{"_id":"6a0769260ce7e9f9f30482c9","slug":"protests-against-handing-over-rural-water-supply-to-panchayats-rohtak-news-c-17-roh1020-856763-2026-05-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rohtak News: ग्रामीण जलापूर्ति पंचायतों को सौंपने के विरोध में किया प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rohtak News: ग्रामीण जलापूर्ति पंचायतों को सौंपने के विरोध में किया प्रदर्शन
Sat, 16 May 2026 12:12 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
Updated Sat, 16 May 2026 12:12 AM IST
विज्ञापन
23-रोहतक के जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी कार्यालय के सामने प्रदर्शन करते जन स्वास्थ्य विभाग के कर्
रोहतक। ऑल हरियाणा पीडब्ल्यूडी मैकेनिकल कर्मचारी यूनियन व हरियाणा कर्मचारी महासंघ केंद्रीय कमेटी के आह्वान पर शुक्रवार को कर्मचारियों ने प्रदर्शन किया। ग्रामीण जलापूर्ति व्यवस्था को पंचायतों को सौंपने के निर्णय को कर्मचारी एवं जनहित विरोधी बताया। इसे वापस लेने की मांग की।
जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी कार्यालय के सामने कर्मचारियों ने ग्रामीण जलापूर्ति योजनाओं को ग्राम पंचायतों के अधीन सौंपने के निर्णय का विरोध करते हुए अधीक्षक अभियंता अमित शयोकंद के माध्यम से मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। जिला प्रधान कुलदीप अहलावत ने कहा कि कर्मचारियों की मुख्य मांग पुरानी पेंशन योजना बहाल करने, पुरानी एक्सग्रेसिया पॉलिसी लागू करने, एनपीएस समाप्त करने, मेडिकल कैशलेस नीति को प्रभावी बनाने, खाली पड़े पदों पर पदोन्नति देने तथा लंबित एलटीसी जारी करना है।
जिला सचिव ब्रिजराज कहा कि दो वर्षों से बजट का बहाना बनाकर डांगरी, रेनकोट, जूते, साबुन व वर्दी भत्ते की राशि रोक रखी है जिसे तुरंत जारी किया जाए। साथ ही कर्मचारियों को समय-समय पर आवश्यक उपकरण जैसे पेंचकस, प्लास और दस्ताने उपलब्ध करवाने की भी मांग की गई।
विज्ञापन
प्रांतीय प्रधान नरेंद्र धीमान ने कहा कि यदि सरकार ग्रामीण जलघरों को पंचायतों के अधीन करने का फैसला वापस नहीं लेती तो 11 जून को जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री रणबीर गंगवा के हिसार स्थित आवास का घेराव किया जाएगा।
विज्ञापन
जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी कार्यालय के सामने कर्मचारियों ने ग्रामीण जलापूर्ति योजनाओं को ग्राम पंचायतों के अधीन सौंपने के निर्णय का विरोध करते हुए अधीक्षक अभियंता अमित शयोकंद के माध्यम से मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। जिला प्रधान कुलदीप अहलावत ने कहा कि कर्मचारियों की मुख्य मांग पुरानी पेंशन योजना बहाल करने, पुरानी एक्सग्रेसिया पॉलिसी लागू करने, एनपीएस समाप्त करने, मेडिकल कैशलेस नीति को प्रभावी बनाने, खाली पड़े पदों पर पदोन्नति देने तथा लंबित एलटीसी जारी करना है।
विज्ञापन
जिला सचिव ब्रिजराज कहा कि दो वर्षों से बजट का बहाना बनाकर डांगरी, रेनकोट, जूते, साबुन व वर्दी भत्ते की राशि रोक रखी है जिसे तुरंत जारी किया जाए। साथ ही कर्मचारियों को समय-समय पर आवश्यक उपकरण जैसे पेंचकस, प्लास और दस्ताने उपलब्ध करवाने की भी मांग की गई।
विज्ञापन
प्रांतीय प्रधान नरेंद्र धीमान ने कहा कि यदि सरकार ग्रामीण जलघरों को पंचायतों के अधीन करने का फैसला वापस नहीं लेती तो 11 जून को जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री रणबीर गंगवा के हिसार स्थित आवास का घेराव किया जाएगा।