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ठेकेदार ने बीच में छोड़ा खाल का निर्माण, किसानों ने जताया रोष
Updated Fri, 05 Jan 2018 01:17 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
ओढां।
रोड़ी में ठेकेदार द्वारा निर्माणाधीन खाल का कार्य बीच में छोड़े जाने के चलते किसानों ने रोष व्यक्त किया है। किसानों का कहना है कि ठेकेदार द्वारा उक्त कार्य लंबे समय से अधर में छोड़ा गया है। इस बारे ठेेकेदार को कई बार अवगत करवा दिया, लेकिन इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा।
रोड़ी में रंगा रजवाह के मोगा नंबर 17935 (लेफ्ट) से करीब 40 एकड़ लंबा खाल स्वीकृत हुआ था। ठेकेदार नेे शुरुआती दौर में निर्माण कार्य में तेजी दिखाते हुए करीब 15 एकड़ लंबे खाल का निर्माण करवा दिया, लेकिन बाकी का कार्य अधर में छोड़ दिया गया। रोष व्यक्त कर रहे किसान कुलवंत सिंह, राजेंद्र सिंह, नरेश कुमार, लक्खा सिंह, विजय पाल, संदीप कुमार, रमेश कुमार और दाता दयाल आदि ने बताया कि ये खाल सिंचाई के लिए मुख्य खाल है। किसानों के मुताबिक इस खाल का निर्माण अधर में लटकने से करीब 300 एकड़ रकबा प्रभावित होकर रह गया है। उन्होंने कहा कि खाल का निरीक्षण करने के लिए एसडीओ और जेई आकर औपचारिकता निभाकर चले गए, लेकिन किसी ने इसकी सुध लेेने की जहमत नहीं उठाई।
किसानों ने विभाग के खिलाफ रोष व्यक्त करते हुए कहा कि ठेकेदार ने जितना खाल मुकम्मल कर रखा है उसमें अभी छोटी पुलियां और सिंचाई के नाके भी नहीं लगाए। इसके अलावा खाल के दोनों ओर मिट्टी भी किसानों ने ही लगाई है। किसानों ने बताया कि विभाग की ओर से कोई ध्यान न दिए जाने के चलते ठेकेदार की ओर से भी कार्य पूरा करने में कोई रुचि नहीं दिखाई जा रही। किसान शंकर लाल ने बताया कि उसने 35 एकड़ भूमि ठेके पर लेकर काश्त की है और ये रकबा उक्त खाल के अधीन पड़ता है। कि सान शंक र लाल ने रोष व्यक्त करते हुए कहा कि खाल कार्य अधर में लटकने से उसे काफी नुकसान उठाना पड़ रहा है। इसके अलावा अन्य किसानों ने भी सिंचाई संबंधी समस्या बताते हुए कहा कि विभाग इस समस्या का समाधान करें।
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मेरे पास जितना पैसा था वो लगा दिया
मुझे पता है कि किसानों को दिक्कत आ रही है। मैं स्वयं चाहता हूं कि कार्य शीघ्र पूरा हो। मेरे पास जितना पैसा था वो मैंने निर्माण पर लगा दिया। मैंने विभाग को बिल भेज रखें हैं जो अभी तक पास नहीं हुए। जैसे ही विभाग राशि देगा कार्य मुकम्मल करवा दिया जाएगा।
-रोहित शर्मा, ठेकेदार।
मैं किसानों की समस्या से अवगत हूं। मैंने कल ही ठेकेदार को मौके पर बुलाया था। निर्माण सामग्री ले जाने के लिए ठेकेदार को रास्ते ही दिक्कत आ रही थी, जिसे हल करवा दिया गया है। ठेकेदार को कड़े निर्देश दिए गए हैं कि मौके पर रहक र शेष बचे निर्माण कार्य को जल्दी पूरा करवाया जाए। ये कार्य जल्द ही मुकम्मल करवा दिया जाएगा।
