{"_id":"56d9dbba4f1c1bb4048b497e","slug":"jaat-andolan-in-rohtak-goverment-beg-help-sarpanch-collect-36-lakhs-collection-in-rohtak","type":"story","status":"publish","title_hn":"सरकार ने मांगी मदद तो सरपंचों ने जुटाए 36 लाख","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सरकार ने मांगी मदद तो सरपंचों ने जुटाए 36 लाख
ब्यूरो/अमर उजाला,रोहतक
Updated Sat, 05 Mar 2016 01:54 AM IST
विज्ञापन
ओपी धनखड़
- फोटो : file photo
दंगा पीड़ितों की मदद के लिए सरकार ने सरपंचों के आगे हाथ फैलाया तो सरपंचों और ब्लॉक समिति सदस्यों ने पांच मिनट में 36 लाख रुपये इकट्ठा कर दिए। जिला विकास भवन में शुक्रवार को पहुंचे कृषि मंत्री ने सभी से मुख्यमंत्री राहत कोष के लिए मदद मांगी थी। जिसके बाद सरपंचों ने रुपये देने की बात कहते हुए डीडीपीओ के पास लिस्ट में अपना नाम दर्ज करा दिया। मुख्यमंत्री राहत कोष में सरपंचों से रुपये जमा कराने की शुरुआत भले ही रोहतक से हुई हो। लेकिन शनिवार को झज्जर में जाकर कृषि मंत्री इस तरह ही मदद मांगेंगे। इसी तरह प्रदेश भर में अभियान चलाया जाएगा।
कृषि मंत्री ओपी धनखड़ शुक्रवार को जिला विकास भवन में पहुंचे। यहां जिले के सभी सरपंचों व ब्लॉक समिति सदस्यों को बुलाया गया था। हालांकि सभी सरपंच और ब्लॉक समिति सदस्य नहीं पहुंच सके। इस मौके पर कृषि मंत्री ओपी धनखड़ ने कहा कि प्रदेश की खुशहाली कुछ लोगों को बर्दाश्त नहीं हुई। यह उपद्रव किसी बाहरी ने नहीं बल्कि अपनों ने किया है। अब प्रदेश में भाईचारा कायम रखना होगा।
हरियाणा को सरकार संभाल रही है तो गांवों को सभी सरपंचों को संभालना है। सरपंचों को गांव में यह देखना है कि कोई गलत राह पर तो नहीं चल रहा है। उसे पहले खुद समझाएं और वह नहीं समझे तो इसकी सूचना अधिकारियों को दें। धनखड़ ने कहा कि वह सभी से पीड़ितों के लिए कुछ मांगने आए हैं। मुख्यमंत्री राहत कोष में कितनी भागीदारी करेंगे। इस पर वहां बैठे सरपंचों और ब्लॉक समिति सदस्यों ने रुपये बताने शुरू कर दिए और डीडीपीओ नरेेंद्र सारवान उनकी लिस्ट बनाते रहे। इस दौरान मौके पर ही 36 लाख 64 हजार रुपये देने के लिए लिस्ट तैयार हो गई।
विज्ञापन
इन गांवों के सरपंचों और ब्लॉक समिति सदस्यों ने दिया सहयोग
बनियानी, समचाना, लाखनमाजरा, खरक जाटान, बसाना, घिलौड़ कलां, सांघी, जसिया, मकड़ौली खुर्द, समरगोपालपुर, काहनौर, किलोई दोपाना, भालौट, बखेता, हुमायूंपुर, इस्माइला 11 और 9 बी, खरावड़, पिलाना ब्लॉक समिति सदस्य, चुलाना रोज, बलंभ, रुड़की, बैंसी, कुलताना, करौंथा, शिमली, बहुअकबरपुर, भगवतीपुर और भैयापुर।
आज झज्जर, फिर प्रदेश भर में चलेगा अभियान
धनखड़ ने कहा कि वे अभी रोहतक में मदद मांगने आए हैं और शनिवार को झज्जर में सरपंचों और ब्लॉक समिति सदस्यों के बीच मदद मांगने जाएंगे। यह मदद मांगने का सिलसिला प्रदेश के सभी जिलों में चलेगा।
विज्ञापन
कृषि मंत्री ओपी धनखड़ शुक्रवार को जिला विकास भवन में पहुंचे। यहां जिले के सभी सरपंचों व ब्लॉक समिति सदस्यों को बुलाया गया था। हालांकि सभी सरपंच और ब्लॉक समिति सदस्य नहीं पहुंच सके। इस मौके पर कृषि मंत्री ओपी धनखड़ ने कहा कि प्रदेश की खुशहाली कुछ लोगों को बर्दाश्त नहीं हुई। यह उपद्रव किसी बाहरी ने नहीं बल्कि अपनों ने किया है। अब प्रदेश में भाईचारा कायम रखना होगा।
विज्ञापन
हरियाणा को सरकार संभाल रही है तो गांवों को सभी सरपंचों को संभालना है। सरपंचों को गांव में यह देखना है कि कोई गलत राह पर तो नहीं चल रहा है। उसे पहले खुद समझाएं और वह नहीं समझे तो इसकी सूचना अधिकारियों को दें। धनखड़ ने कहा कि वह सभी से पीड़ितों के लिए कुछ मांगने आए हैं। मुख्यमंत्री राहत कोष में कितनी भागीदारी करेंगे। इस पर वहां बैठे सरपंचों और ब्लॉक समिति सदस्यों ने रुपये बताने शुरू कर दिए और डीडीपीओ नरेेंद्र सारवान उनकी लिस्ट बनाते रहे। इस दौरान मौके पर ही 36 लाख 64 हजार रुपये देने के लिए लिस्ट तैयार हो गई।
विज्ञापन
इन गांवों के सरपंचों और ब्लॉक समिति सदस्यों ने दिया सहयोग
बनियानी, समचाना, लाखनमाजरा, खरक जाटान, बसाना, घिलौड़ कलां, सांघी, जसिया, मकड़ौली खुर्द, समरगोपालपुर, काहनौर, किलोई दोपाना, भालौट, बखेता, हुमायूंपुर, इस्माइला 11 और 9 बी, खरावड़, पिलाना ब्लॉक समिति सदस्य, चुलाना रोज, बलंभ, रुड़की, बैंसी, कुलताना, करौंथा, शिमली, बहुअकबरपुर, भगवतीपुर और भैयापुर।
आज झज्जर, फिर प्रदेश भर में चलेगा अभियान
धनखड़ ने कहा कि वे अभी रोहतक में मदद मांगने आए हैं और शनिवार को झज्जर में सरपंचों और ब्लॉक समिति सदस्यों के बीच मदद मांगने जाएंगे। यह मदद मांगने का सिलसिला प्रदेश के सभी जिलों में चलेगा।