{"_id":"5fa839d68ebc3ea372521fc6","slug":"reservation-of-panchayati-raj-institutions-will-be-renewed-rohtak-news-rtk581976183","type":"story","status":"publish","title_hn":"नए सिरे से होगा पंचायती राज संस्थाओं का आरक्षण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नए सिरे से होगा पंचायती राज संस्थाओं का आरक्षण
विज्ञापन
हरियाणा विधानसभा द्वारा पंचायती राज संस्थाओं में महिलाओं को पचास फीसदी आरक्षण का बिल पास करने के बाद अब नए सिरे से इनका आरक्षण किया जाएगा। क्योंकि महिलाओं को 50 फीसदी आरक्षण के बाद सारे समीकरण बदल गए हैं।
हरियाणा विधानसभा ने शुक्रवार को हरियाणा पंचायती राज द्वितीय संशोधन विधेयक पास किया है। इसके तहत महिलाओं को 50 फीसदी और बीसी-ए वर्ग को आठ प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान किया गया है। नियमानुसार फरवरी 2021 से पहले पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव करवाए जाने हैं। इसे देखते हुए राज्य चुनाव आयोग ने जून 2020 में जिला प्रशासन को पंचायती राज संस्थाओं का आरक्षण मुकम्मल करने के निर्देश दिए थे। इसके बाद जिला प्रशासन ने जिला परिषद के 14 वार्डों में से आरक्षित वार्डों का निर्धारण कर दिया था। जिनमें अनुसूचित जाति और पिछड़ी जाति के लिए आरक्षित वार्डों का निर्धारण को जनगणना के आधार पर हुआ था। जबकि, महिलाओं के लिए आरक्षित चार वार्डों और अनुसूचित जाति महिला के लिए आरक्षित एक वार्ड का निर्धारण ड्रॉ के जरिये हुआ था। इसी तरह पांच पंचायत समितियों के अध्यक्षों में से अनुसूचित जाति के लिए एक आरक्षित का चयन जनगणना द्वारा हुआ था। बाकी दो-दो समिति अध्यक्षों में से जो पहले महिला आरक्षित थे, अब अनारक्षित हो गए थे और दोनों अनारक्षित महिला आरक्षित हो गए थे। जिला प्रशासन ने इसी तर्ज पर जिले की 139 पंचायतों के लिए आरक्षण फाइनल कर दिया था। लेकिन विधानसभा द्वारा नया आरक्षण विधेयक पास करने के बाद अब समीकरण बिल्कुल बदल गए हैं। पंचायतों से लेकर जिला परिषद के वार्डों तक नए सिरे से आरक्षण करना पड़ेगा। क्योंकि अब पचास फीसदी महिलाओं और आठ फीसदी बीसी-ए वर्ग के लिए भी आरक्षण करना पड़ेगा। पहले महिलाओं के लिए सिर्फ 33 प्रतिशत आरक्षण था। जिला प्रशासन ने इसकी तैयारी शुरू कर दी है। राज्य सरकार जैसे ही इस संबंध में नोटिफिकेशन जारी कर निर्देश देगी, प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।
जून में किया गया आरक्षण
जिला परिषद
अनुसूचित जाति - वार्ड 3, 11
अनुसूचित जाति महिला - 14
पिछड़ी जाति - 13
महिला - 2,7, 8, 12
अनारक्षित - 1, 4,5, 6, 9, 10
पंचायत समिति अध्यक्ष
रोहतक - अनुसूचित जाति
महम - महिला
सांपला - महिला
लाखनमाजरा - अनारक्षित
कलानौर - अनारक्षित
हरियाणा विधानसभा द्वारा हरियाणा पंचायती राज द्वितीय संशोधन विधेयक पास होने के बाद सारे समीकरण बदल गए हैं। अब पंचायती राज संस्थाओं में नए सिरे से आरक्षण का निर्धारण किया जाएगा। सरकार के निर्देश आते ही प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।
विज्ञापन
- सतीश यादव, सीईओ, जिला परिषद।
विज्ञापन
हरियाणा विधानसभा ने शुक्रवार को हरियाणा पंचायती राज द्वितीय संशोधन विधेयक पास किया है। इसके तहत महिलाओं को 50 फीसदी और बीसी-ए वर्ग को आठ प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान किया गया है। नियमानुसार फरवरी 2021 से पहले पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव करवाए जाने हैं। इसे देखते हुए राज्य चुनाव आयोग ने जून 2020 में जिला प्रशासन को पंचायती राज संस्थाओं का आरक्षण मुकम्मल करने के निर्देश दिए थे। इसके बाद जिला प्रशासन ने जिला परिषद के 14 वार्डों में से आरक्षित वार्डों का निर्धारण कर दिया था। जिनमें अनुसूचित जाति और पिछड़ी जाति के लिए आरक्षित वार्डों का निर्धारण को जनगणना के आधार पर हुआ था। जबकि, महिलाओं के लिए आरक्षित चार वार्डों और अनुसूचित जाति महिला के लिए आरक्षित एक वार्ड का निर्धारण ड्रॉ के जरिये हुआ था। इसी तरह पांच पंचायत समितियों के अध्यक्षों में से अनुसूचित जाति के लिए एक आरक्षित का चयन जनगणना द्वारा हुआ था। बाकी दो-दो समिति अध्यक्षों में से जो पहले महिला आरक्षित थे, अब अनारक्षित हो गए थे और दोनों अनारक्षित महिला आरक्षित हो गए थे। जिला प्रशासन ने इसी तर्ज पर जिले की 139 पंचायतों के लिए आरक्षण फाइनल कर दिया था। लेकिन विधानसभा द्वारा नया आरक्षण विधेयक पास करने के बाद अब समीकरण बिल्कुल बदल गए हैं। पंचायतों से लेकर जिला परिषद के वार्डों तक नए सिरे से आरक्षण करना पड़ेगा। क्योंकि अब पचास फीसदी महिलाओं और आठ फीसदी बीसी-ए वर्ग के लिए भी आरक्षण करना पड़ेगा। पहले महिलाओं के लिए सिर्फ 33 प्रतिशत आरक्षण था। जिला प्रशासन ने इसकी तैयारी शुरू कर दी है। राज्य सरकार जैसे ही इस संबंध में नोटिफिकेशन जारी कर निर्देश देगी, प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।
विज्ञापन
जून में किया गया आरक्षण
जिला परिषद
अनुसूचित जाति - वार्ड 3, 11
अनुसूचित जाति महिला - 14
पिछड़ी जाति - 13
महिला - 2,7, 8, 12
अनारक्षित - 1, 4,5, 6, 9, 10
पंचायत समिति अध्यक्ष
रोहतक - अनुसूचित जाति
महम - महिला
सांपला - महिला
लाखनमाजरा - अनारक्षित
कलानौर - अनारक्षित
हरियाणा विधानसभा द्वारा हरियाणा पंचायती राज द्वितीय संशोधन विधेयक पास होने के बाद सारे समीकरण बदल गए हैं। अब पंचायती राज संस्थाओं में नए सिरे से आरक्षण का निर्धारण किया जाएगा। सरकार के निर्देश आते ही प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।
विज्ञापन
- सतीश यादव, सीईओ, जिला परिषद।