-डी.के गर्ग, एसडीओ (नहरी एवं सिंचाई विभाग)।
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रोड़ी में ठेकेदार द्वारा निर्माणाधीन खाल का कार्य बीच में छोड़े जाने के चलते किसानों ने रोष व्यक्त किया है। किसानों का कहना है कि ठेकेदार द्वारा उक्त कार्य लंबे समय से अधर में छोड़ा गया है। इस बारे ठेेकेदार को कई बार अवगत करवा दिया, लेकिन इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा।
रोड़ी में रंगा रजवाह के मोगा नंबर 17935 (लेफ्ट) से करीब 40 एकड़ लंबा खाल स्वीकृत हुआ था। ठेकेदार नेे शुरुआती दौर में निर्माण कार्य में तेजी दिखाते हुए करीब 15 एकड़ लंबे खाल का निर्माण करवा दिया, लेकिन बाकी का कार्य अधर में छोड़ दिया गया। रोष व्यक्त कर रहे किसान कुलवंत सिंह, राजेंद्र सिंह, नरेश कुमार, लक्खा सिंह, विजय पाल, संदीप कुमार, रमेश कुमार और दाता दयाल आदि ने बताया कि ये खाल सिंचाई के लिए मुख्य खाल है। किसानों के मुताबिक इस खाल का निर्माण अधर में लटकने से करीब 300 एकड़ रकबा प्रभावित होकर रह गया है। उन्होंने कहा कि खाल का निरीक्षण करने के लिए एसडीओ और जेई आकर औपचारिकता निभाकर चले गए, लेकिन किसी ने इसकी सुध लेेने की जहमत नहीं उठाई।
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किसानों ने विभाग के खिलाफ रोष व्यक्त करते हुए कहा कि ठेकेदार ने जितना खाल मुकम्मल कर रखा है उसमें अभी छोटी पुलियां और सिंचाई के नाके भी नहीं लगाए। इसके अलावा खाल के दोनों ओर मिट्टी भी किसानों ने ही लगाई है। किसानों ने बताया कि विभाग की ओर से कोई ध्यान न दिए जाने के चलते ठेकेदार की ओर से भी कार्य पूरा करने में कोई रुचि नहीं दिखाई जा रही। किसान शंकर लाल ने बताया कि उसने 35 एकड़ भूमि ठेके पर लेकर काश्त की है और ये रकबा उक्त खाल के अधीन पड़ता है। कि सान शंक र लाल ने रोष व्यक्त करते हुए कहा कि खाल कार्य अधर में लटकने से उसे काफी नुकसान उठाना पड़ रहा है। इसके अलावा अन्य किसानों ने भी सिंचाई संबंधी समस्या बताते हुए कहा कि विभाग इस समस्या का समाधान करें।
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मेरे पास जितना पैसा था वो लगा दिया
मुझे पता है कि किसानों को दिक्कत आ रही है। मैं स्वयं चाहता हूं कि कार्य शीघ्र पूरा हो। मेरे पास जितना पैसा था वो मैंने निर्माण पर लगा दिया। मैंने विभाग को बिल भेज रखें हैं जो अभी तक पास नहीं हुए। जैसे ही विभाग राशि देगा कार्य मुकम्मल करवा दिया जाएगा।
-रोहित शर्मा, ठेकेदार।
मैं किसानों की समस्या से अवगत हूं। मैंने कल ही ठेकेदार को मौके पर बुलाया था। निर्माण सामग्री ले जाने के लिए ठेकेदार को रास्ते ही दिक्कत आ रही थी, जिसे हल करवा दिया गया है। ठेकेदार को कड़े निर्देश दिए गए हैं कि मौके पर रहक र शेष बचे निर्माण कार्य को जल्दी पूरा करवाया जाए। ये कार्य जल्द ही मुकम्मल करवा दिया जाएगा।
-डी.के गर्ग, एसडीओ (नहरी एवं सिंचाई विभाग)।