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Rohtak News: 10 फरवरी से गुप्त नवरात्र, 14 को मनाएंगे वसंत पंचमी
Wed, 31 Jan 2024 02:58 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
Updated Wed, 31 Jan 2024 02:58 AM IST
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आशीष शुक्ला
रोहतक। माघ में पड़ने वाले व्रत और पर्व सकारात्मकता बढ़ाते हैं। इस साल माघ में कई शुभ मुहूर्त हैं, जबकि वसंत पंचमी के दिन अबूझ साया है। माघ में एकादशी 6 फरवरी, मौनी अमावस्या 9 फरवरी को पड़ रही है, जबकि गुप्त नवरात्र 10 फरवरी से 18 फरवरी तक रहेंगे। वसंत पंचमी 14 फरवरी को पड़ रही है। माघी पूर्णिमा 24 फरवरी को रहेगी।
हिंदू धर्म के अनुसार सभी महीनों में माघ मास का विशेष महत्व है। यह महीना दान-पुण्य, धर्म-कर्म और त्याग का महीना माना जाता है। माघ में स्नान-दान को बहुत महत्वपूर्ण माना गया है। माघ महीने में सूर्य देव, मां गंगा और भगवान विष्णु की पूजा की जाती है। हिंदू पंचांग के अनुसार यह साल का 11वां महीना होता है। इस माह में श्रद्धालु पवित्र नदी में आस्था की डुबकी लगाते हैं। रोहतक स्थित दुर्गा भवन मंदिर के पुजारी ज्योतिषाचार्य मनोज मिश्र ने बताया कि शास्त्रों के अनुसार इस माह पूजा-अर्चना और स्नान ध्यान करने से पुण्य लाभ मिलता है। माघ महीने में 6 फरवरी को षट्तिला एकादशी है। इस दिन जल में तिल डाल कर स्नान करने की परंपरा होती है। इस दिन काले तिल से बनी हुई सामग्री को दान किया जाता है। माना जाता है इससे कई तरह के पापों का नाश होता है। 17 फरवरी को शुक्ल पक्ष अष्टमी है, जिसे भीमाष्टमी कहते हैं। माना जाता है कि इस दिन भीष्म पितामह ने सूर्य के उत्तरायण होने पर प्राण-त्याग किया था। मान्यता है कि इस दिन स्नान-दान और पूजा-अर्चना करने से सभी तरह के पाप नष्ट हो जाते हैं। इस महीने कृष्ण पक्ष में मौनी अमावस्या भी आती है। इसमें पूरे दिन मौन धारण करने की परंपरा होती है। साथ ही इसी महीने वसंत पंचमी भी पड़ती है। इस दिन विद्या, बुद्धि, ज्ञान की देवी मां सरस्वती की पूजा की जाती है। छात्रों के लिए यह दिन विशेष महत्व का होता है। ब्यूराे
तिल, गुड़ और हल्दी का करें दान
माघ मास में दान का बहुत महत्व है। पुराणों में कई दान का उल्लेख मिलता है, जिसमें अन्नदान, विद्यादान, अभयदान और धनदान को ही श्रेष्ठ माना गया है, यही पुण्य भी है। दान से इंद्रिय भोगों के प्रति आशक्ति छूटती है। मन की ग्रंथियां खुलती हैं, जिससे मृत्युकाल में लाभ मिलता है। माघ मास में खिचड़ी, घृत, नमक, हल्दी, गुड़, तिल का दान करने से महाफल प्राप्त होता है।
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अबूझ साये में विवाह का शुभ मुहूर्त
माघ मास में शादी के लिए भी शुभ मुहूर्त बन रहे हैं। वसंत पंचमी के दिन अबूझ साए का भी मुहूर्त है। इस दिन शादी-विवाह से लेकर सभी शुभ कार्य होते हैं। 1 फरवरी, 6, 14, 17, 18, 19, 28 फरवरी को शादी के लिए शुभ मुहूर्त है।
मुख्य जयंती दिवस
फरवरी 6 - कवि प्रदीप जयंती
11 - पंडित दीनदयाल उपाध्याय पुण्यतिथि
13 - सरोजनी नायडू जयंती
14 - कवि निराला जयंती, खटवांग जयंती, मां बागेश्वरी देवी प्रकटोत्सव
16 - संत महादेव जयंती, महर्षि नवल जयंती
19 - गोपाल कृष्ण गोखले दिवस, छत्रपति शिवाजी जयंती, संत भाकरे महाराज जयंती, भक्त पुंडलीक उत्सव
