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Rohtak: विद्युत निगम ने चार अधिकारियों के खिलाफ चार्जशीट का ड्राफ्ट मुख्यालय भेजा, घोटाले का है मामला
Fri, 13 Oct 2023 11:58 PM IST
भूपेंद्र सिंह
अमर उजाला ब्यूरो, रोहतक (हरियाणा)
अमर उजाला ब्यूरो, रोहतक (हरियाणा)
Published by: भूपेंद्र सिंह
Updated Fri, 13 Oct 2023 11:58 PM IST
सार
दो करोड़ के बिजली बिलों में घोटाले का मामला है। डीसी रेट पर लगे दो कर्मचारियों को बर्खास्त करने के नोटिस जारी किए गए हैं।
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घोटाला
- फोटो : amar ujala
विस्तार
हरियाणा के रोहतक में बिजली निगम ने दो करोड़ के बिलों में घोटाले के मामले में कार्रवाई करते हुए कार्यकारी अभियंता सुरेश हुड्डा, उपमंडल अभियंता रामप्रसाद, यूडीसी बिमला और सीए संजय के खिलाफ अधिकारियों ने चार्जशीट का ड्राफ्ट मुख्यालय भेजा है। इसके अलावा डीसी रेट पर लगे दो कर्मियों गीता और संदीप को नौकरी से बर्खास्त करने का नोटिस जारी दिया है।
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करीब तीन माह पहले सीएम फ्लाइंग के छापे के बाद निगम अधिकारियों ने यह कार्रवाई अमल में लाई है। इसके अलावा एलडीसी जितेंद्र व एक अन्य कर्मचारी को भी बिलों में गड़बड़ी करने के मामले में नोटिस थमाया है। इनको 15 दिन में नकदी जमा करने के निर्देश दिए गए हैं और इनकी भी बर्खास्तगी तय मानी जा रही है। घोटालों का गढ़ बने बिजली निगम में डीसी रेट पर लगी गीता और संदीप पर भी शुक्रवार को कार्रवाई की गई है।
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यह है मामला
वर्ष 2022-23 के दौरान हुए इस मामले में कार्यकारी अभियंता सुरेश हुड्डा उस समय एसडीओ थे, अब वह पदोन्नत होने के बाद कार्यकारी अभियंता बने हैं। बिल ऑडिट में खुलासा हुआ तो विभाग के कुछ नाम सामने आए। हैरानी की बात है कि एसडीओ की लॉगिन आईडी चुराकर बेधड़क बिजली के बिलों में खेल किया गया।
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इस मामले में विभाग की ओर से जांच शुरू हुई और संबंधित कर्मचारियों से धनराशि जमा कराने के आदेश दिए गए थे, लेकिन अब तक दो कर्मचारियों ने सिर्फ 13 लाख रुपये ही जमा कराएं हैं। पिछले सप्ताह एक कर्मचारी ने दो लाख रुपये दिए, क्योंकि ऑडिट में इस कर्मचारी ने 15 उपभोक्ताओं से थोड़ी-थोड़ी धनराशि लेने की बात कही थी। दूसरे कर्मचारी ने 11 लाख रुपये जमा कराए हैं। इन पर 80-90 उपभोक्ताओं से धनराशि हजम करने का आरोप है।
चार अधिकारियों के खिलाफ चार्जशीट का ड्राफ्ट मुख्यालय भेटा गया है। यदि यह दोषी पाए जाते हैं तो मुख्यालय की ओर से इन पर कार्रवाई की जाएगी। जो डीसी रेट पर कर्मचारी शामिल हैं, उनको नौकरी से हटाने के आदेश जारी कर दिए गए हैं। - मनिंदर सिंह, अधीक्षण अभियंता, विद्युत निगम।