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Rohtak News: फीस देने के बावजूद परीक्षा से वंचित रह गए एमडीयू के सैकड़ों विद्यार्थी

Sat, 08 Jun 2024 05:12 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Sat, 08 Jun 2024 05:12 AM IST
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Hundreds of MDU students were deprived of exams despite paying fees
एमडीयू डिस्टेंस बीए द्वितीय सेमेस्टर की शुक्रवार को हुई परीक्षा में सैकड़ों विद्यार्थी नहीं बैठ पाए। इसकी वजह उन्हें एडमिट कार्ड नहीं मिलना रहा। परीक्षा से वंचित विद्यार्थियों ने एमडीयू प्रशासन पर धोखाधड़ी का आरोप लगाया है। विद्यार्थियों का आरोप है कि फाइल एक दफ्तर से दूसरे दफ्तर में घूमती रही, मगर एडमिट कार्ड जारी नहीं हुए।
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एमडीयू छात्र दीपक धनखड़ ने बताया कि वीरवार को छात्र एकत्रित होकर परीक्षा नियंत्रक कार्यालय में गए थे। यहां उन्होंने एडमिट कार्ड जारी न करने की शिकायत की। इस पर उन्हें आश्वासन दिया गया कि जल्द विद्यार्थियों की समस्या का समाधान होगा। इसके बावजूद शुक्रवार शाम तक फाइल एक दफ्तर से दूसरे दफ्तर घूमती रही। किसी भी विद्यार्थी का एडमिट कार्ड जारी नहीं हुआ। विद्यार्थियों ने कहा कि जब आवेदन ही नहीं भर सकते थे तो एमडीयू के पोर्टल ने फीस क्यों काटी। फीस कट गई तो अगले सेमेस्टर की परीक्षाओं के साथ परीक्षा करानी चाहिए थी। दोबारा से अप्रैल में आवेदन निकले तो हमारी फीस पर ऑलरेडी पेड विकल्प दिखाया गया। इसमें विद्यार्थियों की कोई गलती नहीं है। आरोप है कि हर वर्ष विद्यार्थियों के साथ ऐसा ही होता है।
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दीपक धनखड़ ने कहा कि साल 2021-22 व 2022- 23 में भी इसी तरह की समस्या का सामना विद्यार्थियों को करना पड़ा था। इसका समाधान प्रदर्शन करने के बाद परीक्षा से एक दिन पहले हुआ। इस वर्ष फिर वही समस्या का सामना करना पड़ रहा है। विद्यार्थियों से पैसे भी लिए गए और परीक्षा भी नहीं ली। यह गलत है। विद्यार्थियों का भविष्य दांव पर लग गया है। गड़बड़ी सिस्टम की है, जबकि परेशानी छात्रों को हो रही है।
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विद्यार्थियों ने मार्च-अप्रैल में आवेदन करने के बजाय गलत समय में अक्तूबर-नवंबर में ओवदन कर दिया। इस बारे में विवि ने उन्हें ईमेल भी भेजा है। उस पर ध्यान नहीं दिया गया। अब रोल नंबर नहीं मिलने का आरोप लगा रहे हैं। फिर भी विवि ने इनकी शेष परीक्षा की मंजूरी दे दी है। किसी भी विद्यार्थी का भविष्य बर्बाद नहीं होने दिया जाएगा। - प्रो. गुलशन तनेजा, कुलसचिव, एमडीयू।
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