{"_id":"617855e3b984dc006e5f2d80","slug":"firecrackers-will-not-run-on-diwali-for-the-first-time-rohtak-news-rtk6281991108","type":"story","status":"publish","title_hn":"पहली बार दिवाली पर नहीं चलेंगे पटाखे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पहली बार दिवाली पर नहीं चलेंगे पटाखे
विज्ञापन
दो साल बाद धूमधाम से दिवाली मनाने की तैयारी कर रहे लोगों को इस बार पटाखों के बगैर ही खुशियां मनानी पड़ेंगी। हवा में प्रदूषण का स्तर ज्यादा होने के कारण जिला प्रशासन पटाखों की बिक्री पर प्रतिबंध लगाने की तैयारी में है। एसडीएम राकेश सैनी ने इस संबंध में अपनी रिपोर्ट मंगलवार को उपायुक्त कैप्टन मनोज कुमार को सौंप दी है। उपायुक्त बुधवार को इस संबंध में फैसला लेकर आदेश जारी करेंगे। रोहतक में यह पहला मौका है जब पटाखों पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाएगा। पिछले साल रात के समय दो घंटे के लिए पटाखे चलाने की इजाजत दी गई थी।
एसडीएम ने कहा कि हवा में प्रदूषण का स्तर संतोषजनक से काफी ज्यादा है। इसलिए पटाखों और आतिशबाजी की इजाजत नहीं दी जा सकती। ग्रीन पटाखों की भी अनुमति नहीं दी जा सकती। उन्होंने मंगलवार को अपनी रिपोर्ट उपायुक्त को सौंप दी है, अंतिम फैसला वही लेंगे। गौरतलब है कि नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल ने पहले ही दिवाली पर पटाखों को लेकर दिशा-निर्देश जारी किए थे। सुप्रीम कोर्ट ने भी अपने आदेश में कहा है कि नेशनल कैपिटल रीजन (एनसीआर) में जहां भी वायु प्रदूषण का स्तर ज्यादा है, वहां पटाखों और आतिशबाजी पर प्रतिबंध लगाया जाए। जिला प्रशासन ने वायु प्रदूषण को लेकर हरियाणा प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड से रिपोर्ट मांगी थी। बोर्ड द्वारा दी गई रिपोर्ट के अनुसार रोहतक में वायु प्रदूषण का स्तर पर सामान्य से काफी ज्यादा है। प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड की रिपोर्ट के आधार पर एसडीएम ने दिवाली पर ग्रीन पटाखे भी न चलाने की सिफारिश की है। बुधवार को इस संबंध में आदेश जारी होने की संभावना है।
115 पहुंचा रोहतक का एक्यूआई
रोहतक का अधिकतम एयर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआई) मंगलवार को 115 रहा। 0-19 एक्यूआई को एक्सीलेंट और 20-49 एक्यूआई को फेयर माना जाता है। 50-99 एक्यूआई पुअर होता है और अगर यह 250 पार कर जाए तो खतरनाक हो जाता है। इस साल जिले में अब तक पराली जलाने का एक भी मामला नहीं आया है। लेकिन उद्योगों और वाहनों के प्रदूषण के कारण एक्यूआई सामान्य से ज्यादा चल रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
एसडीएम ने कहा कि हवा में प्रदूषण का स्तर संतोषजनक से काफी ज्यादा है। इसलिए पटाखों और आतिशबाजी की इजाजत नहीं दी जा सकती। ग्रीन पटाखों की भी अनुमति नहीं दी जा सकती। उन्होंने मंगलवार को अपनी रिपोर्ट उपायुक्त को सौंप दी है, अंतिम फैसला वही लेंगे। गौरतलब है कि नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल ने पहले ही दिवाली पर पटाखों को लेकर दिशा-निर्देश जारी किए थे। सुप्रीम कोर्ट ने भी अपने आदेश में कहा है कि नेशनल कैपिटल रीजन (एनसीआर) में जहां भी वायु प्रदूषण का स्तर ज्यादा है, वहां पटाखों और आतिशबाजी पर प्रतिबंध लगाया जाए। जिला प्रशासन ने वायु प्रदूषण को लेकर हरियाणा प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड से रिपोर्ट मांगी थी। बोर्ड द्वारा दी गई रिपोर्ट के अनुसार रोहतक में वायु प्रदूषण का स्तर पर सामान्य से काफी ज्यादा है। प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड की रिपोर्ट के आधार पर एसडीएम ने दिवाली पर ग्रीन पटाखे भी न चलाने की सिफारिश की है। बुधवार को इस संबंध में आदेश जारी होने की संभावना है।
विज्ञापन
115 पहुंचा रोहतक का एक्यूआई
रोहतक का अधिकतम एयर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआई) मंगलवार को 115 रहा। 0-19 एक्यूआई को एक्सीलेंट और 20-49 एक्यूआई को फेयर माना जाता है। 50-99 एक्यूआई पुअर होता है और अगर यह 250 पार कर जाए तो खतरनाक हो जाता है। इस साल जिले में अब तक पराली जलाने का एक भी मामला नहीं आया है। लेकिन उद्योगों और वाहनों के प्रदूषण के कारण एक्यूआई सामान्य से ज्यादा चल रहा है।
विज्ञापन