अभी तक किसी का भी सैंपल नहीं भेजा गया है। सिविल अस्पताल में बनी फ्लू ओपीडी में किसी भी मरीज को बिना किसी मास्क के अंदर नहीं जाने दिया जा रहा है। इसी प्रकार ओपीडी में ड्यूटी डॉक्टर के अलावा किसी अन्य डॉक्टर अथवा कर्मचारी को अंदर जाने की अनुमति नहीं है।
जिले में सात भेजे जा चूके है सैंपल, छह निगेटिव
स्वास्थ्य विभाग ने एक सैंपल पुणे की लैब में भेजा है। जबकि बीते दिन बुधवार को भेजे गए एक सैंपल की रिपोर्ट नेगेटिव आई थी। अभी सैंपल की रिपोर्ट दो दिन बाद आएगी। तब तक मरीज को आइसोलेशन वार्ड में ही रखा जाएगा। अभी तक जिले में सात मरीजों की सैंपल भेजे जा चुके हैं। जिनमें से 6 की रिपोर्ट निगेटिव आई हैं। जिले में अभी तक विदेशों से करीब 36 लोग आए थे, जिनकी स्क्रीनिंग की गई थी।
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सैंपल लैब में भेज दिया गया है। पहले जो सैंपल भेजा गया था उसकी रिपोर्ट निगेटिव आई है। स्वास्थ्य विभाग की पूरी तैयारियां है।
- डॉ. विरेश भूषण, डिप्टी सिविल सर्जन, सिविल अस्पताल सिरसा।
विश्वविद्यालय में छात्रों की छुट्टियां की गई है। नॉन टीचिंग व टीचिंग कर्मचारी ड्यूटी पर रहेंगे। डिस्टेंस की परीक्षाएं भी जारी रहेगी।
- राकेश वधवा, रजिस्ट्रार, सीडीएलयू सिरसा।
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उच्चतर शिक्षा निदेशालय व शिक्षा निदेशालय ने एक पत्र जारी कर आदेश दिए हैं कि सभी विश्वविद्यालय और शिक्षण संस्थानों में विद्यार्थियों की 31 मार्च तक छुट्टियां कर दी गई है। क्योंकि इसका कारण है कि शिक्षण संस्थानों में सभी विद्यार्थी एक जगह एकत्रित होते हैं जिस कारण से फ्लू फैलता है। इससे बचने के लिए मुख्यालय ने सभी शिक्षण संस्थानों में विद्यार्थियों की छुट्टियां 31 मार्च तक कर दी है। वहीं सिविल अस्पताल सिरसा में बीते दिन वीरवार को एक फ्लू वार्ड बनाया गया है। जहां केवल खांसी, जुकाम और नजला के ही मरीज अपनी जांच करवा सकेंगे। डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. विरेश भूषण के अनुसार जो संक्रमित बीमारी और फ्लू ओपीडी के मरीज हैं उन्हें सीधे तौर पर आयुष विभाग के कमरा नंबर 47ए में भेजा जा रहा है। इसका कारण है कि वह मरीज अन्य मरीजों के संपर्क में ना आए और दूसरों पर इसका असर न फैले। वहीं स्वास्थ्य विभाग में शिशु जांच के लिए भी मरीजों की संख्या निरंतर बढ़ रही है। अधिकतर परिजन अपने बच्चे को खांसी जुकाम होते ही अस्पताल में जांच के लिए लेकर आ रहे हैं। शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. अमित गुप्ता ने बताया कि मार्च, अप्रैल के माह में फ्लू ज्यादा फैलता है। जिस कारण छोटे बच्चों में खांसी जुकाम जैसी समस्या आ रही है। लेकिन अभी तक किसी का भी सैंपल नहीं भेजा गया है। सिविल अस्पताल में बनी फ्लू ओपीडी में किसी भी मरीज को बिना किसी मास्क के अंदर नहीं जाने दिया जा रहा है। इसी प्रकार ओपीडी में ड्यूटी डॉक्टर के अलावा किसी अन्य डॉक्टर अथवा कर्मचारी को अंदर जाने की अनुमति नहीं है।
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जिले में सात भेजे जा चूके है सैंपल, छह निगेटिव
स्वास्थ्य विभाग ने एक सैंपल पुणे की लैब में भेजा है। जबकि बीते दिन बुधवार को भेजे गए एक सैंपल की रिपोर्ट नेगेटिव आई थी। अभी सैंपल की रिपोर्ट दो दिन बाद आएगी। तब तक मरीज को आइसोलेशन वार्ड में ही रखा जाएगा। अभी तक जिले में सात मरीजों की सैंपल भेजे जा चुके हैं। जिनमें से 6 की रिपोर्ट निगेटिव आई हैं। जिले में अभी तक विदेशों से करीब 36 लोग आए थे, जिनकी स्क्रीनिंग की गई थी।
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सैंपल लैब में भेज दिया गया है। पहले जो सैंपल भेजा गया था उसकी रिपोर्ट निगेटिव आई है। स्वास्थ्य विभाग की पूरी तैयारियां है।
- डॉ. विरेश भूषण, डिप्टी सिविल सर्जन, सिविल अस्पताल सिरसा।
विश्वविद्यालय में छात्रों की छुट्टियां की गई है। नॉन टीचिंग व टीचिंग कर्मचारी ड्यूटी पर रहेंगे। डिस्टेंस की परीक्षाएं भी जारी रहेगी।
- राकेश वधवा, रजिस्ट्रार, सीडीएलयू सिरसा।