22 - गुरु हरराय जयंती, नित्यानंद प्रभु जयंती
23 - संत गाडगे महाराज जयंती, स्वामी रामचरण प्रभु जयंती
24 - संत रविदास जयंती, शबरी जयंती, सोनकुंड मेला
27 - चंद्रशेखर आजाद शहीद दिवस
फरवरी के व्रत और त्योहार
6 फरवरी - षट्तिला एकादश व्रत
7 फरवरी - प्रदोष व्रत, तिल द्वादशी
8 फरवरी - शिव चतुर्दशी व्रत
9 फरवरी - मौनी अमावस्या
10 फरवरी - गुप्त नवरात्र प्रारंभ
13 फरवरी - विनायकी गणेश
चतुर्थी व्रत
14 फरवरी - वसंत पंचमी, श्री पंचमी, तक्षक पूजा
16 फरवरी - रथ सप्तमी, अचला सप्तमी
17 फरवरी - भीमाष्टमी, भीष्म तर्पण
18 फरवरी - महानंदा नवमी
20 फरवरी - एकादशी व्रत, भीष्म एकादशी
21 फरवरी - प्रदोष व्रत, भीष्म द्वादशी, तिल द्वादशी
24 फरवरी - माघी पूर्णिमा
28 फरवरी - संकष्टी गणेश चतुर्थी
जैन पर्व
दिगंबर - 9 - भगवान ऋषभनाथ निर्वाणोत्सव, लब्धिविधान व्रत प्रारंभ
13 - लब्धिविधान व्रत पूर्ण
14 - दशलक्षण व्रत प्रारंभ, पुष्पांजलि व्रत प्रारंभ
18 - रोहिणी व्रत, पुष्पांजलि व्रत पूर्ण
22 - रत्नत्रय व्रत प्रारंभ
23 - दशलक्षण व्रत पूर्ण
24 - रत्नत्रय व्रत पूर्ण
25 - षोडषकारण व्रत पूर्ण
श्वेतांबर - 8 - मेरू तेरस, भगवान आदिनाथ मोक्ष कल्याणक
9 - पाक्षिक प्रतिक्रमण
13 - भगवान विमलनाथ जी जन्मोत्सव
23 - पाक्षिक प्रतिक्रमण
मुस्लिम त्योहार
8 - शब-ए-मिराज
25 - शब-
ए-बरात
ईसाई त्योहार
14 - आस वेडनेस डे
ऋषि-मुनियों ने रखा नाम
पूर्णिमा पर मघा नक्षत्र होने के कारण ऋषि-मुनियों ने इसका नाम माघ रखा है। इस महीने में कई बड़े व्रत और पर्व आते हैं, जिनमें तीर्थ स्नान, दान और पूजा-पाठ करने से जाने-अनजाने में हुए पाप खत्म होते हैं और पुण्य फल की प्राप्ति होती है। पद्मपुराण में कहा गया है कि माघ मास में जप और दान का विशेष महत्व है।
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रोहतक। माघ में पड़ने वाले व्रत और पर्व सकारात्मकता बढ़ाते हैं। इस साल माघ में कई शुभ मुहूर्त हैं, जबकि वसंत पंचमी के दिन अबूझ साया है। माघ में एकादशी 6 फरवरी, मौनी अमावस्या 9 फरवरी को पड़ रही है, जबकि गुप्त नवरात्र 10 फरवरी से 18 फरवरी तक रहेंगे। वसंत पंचमी 14 फरवरी को पड़ रही है। माघी पूर्णिमा 24 फरवरी को रहेगी।
हिंदू धर्म के अनुसार सभी महीनों में माघ मास का विशेष महत्व है। यह महीना दान-पुण्य, धर्म-कर्म और त्याग का महीना माना जाता है। माघ में स्नान-दान को बहुत महत्वपूर्ण माना गया है। माघ महीने में सूर्य देव, मां गंगा और भगवान विष्णु की पूजा की जाती है। हिंदू पंचांग के अनुसार यह साल का 11वां महीना होता है। इस माह में श्रद्धालु पवित्र नदी में आस्था की डुबकी लगाते हैं। रोहतक स्थित दुर्गा भवन मंदिर के पुजारी ज्योतिषाचार्य मनोज मिश्र ने बताया कि शास्त्रों के अनुसार इस माह पूजा-अर्चना और स्नान ध्यान करने से पुण्य लाभ मिलता है। माघ महीने में 6 फरवरी को षट्तिला एकादशी है। इस दिन जल में तिल डाल कर स्नान करने की परंपरा होती है। इस दिन काले तिल से बनी हुई सामग्री को दान किया जाता है। माना जाता है इससे कई तरह के पापों का नाश होता है। 17 फरवरी को शुक्ल पक्ष अष्टमी है, जिसे भीमाष्टमी कहते हैं। माना जाता है कि इस दिन भीष्म पितामह ने सूर्य के उत्तरायण होने पर प्राण-त्याग किया था। मान्यता है कि इस दिन स्नान-दान और पूजा-अर्चना करने से सभी तरह के पाप नष्ट हो जाते हैं। इस महीने कृष्ण पक्ष में मौनी अमावस्या भी आती है। इसमें पूरे दिन मौन धारण करने की परंपरा होती है। साथ ही इसी महीने वसंत पंचमी भी पड़ती है। इस दिन विद्या, बुद्धि, ज्ञान की देवी मां सरस्वती की पूजा की जाती है। छात्रों के लिए यह दिन विशेष महत्व का होता है। ब्यूराे
