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Rohtak News: विद्यार्थियों ने जाना वायु सेना का इतिहास
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रोहतक। महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय के रक्षा व सामरिक अध्ययन विभाग में मंगलवार को वायु सेना दिवस मनाया। इस अवसर पर विभाग में विशेष विस्तार व्याख्यान का आयोजन किया गया।
भारतीय वायु सेना की अधिकारी ग्रुप कैप्टन प्रीतम सांत्रा ने बतौर मुख्य वक्ता यह व्याख्यान दिया। विभागाध्यक्ष प्रो. सेवा सिंह दहिया ने वायुसेना का गौरवशाली इतिहास बताया। सांत्रा ने भारतीय वायु सेना के इतिहास, उसके उपयोग में उपकरण, आधुनिक युद्धनीति आदि के बारे में जानकारी दी। भारतीय वायुसेना 8 अक्टूबर, 1932 में स्थापित की गई थी। भारत की सुरक्षा में हमेशा से तैनात रही है। भारतीय वायु सेना ने 1947-48, 1965, 1971, 1999 और 2019 बालाकोट आदि में अपनी महत्वपूर्ण सेवाएं दी। इस मौके पर प्रो. केडी श्योराण, कर्नल भास्कर गुप्ता, डॉ. प्रोमिला रांगी, एसएलए अनीता, अमरनाथ, दीपक और समस्त विद्यार्थीगण मौजूद रहे।
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भारतीय वायु सेना की अधिकारी ग्रुप कैप्टन प्रीतम सांत्रा ने बतौर मुख्य वक्ता यह व्याख्यान दिया। विभागाध्यक्ष प्रो. सेवा सिंह दहिया ने वायुसेना का गौरवशाली इतिहास बताया। सांत्रा ने भारतीय वायु सेना के इतिहास, उसके उपयोग में उपकरण, आधुनिक युद्धनीति आदि के बारे में जानकारी दी। भारतीय वायुसेना 8 अक्टूबर, 1932 में स्थापित की गई थी। भारत की सुरक्षा में हमेशा से तैनात रही है। भारतीय वायु सेना ने 1947-48, 1965, 1971, 1999 और 2019 बालाकोट आदि में अपनी महत्वपूर्ण सेवाएं दी। इस मौके पर प्रो. केडी श्योराण, कर्नल भास्कर गुप्ता, डॉ. प्रोमिला रांगी, एसएलए अनीता, अमरनाथ, दीपक और समस्त विद्यार्थीगण मौजूद रहे।
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