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तिल, गुड़ और हल्दी का करें दान
माघ मास में दान का बहुत महत्व है। पुराणों में कई दान का उल्लेख मिलता है, जिसमें अन्नदान, विद्यादान, अभयदान और धनदान को ही श्रेष्ठ माना गया है, यही पुण्य भी है। दान से इंद्रिय भोगों के प्रति आशक्ति छूटती है। मन की ग्रंथियां खुलती हैं, जिससे मृत्युकाल में लाभ मिलता है। माघ मास में खिचड़ी, घृत, नमक, हल्दी, गुड़, तिल का दान करने से महाफल प्राप्त होता है।
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अबूझ साये में विवाह का शुभ मुहूर्त
माघ मास में शादी के लिए भी शुभ मुहूर्त बन रहे हैं। वसंत पंचमी के दिन अबूझ साए का भी मुहूर्त है। इस दिन शादी-विवाह से लेकर सभी शुभ कार्य होते हैं। 1 फरवरी, 6, 14, 17, 18, 19, 28 फरवरी को शादी के लिए शुभ मुहूर्त है।
मुख्य जयंती दिवस
फरवरी 6 - कवि प्रदीप जयंती
11 - पंडित दीनदयाल उपाध्याय पुण्यतिथि
13 - सरोजनी नायडू जयंती
14 - कवि निराला जयंती, खटवांग जयंती, मां बागेश्वरी देवी प्रकटोत्सव
16 - संत महादेव जयंती, महर्षि नवल जयंती
19 - गोपाल कृष्ण गोखले दिवस, छत्रपति शिवाजी जयंती, संत भाकरे महाराज जयंती, भक्त पुंडलीक उत्सव
22 - गुरु हरराय जयंती, नित्यानंद प्रभु जयंती
23 - संत गाडगे महाराज जयंती, स्वामी रामचरण प्रभु जयंती
24 - संत रविदास जयंती, शबरी जयंती, सोनकुंड मेला
27 - चंद्रशेखर आजाद शहीद दिवस
फरवरी के व्रत और त्योहार
6 फरवरी - षट्तिला एकादश व्रत
7 फरवरी - प्रदोष व्रत, तिल द्वादशी
8 फरवरी - शिव चतुर्दशी व्रत
9 फरवरी - मौनी अमावस्या
10 फरवरी - गुप्त नवरात्र प्रारंभ
13 फरवरी - विनायकी गणेश
चतुर्थी व्रत
14 फरवरी - वसंत पंचमी, श्री पंचमी, तक्षक पूजा
16 फरवरी - रथ सप्तमी, अचला सप्तमी
17 फरवरी - भीमाष्टमी, भीष्म तर्पण
18 फरवरी - महानंदा नवमी
20 फरवरी - एकादशी व्रत, भीष्म एकादशी
21 फरवरी - प्रदोष व्रत, भीष्म द्वादशी, तिल द्वादशी
24 फरवरी - माघी पूर्णिमा
28 फरवरी - संकष्टी गणेश चतुर्थी
जैन पर्व
दिगंबर - 9 - भगवान ऋषभनाथ निर्वाणोत्सव, लब्धिविधान व्रत प्रारंभ
13 - लब्धिविधान व्रत पूर्ण
14 - दशलक्षण व्रत प्रारंभ, पुष्पांजलि व्रत प्रारंभ
18 - रोहिणी व्रत, पुष्पांजलि व्रत पूर्ण
22 - रत्नत्रय व्रत प्रारंभ
23 - दशलक्षण व्रत पूर्ण
24 - रत्नत्रय व्रत पूर्ण
25 - षोडषकारण व्रत पूर्ण
श्वेतांबर - 8 - मेरू तेरस, भगवान आदिनाथ मोक्ष कल्याणक
9 - पाक्षिक प्रतिक्रमण
13 - भगवान विमलनाथ जी जन्मोत्सव
23 - पाक्षिक प्रतिक्रमण
मुस्लिम त्योहार
8 - शब-ए-मिराज
25 - शब-
ए-बरात
ईसाई त्योहार
14 - आस वेडनेस डे
ऋषि-मुनियों ने रखा नाम
पूर्णिमा पर मघा नक्षत्र होने के कारण ऋषि-मुनियों ने इसका नाम माघ रखा है। इस महीने में कई बड़े व्रत और पर्व आते हैं, जिनमें तीर्थ स्नान, दान और पूजा-पाठ करने से जाने-अनजाने में हुए पाप खत्म होते हैं और पुण्य फल की प्राप्ति होती है। पद्मपुराण में कहा गया है कि माघ मास में जप और दान का विशेष महत्व है।